Good Morning India: अमेरिकी-इजरायली हमले में मारे गए ईरान के सुप्रीम लीडर आयतुल्लाह अली खामेनेई, 40 दिनों के सार्वजनिक शोक और 7 दिन के अवकाश की घोषणा! बेटी-दामाद समेत परिवार के कई लोगों की मौत, जानें खामेनेई अमेरिका के लिए क्यों थे विलेन? टी20 विश्व कप में पाकिस्तान का सफर हुआ खत्म

Good Morning India: Iran's Supreme Leader Ayatollah Ali Khamenei was killed in a US-Israeli attack, announcing 40 days of public mourning and a seven-day holiday. Several family members, including hi

नमस्कार दोस्तों, आवाज 24X7 अपना खास कॉलम "गुड मॉर्निंग इंडिया" लेकर एक फिर आपके समक्ष प्रस्तुत है। आज के प्रमुख कार्यक्रमों पर नजर डालते हैं, बंगाल में आज से BJP की परिवर्तन यात्रा होगी शुरू। 

अब बड़ी खबरों की तरफ रुख करते हैं, ईरान के सुप्रीम लीडर खामेनेई की मौत हो गई है। डोनाल्ड ट्रंप ने पहले ही खामेनेई की मौत का दावा किया था लेकिन अब ईरानी मीडिया ने भी खामेनेई की मौत की पुष्टि कर दी है। ईरान की मीडिया ने कहा, "देश के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई का निधन हो गया है।" ईरानी सरकारी टेलीविजन और सरकारी समाचार एजेंसी आईआरएनए ने 86 वर्षीय खामेनेई के निधन की खबर दी, लेकिन मौत के कारण के बारे में कोई विस्तृत जानकारी नहीं दी। इससे पहले अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कुछ घंटे पहले ही कहा था कि खामेनेई ईरान को निशाना बनाकर चलाए गए अमेरिकी-इजरायली संयुक्त अभियान में मारे गए। खामेनेई की मौत की पुष्टि के बाद ईरानी मीडिया ने लिखा, "मरने से पहले, अपने बच्चों और आने वाली पीढ़ियों को जरूर बताना कि हमने वह दौर देखा जब 86 साल के एक मुजाहिद ने इस्लाम की जंग अकेले लड़ी, जबकि पूरी दुनिया और इस्लामी मुल्क़ ख़ामोशी और बेपरवाही की नींद में डूबे हुए थे। इस उम्र में भी वह अटल रहा, न थका, न झुका, बल्कि सच की आवाज़ बुलंद करता रहा। यह इतिहास का एक ऐसा अध्याय है जिसे आने वाली पीढ़ियां हैरत और गर्व के साथ पढ़ेंगी। अल्लाह इस महान शख्स की हिफाजत फरमाए, उसे सेहत और सब्र अता फरमाए, और हक को फतह नसीब करे।" वहीं खामेनेई की मौत के बाद ईरान ने 40 दिनों के शोक की घोषणा की है।

उधर ईरान के सुप्रीम लीडर आयतुल्लाह अली खामेनेई के साथ उनकी बेटी और दामाद समेत परिवार के कई लोगों की मौत हो गई है। ईरान के सरकारी मीडिया के हवाले से बताया गया कि इजराइल-अमेरिकी हमलों में अली खामेनेई की बेटी, पोती, बहू और दामाद मारे गए। एक्स पर आयतुल्लाह अली खामेनेई की आखिरी पोस्ट है, ईमान वालों में ऐसे लोग भी हैं जिन्होंने अल्लाह से जो वादा किया था, उसे सच कर दिखाया। फिर उनमें से कोई तो अपनी मन्नत पूरी कर चुका (शहीद हो गया) और उनमें से कोई इंतजार कर रहा है और उन्होंने (अपने इरादे में) जरा भी तब्दीली नहीं की। 

