Oct 09, 2026 Login
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बाजपुर में ओलावृष्टि से किसानों की फसलों पर कहर, सीएम धामी ने किया हवाई सर्वे, नुकसान का आकलन जल्द करने के निर्देश

Hailstorm wreaks havoc on farmers' crops in Bazpur; CM Dhami conducts aerial survey and directs immediate assessment of the damage.

रुद्रपुर। शुक्रवार दोपहर उधम सिंह नगर जिले के बाजपुर क्षेत्र में कुदरत ने ऐसा कहर ढाया कि चंद मिनटों की भीषण ओलावृष्टि ने किसानों की महीनों की खून-पसीने की मेहनत पर पानी फेर दिया। अचानक बदले मौसम और भारी ओलावृष्टि के कारण खेतों में खड़ी फसलें पूरी तरह जमींदोज हो गईं। अपनी आंखों के सामने लहलहाती फसलों को तबाह होते देख किसान गहरे संकट और चिंता में डूब गए।

ऊधम सिंह नगर जिले के बाजपुर क्षेत्र में शुक्रवार दोपहर हुई भीषण ओलावृष्टि ने किसानों की चिंता बढ़ा दी। अचानक बदले मौसम और आसमान से गिरे ओलों ने खेतों में खड़ी फसलों को नुकसान पहुंचाया, जिससे किसानों के सामने आर्थिक संकट की आशंका खड़ी हो गई है। ओलावृष्टि की सूचना मिलते ही मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रभावित किसानों की सुध लेने के लिए तत्काल कदम उठाया। हल्द्वानी से देहरादून लौटते समय मुख्यमंत्री ने अपने हेलीकॉप्टर का रुख बाजपुर की ओर करवाया और प्रभावित क्षेत्रों का हवाई सर्वेक्षण कर स्थिति का जायजा लिया। इसके बाद उन्होंने जमीन पर उतरकर खेतों का निरीक्षण किया और किसानों से सीधे बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनीं। मुख्यमंत्री के अचानक बाजपुर पहुंचने से प्रशासनिक अमले में भी सक्रियता बढ़ी। हवाई सर्वेक्षण के दौरान उन्होंने प्रभावित इलाकों और खेतों की स्थिति देखी। इसके बाद स्थलीय निरीक्षण कर ओलावृष्टि से फसलों को हुए नुकसान की जानकारी ली। किसानों ने मुख्यमंत्री को बताया कि अचानक हुई ओलावृष्टि से उनकी मेहनत पर संकट खड़ा हो गया है। फसलों को हुए नुकसान के कारण उन्हें आर्थिक परेशानी का सामना करना पड़ सकता है। प्रभावित खेतों का निरीक्षण करने के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने किसानों से सीधे संवाद किया। उन्होंने फसलों की स्थिति, ओलावृष्टि से हुए नुकसान और किसानों की परेशानियों के बारे में जानकारी ली। किसानों ने भी अपनी समस्याएं और नुकसान से जुड़ी परिस्थितियां मुख्यमंत्री के सामने रखीं। मुख्यमंत्री ने किसानों को भरोसा दिलाया कि राज्य सरकार इस कठिन समय में उनके साथ खड़ी है। प्रभावित किसानों को नियमानुसार हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक आपदा के कारण किसानों को होने वाली परेशानी को सरकार गंभीरता से ले रही है। किसानों की मेहनत और उनकी आजीविका की सुरक्षा सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। मुख्यमंत्री ने मौके पर मौजूद अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि ओलावृष्टि से प्रभावित क्षेत्रों में फसलों के नुकसान का विस्तृत सर्वेक्षण प्राथमिकता के आधार पर किया जाए। उन्होंने नुकसान का आकलन करने की प्रक्रिया में अनावश्यक देरी नहीं करने को कहा। अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि प्रभावित खेतों की वास्तविक स्थिति का जायजा लेकर नुकसान का सही और पारदर्शी आकलन सुनिश्चित किया जाए। मुख्यमंत्री ने जोर दिया कि सर्वेक्षण के आधार पर पात्र किसानों को नियमानुसार राहत उपलब्ध कराने के लिए समयबद्ध कार्रवाई की जाए। उन्होंने अधिकारियों से प्रभावित क्षेत्रों की स्थिति को गंभीरता से लेते हुए आवश्यक प्रक्रियाएं जल्द पूरी करने को कहा, ताकि राहत संबंधी कदम उठाने में देरी न हो। बाजपुर में हुई ओलावृष्टि ने एक बार फिर मौसम की मार से खेती-किसानी पर पड़ने वाले असर को सामने ला दिया है। खेतों में तैयार होती फसलों को नुकसान पहुंचने से किसानों की आय और उनकी मेहनत पर संकट पैदा हो सकता है। ऐसे में नुकसान का वास्तविक आकलन और नियमानुसार राहत की प्रक्रिया प्रभावित किसानों के लिए महत्वपूर्ण होगी। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि राहत संबंधी कार्रवाई संवेदनशीलता और तत्परता के साथ की जाए तथा किसानों की समस्याओं के समाधान में किसी भी स्तर पर लापरवाही न बरती जाए। अब प्रशासन के सामने प्रभावित खेतों का सर्वेक्षण पूरा कर नुकसान की वास्तविक स्थिति सामने लाने की जिम्मेदारी है। बाजपुर में मुख्यमंत्री के हवाई सर्वेक्षण और स्थलीय निरीक्षण के बाद प्रभावित किसानों की निगाहें अब नुकसान के आकलन और राहत संबंधी कार्रवाई पर टिकी हैं। सरकार की ओर से सहायता का भरोसा दिया गया है, जबकि वास्तविक राहत का दायरा सर्वेक्षण और लागू नियमों के आधार पर तय होगा।