नैनीताल में सनसनीखेज मामला: पहचान छिपाकर युवतियों से दोस्ती! शोषण और धर्म परिवर्तन का दबाव, लोगों में जबरदस्त आक्रोश, Fir दर्ज

Sensational case in Nainital: Friendship with young women under false pretenses! Exploitation and pressure to convert, sparks outrage, FIR registered

नैनीताल। नैनीताल में सामने आए एक गंभीर प्रकरण ने एक बार फिर युवतियों की सुरक्षा व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं। मल्लीताल थाने में दर्ज एक शिकायत के मुताबिक, एक युवती ने आरोप लगाया है कि भीमताल निवासी एक व्यक्ति ने अपनी असली पहचान छिपाकर उससे नजदीकियां बढ़ाईं, भरोसा जीता और बाद में उसका आर्थिक व मानसिक शोषण किया। इतना ही नहीं, पीड़िता का कहना है कि उस पर धर्म परिवर्तन के लिए भी दबाव बनाया गया। शिकायत में बताया गया है कि आरोपी विभिन्न गतिविधियों जैसे फोटोग्राफी, वीडियो शूट, हाइकिंग ग्रुप, म्यूजिक सेशन और बर्ड वॉचिंग के जरिए युवतियों के संपर्क में आता था। इन माध्यमों से वह पहले दोस्ती करता, विश्वास कायम करता और फिर निजी संबंध बनाकर उन्हें अपने प्रभाव में ले लेता था। पीड़िता का आरोप है कि इस दौरान उससे करीब 17 लाख रुपये तक खर्च कराए गए और विरोध करने पर उसके साथ मारपीट भी की गई।
मामले की गंभीरता इस बात से और बढ़ जाती है कि आरोपी कथित तौर पर अलग-अलग नामों का इस्तेमाल कर अपनी पहचान छिपाता था। जब पीड़िता को सच्चाई का पता चला और उसने विरोध किया, तो उस पर खान-पान और पहनावे में बदलाव के साथ धार्मिक परंपराएं अपनाने का दबाव बनाया गया। यह घटनाक्रम न केवल एक आपराधिक साजिश की ओर इशारा करता है, बल्कि समाज में बढ़ते ऐसे जोखिमों को भी उजागर करता है, जहां सोशल मीडिया और शौकिया गतिविधियों के जरिए लोगों से संपर्क स्थापित कर उनका दुरुपयोग किया जा रहा है।
पीड़िता ने यह भी दावा किया है कि एक वायरल ऑडियो के जरिए उसे अन्य संभावित पीड़िताओं के बारे में जानकारी मिली, लेकिन सामाजिक बदनामी के डर से वे सामने आने से हिचक रही हैं। यह स्थिति न सिर्फ कानून व्यवस्था, बल्कि सामाजिक सोच और सुरक्षा तंत्र पर भी सवाल खड़े करती है। मल्लीताल पुलिस ने तहरीर के आधार पर भीमताल निवासी मो. यूनुस के खिलाफ बीएनएस की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। एसएसपी डॉ. मंजूनाथ टीसी ने कहा है कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। वहीं सूत्रों के मुताबिक आरोपी की गिरफ्तारी की चर्चा है, हालांकि पुलिस की ओर से फिलहाल इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। पूरा मामला क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है और लोगों में आक्रोश के साथ-साथ युवतियों की सुरक्षा को लेकर चिंता लगातार बढ़ती जा रही है।