इधर अमेरिका-इस्राइल हमलों में अली खामेनेई की मौत हो गई। 86 वर्षीय अयातुल्ला अली खामेनेई एक धर्मगुरु थे, जो 1989 से ईरान के सुप्रीम लीडर (सर्वोच्च नेता) के पद पर काबिज थे। उन्होंने ईरान के इस्लामी गणराज्य के संस्थापक अयातुल्ला रुहोल्लाह खुमैनी के निधन के बाद यह पद संभाला था। खुमैनी ने ही 1979 की इस्लामी क्रांति का नेतृत्व किया था, जिसमें अमेरिका समर्थित शाह को सत्ता से बेदखल कर दिया गया था। मौजूदा वक्त तक खामेनेई देश के आध्यात्मिक नेता होने के साथ-साथ सरकार, सेना और न्यायपालिका की अंतिम और सर्वोच्च शक्ति अपने पास रखते थे। अपने शासनकाल के दौरान खामेनेई ने हमेशा पश्चिमी देशों के साथ एक शत्रुतापूर्ण संबंध बनाए रखा और वे अमेरिका को ईरान का नंबर एक दुश्मन मानते थे, जिसके ठीक पीछे वे इस्राइल को रखते थे। उनकी असीमित ताकत का मुख्य आधार ईरान की शक्तिशाली 'इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स' (IRGC) और 'बसीज' अर्धसैनिक बल थे, जिनकी वफादारी सीधे तौर पर खामेनेई के प्रति थी। इस दुश्मनी की सबसे बड़ी वजह ईरान का परमाणु कार्यक्रम है। यद्यपि खामेनेई का दावा था कि उनका परमाणु कार्यक्रम केवल नागरिक उद्देश्यों के लिए है और वे कभी परमाणु हथियार नहीं बनाएंगे, लेकिन अमेरिका और इस्राइल लगातार यह आरोप लगाते हैं कि ईरान छिपकर परमाणु बम विकसित कर रहा है। 

उधर अमेरिका और इजरायल द्वारा शनिवार को ईरान पर किए गए हमले और उसके जवाब में ईरानी कार्रवाई के चलते शनिवार को अंतरराष्ट्रीय विमान सेवाएं बुरी तरह चरमरा गईं।
ईरान के मिसाइली हमलों के बाद दुनिया के सबसे व्यस्त हवाई अड्डे दुबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट एवं अल मकतूम इंटरनेशनल को बंद कर दिया। दुनियाभर के अधिकांश देशों की एयरलाइनों ने पश्चिमी एशिया में अपनी उड़ानें रद कर दीं। उड़ान मानचित्रों में दिखाया गया कि ईरान, इराक, कुवैत, इजरायल और बहरीन के ऊपर का एयरस्पेस हमलों के बाद लगभग खाली हो गया। इस बीच इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित वीडियों में दुबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हजारों यात्री फंसे हुए दिख रहे हैं और अव्यवस्था का आलम नजर आया। दुबई एयरपोर्ट्स अथॉरिटी ने कहा कि नागरिकों की सुरक्षा सर्वोपरि है और एहतियातन यह कदम उठाया गया है।

इधर पाकिस्तान का टी20 विश्व कप 2026 में सफर खत्म हो गया है। श्रीलंका के खिलाफ पांच रन से मुकाबला जीतने के बावजूद पाकिस्तान सेमीफाइनल में जगह नहीं बना सका। शनिवार को पल्लेकेले में खेले गए सुपर-8 के इस अहम मैच में पाकिस्तान को सेमीफाइनल में पहुंचने के लिए श्रीलंका को 147 रन या उससे कम पर रोकना था, लेकिन गेंदबाज ऐसा करने में नाकाम रहे। पाकिस्तान से मिले 213 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए श्रीलंका ने निर्धारित 20 ओवर में छह विकेट पर 207 रन बनाए। हालांकि टीम मैच जीत नहीं सकी, लेकिन उसकी बल्लेबाजी पाकिस्तान के लिए घातक साबित हुई। इस परिणाम के साथ सुपर-8 के ग्रुप-2 से इंग्लैंड और न्यूजीलैंड ने सेमीफाइनल के लिए क्वालिफाई कर लिया, जबकि पाकिस्तान और श्रीलंका का टूर्नामेंट में सफर समाप्त हो गया।

