उत्तराखंड:UKSSSC की गलती का खामियाजा भुगत रहे है पुलिस रैंकर्स अभ्यर्थी?जिस रोक को हाईकोर्ट ने हटाया,उसे धामी सरकार ने दे दिया निरस्त करने का आदेश! पुलिस रैंकर्स परीक्षा के परिणाम निरस्त करने पर अभ्यार्थियों का सरकार पर फूटा गुस्सा
UKSSSC की भर्ती परीक्षाओं में हुए घोटाले के बाद धामी कैबिनेट ने उन परीक्षाओं के परिणाम रद्द कर दिए जिनमे नकल हुई नही, ये कहना है उत्तराखंड पुलिस रैंकर्स परीक्षा के परिणामो का इंतज़ार कर रहे अभ्यार्थियों का। इन अभ्यार्थियों का सरकार के प्रति गुस्सा फूटने लगा है। कैबिनेट बैठक में लिए गए पुलिस रैंकर्स परीक्षा सहित 5 परीक्षाओं के परिणाम निरस्त करने बाद अभ्यार्थियों ने सीएम आवास पर कुच किया और कहा कि हमारे साथ इतना बड़ा अन्याय क्यो किया जा रहा है। अभ्यार्थियों का कहना है कि अगर नकल की है तो उनका नाम आउट करेँ सरकार उसे जेल भेजे लेकिन नकलचियों की वजह से हमारे साथ अन्याय क्यो किया जा रहा है। कम से कम 150 लोगो का सब कुछ दांव पर लग गया जबकि जिन परीक्षाओं में नकल हुई उन्हें रद्द नही किया गया। उन्होंने ये भी कहा कि जिन परीक्षाओं को रद्द कर दिया है उन पर ऐसे आरोप लगे ही नही थे जिन परीक्षाओं में नकल का आरोप लगा था सरकार ने उन्हें रद्द नही किया ये हमारे साथ बहुत बड़ा खिलवाड़ है।
इसी परीक्षा के समान ही 746 पदों पर आयोजित कनिष्ठ सहायक की भर्ती परीक्षा का भी लिखित परीक्षा परिणाम जारी हो चुका है. टंकण परीक्षा के बाद अंतिम परिणाम जारी नहीं हुआ है. उसे इस निरस्त की प्रक्रिया में शामिल नहीं किया गया है.उत्तराखंड में 5 परीक्षाएं निरस्त की गयी हैं. उनमें 4 परीक्षाएं ऐसी हैं जिनमे केवल लिखित परीक्षा आयोजित की गयी है. जबकि उपनिरीक्षक/हेड कांस्टेबल परीक्षा का लिखित परिणाम अप्रैल 2021 में जारी हो चुका है. जिसमें से हेड कांस्टेबल का प्रशिक्षण भी पूर्ण हो चुका है. उपनिरीक्षक की लिखित परीक्षा परिणाम के बाद शारीरिक परीक्षा एवं चरित्र पंजिका के मुल्यांकन की कार्यवाही भी पूर्ण हो चुकी है. जिसमें अब केवल प्रवीणता जारी होनी थी.मगर इस मामलें में भी हाईकोर्ट ने रिजल्ट पर रोक लगा दी थी। सुनवाई खत्म होने के बाद बीती 11 जुलाई को हाईकोर्ट ने रैंकर्स परीक्षा से रोक हटा दी थी,हाईकोर्ट ने इसके परिणाम का निर्णय आयोग पर छोड़ा था। परिणाम आने ही वाले थे कि शासन ने एक दिन पहले ही पुलिस रैंकर्स परीक्षा परिणाम निरस्त कर दिए।
रैंकर्स भर्ती परीक्षा में करीब 10,500 पुलिसकर्मियों ने हिस्सा लिया था। परिणाम इसी साल मार्च में जारी हुए। 1350 उम्मीदवारों ने हेड कांस्टेबल और 650 ने दरोग के लिए मेरिट में जगह पाई थी। इन सभी की शारीरिक दक्षता परीक्षा अप्रैल 2021 में हुई थी। परीक्षा हेड कांस्टेबल के 394, दरोगा सिविल पुलिस के 61, पीएसी सब इंस्पेक्टर के 77, पीएसी हेड कांस्टेबल के 250 और सशस्त्र पुलिस बल में हेड कांस्टेबल के 215 पदों के लिए हुई थी। अभ्यार्थियों ने कहा कि जिन परीक्षाओं के लिए सिर्फ आवेदन आमंत्रित हुए है उन्हें दोबारा UKSSSC कैसे करवाएगा?अभ्यर्थी दूर दूर से परीक्षा देने आए कौन किस हालात में आया ये जाने बिना अब जिनकी परीक्षाएं हो चुकी है और लिखित परिणाम नही आया उन्हें भी अब दोबारा क्यो करवाया जाएगा?
धामी कैबिनेट के फैसले से पुलिस रैंकर्स परीक्षा के अभ्यर्थियों में जबरदस्त रोष व्याप्त हो गया और उन्होंने कहा अगर हमारे साथ न्याय नही हुआ तो हम आंदोलन पर उतर जाएंगे।