उधर अमेरिका और इजरायल के संयुक्त हमलों के बाद ईरान और आसपास के इलाकों में तनाव बढ़ गया है। इस वजह से खाड़ी के कई देशों में भारतीय दूतावासों ने अपने नागरिकों को बहुत सावधानी बरतने की सलाह दी है। यूएई, सऊदी अरब, जॉर्डन समेत कई देशों के दूतावासों ने कहा है कि स्थानीय अधिकारियों की सलाह का पालन करें और जरूरी न हो तो घर से बाहर न निकलें। बता दें कि अमेरिका और इजरायल ने शनिवार को ईरान पर संयुक्त हमला किया, जिससे पूरे इलाके में तनाव काफी ज्यादा बढ़ गया। इस हमले के बाद ईरान की पैरामिलिट्री ने इजरायल पर ड्रोन और मिसाइलों से हमला किया। वहीं, खाड़ी के कई देशों में स्थित अमेरिकी अड्डों पर भी ईरान ने मिसाइलों और ड्रोन्स से हमला किया। बढ़ते तनाव के बीच इराक और यूएई ने अपना हवाई क्षेत्र बंद कर दिया। दुबई के 2 एयरपोर्ट्स को बंद कर दिया गया, जो दुनिया का सबसे बड़ा एविएशन हब है। इस वजह से कई भारतीय नागरिक हवाई अड्डों या अन्य जगहों पर फंस गए हैं। दूतावास इन फंसे हुए लोगों से संपर्क में हैं। ईरान में भारतीय दूतावास और इजरायल के तेल अवीव में भारतीय दूतावास ने भारतीय नागरिकों से तुरंत रजिस्टर करने को कहा है, ताकि मदद जल्दी पहुंचाई जा सके। इजरायल में रहने वाले भारतीयों की सुरक्षा के लिए सलाह दी गई है कि वे बहुत सावधानी बरतें और घर के अंदर रहें।

इधर मजहबी कट्टरता के खिलाफ आवाज उठाने वाले यूट्यूबर सलीम अहमद उर्फ सलीम वास्तिक पर जानलेवा हमले के मामले में पाकिस्तानी कनेक्शन सामने आया है। पाकिस्तानी यूट्यूबर मोहम्मद हमाद बरकती ने इंस्टाग्राम पर एक वीडियो जारी कर इस हमले की जिम्मेदारी ली है। उसने वीडियो के माध्यम से सलीम की हत्या की खुलेआम धमकी दी है। यह वीडियो उसने हमले से दो दिन पहले जारी किया था और इसमें उसने सलीम के लोनी का पता भी सार्वजनिक किया था। माना जा रहा है कि इस वीडियो के बाद ही सलीम पर हमला किया गया। हमले के बाद जांच में खुफिया विभाग को यह वीडियो हाथ लगा है। इस वीडियो पर सरकार द्वारा संज्ञान लेने के बाद इसे डिलीट कर दिया गया है। वहीं जांच में हमलावरों को लेकर पुलिस को महत्वपूर्ण सुराग मिले हैं। पता चला है कि सलीम पर कट्टरपंथी संगठन से जुड़े लोगों ने हमला किया था।

उधर आंध्र प्रदेश के काकीनाडा जिले में एक पटाखा फैक्टरी में धमाके के बाद 21 लोगों की मौत होने की खबर है। राहत और बचाव कार्य में लगी पुलिस की टीम ने कहा कि मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका है। राज्य की गृह मंत्री वंगालपुडी अनीता ने बताया कि पटाखा फैक्टरी में धमाके के बाद 21 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है। गृह मंत्री के मुताबिक धमाके में गंभीर रूप से घायल कई लोगों को इलाज के लिए स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उन्होंने बताया कि धमाके में घायल हुए छह लोगों की हालत गंभीर है। पटाखा फैक्टरी में धमाके पर राज्य के मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू ने दुख जताया। अपने आधिकारिक एक्स हैंडल पर एक पोस्ट में नायडू ने लिखा, काकीनाडा जिले के वेतलापलेम गांव में एक पटाखा बनाने वाली यूनिट में हुए धमाके की खबर विचलित करने वाली है। इस हादसे में कई लोगों की जान गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्होंने हादसे के बारे में अधिकारियों से जानकारी ली है और उन्हें पीड़ितों को हरसंभव मदद मुहैया कराने का निर्देश दिया गया है। 

अब उत्तराखण्ड की खबरों पर नजर डालते हैं, चारधाम यात्रा में पंजीकरण का कार्य छह मार्च से शुरू होगा। इसके अलावा पंजीकरण का कोई भी शुल्क नहीं लगेगा। चारधाम यात्रा के तहत केदारनाथ धाम में 22 अप्रैल और बदरीनाथ धाम के कपाट 23 अप्रैल को खुलने की घोषणा हो चुकी है। गंगोत्री और यमुनोत्री धाम के कपाट परंपरागत तौर पर अक्षय तृतीय के दिन खुलते हैं, अक्षय तृतीय 19 अप्रैल को है। हालांकि अभी कपाट खुलने की घोषणा होना बाकी है। चारधाम यात्रा के दृष्टिगत सरकारी विभाग भी तैयारियों में जुट गए हैं। मुख्य सचिव की अध्यक्षता में इसके मद्देनजर बैठक भी हो चुकी है। लोक निर्माण विभाग के सचिव ने चारधाम यात्रा मार्ग का निरीक्षण किया है। 

इधर उत्तराखंड बोर्ड परीक्षा में एक बाद एक फर्जी अभ्यर्थी पकड़े जाने से परीक्षा की सुचिता पर सवाल खड़े हो रहे हैं। क्योंकि राजकीय इंटर काॅलेज सलेमपुर केंद्र पर आठ फर्जी अभ्यर्थी के धरे जाने को लोग भूल भी नहीं पाए थे कि अब बहादराबाद ब्लाॅक के ही राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय सोहलपुर केंद्र पर दो ऐसे मामले पकड़ में आए हैं। आनन-फानन विभागीय टीम ने उत्तर पुस्तिका जब्त कर गोपनीय अनुभाग में भेज दी है। वहीं केंद्र व्यवस्थापक चंद्रभान ने संबंधित थाने में तहरीर दी है। शनिवार को राजकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय सोहलपुर परीक्षा केंद्र पर गृह विज्ञान की परीक्षा थी। सुबह दस बजे से परीक्षा शुरू हुई परीक्षा के दौरान दो कक्ष निरीक्षकों ने परीक्षार्थियों के प्रवेश पत्र देखे। इस दौरान व्यक्तिगत परीक्षा दे रही दो बालिकाओं पर शक हुआ।

उधर बनभूलपुरा रेलवे अतिक्रमण मामले पर सुप्रीम कोर्ट ने बीती 24 फरवरी को जो आदेश जारी किया था, वो सामने आ गया है। चार दिन बाद आदेश की कॉपी सुप्रीम कोर्ट की वेबसाइट में अपलोड की गई है, जिसमें कोर्ट द्वारा महत्वपूर्ण आदेश पारित किए हैं। आदेश में स्पष्ट किया गया है कि मामला हल्द्वानी रेलवे स्टेशन के आसपास स्थित लगभग 30 हेक्टेयर से अधिक सार्वजनिक भूमि पर बसे हजारों परिवारों की बेदखली से जुड़ा है। न्यायालय के समक्ष सुनवाई के दौरान यह तथ्य सामने आया कि लगभग 30.040 हेक्टेयर सार्वजनिक भूमि पर अतिक्रमण कर करीब 4,365 मकान बनाए गए हैं, जिनमें 50 हजार से अधिक लोग निवास कर रहे हैं। रेलवे द्वारा नई लाइन बिछाने और परियोजना कार्यों के लिए भूमि की आवश्यकता जताई गई है, जिसके तहत 30.65 हेक्टेयर भूमि पुनर्संरेखण (रियलाइन्मेंट) के लिए जरूरी बताई गई है।