Good Morning India: फ्रांस से सामने आया खौफनाक मामला, 55 साल में 89 नाबालिगों से यौन शोषण! AI जेनरेटेड कंटेंट को लेकर सरकार की सख्ती, जल्द लागू हो रहे हैं नए नियम! लापता बच्चों पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, पूछा- क्या देश में एक्टिव है कोई बड़ा किडनैपिंग नेटवर्क? उत्तराखण्ड में बड़ा हादसा

Good Morning India: A horrifying case has come to light from France, sexual exploitation of 89 minors in 55 years! Government's strictness regarding AI generated content, new rules are coming into ef

नमस्कार दोस्तों, आवाज 24X7 अपना खास कॉलम "गुड मॉर्निंग इंडिया" लेकर एक फिर आपके समक्ष प्रस्तुत है। आज के प्रमुख कार्यक्रमों पर नजर डालते हैं, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण लोकसभा में आज बजट पर हुई बहस का जवाब देंगी। वहीं मुंबई में आज होंगे महापौर और उप-महापौर पद के लिए चुनाव। इधर उत्तर प्रदेश सरकार आज पेश करेगी वित्त वर्ष 2026-27 का बजट।

अब बड़ी खबरों की तरफ रुख करते हैं, फ्रांस से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने हर किसी को हैरत में डाल दिया है। एक 79 वर्षीय व्यक्ति पर आरोप है कि उसने 55 वर्षों के दौरान 89 नाबालिग लड़कों के साथ दुष्कर्म और यौन शोषण किया। इस मामले में फ्रांस के अभियोजकों ने अब आरोपी का नाम सार्वजनिक कर दिया है ताकि और पीड़ित सामने आ सकें। ग्रेनोबल के अभियोजक एटियेन मैन्टॉक्स ने बताया कि आरोपी का नाम जैक्स लेवेगल है। उसे फरवरी 2024 में नाबालिगों के साथ गंभीर यौन अपराधों के आरोप में औपचारिक जांच के दायरे में लिया गया था और अप्रैल 2025 से वह न्यायिक हिरासत में है। इस पूरे मामले का खुलासा तब हुआ जब आरोपी के एक रिश्तेदार को उसकी एक USB ड्राइव मिली। इसमें आरोपी द्वारा खुद लिखी गई एक डिजिटल 'आत्मकथा' थी, जो करीब 15 वॉल्यूम में थी। इन दस्तावेजों के आधार पर जांच एजेंसियों ने 1967 से 2022 के बीच हुए अपराधों की जानकारी जुटाई और अब तक 89 पीड़ितों की पहचान की है। पीड़ित उस समय 13 से 17 साल की उम्र के थे।

उधर पैक्ड खाने-पीने की चीजों पर बढ़ती निर्भरता के बीच सुप्रीम कोर्ट ने बड़ा संकेत दिया है। अदालत ने भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण यानी एफएसएसएआई से कहा है कि पैकेट वाले खाद्य पदार्थों के सामने वाले हिस्से पर साफ चेतावनी लेबल लगाने के प्रस्ताव पर गंभीरता से विचार किया जाए। अदालत ने कहा कि ज्यादा चीनी, फैट और नमक वाले उत्पादों से लोगों की सेहत पर खतरा बढ़ रहा है, इसलिए उपभोक्ताओं को स्पष्ट जानकारी मिलनी जरूरी है। सुप्रीम कोर्ट की पीठ, जिसमें जस्टिस जे बी पारडीवाला और जस्टिस के वी विश्वनाथन शामिल थे, एक जनहित याचिका पर सुनवाई कर रही थी। याचिका में मांग की गई थी कि पैक्ड फूड पर सामने की तरफ बड़े और साफ चेतावनी लेबल अनिवार्य किए जाएं। अदालत ने कहा कि पहली नजर में यह मांग जनस्वास्थ्य के हित में लगती है। कोर्ट ने माना कि अगर किसी खाने में ज्यादा शुगर, सैचुरेटेड फैट और सोडियम है तो इसकी जानकारी पैकेट के सामने दिखनी चाहिए। सुनवाई के दौरान अदालत ने साफ कहा कि खाद्य कंपनियों का विरोध नियामक संस्था के कर्तव्य से बड़ा नहीं हो सकता। उपभोक्ताओं की सेहत की रक्षा करना एफएसएसएआई की जिम्मेदारी है। कोर्ट ने यह भी चेतावनी दी कि अगर प्राधिकरण ने इस मुद्दे पर लगातार देरी की तो अदालत को दखल देना पड़ सकता है। अदालत ने एफएसएसएआई को चार हफ्ते के भीतर अपना जवाब रिकॉर्ड पर दाखिल करने का निर्देश दिया है।

इधर लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को हटाने के लिए विपक्ष की ओर से लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर 118 विपक्षी सांसदों ने हस्ताक्षर किए। लोकसभा सचिवालय के सूत्रों के मुताबिक, इस अविश्वास प्रस्ताव पर वर्तमान बजट सत्र के दूसरे चरण के पहले दिन यानी नौ मार्च को सदन में चर्चा हो सकती है। सूत्रों ने कहा, 'संभावना है कि बजट सत्र के दूसरे चरण के पहले दिन, यानी नौ मार्च को ही लोकसभा अध्यक्ष को हटाने के प्रस्ताव पर चर्चा हो सकती है।' सूत्रों का यह भी कहना है कि मामले का निपटारा होने तक लोकसभा अध्यभ ओम बिरला अपने आसन पर नहीं बैठेंगे। बिरला ने लोकसभा महासचिव उत्पल कुमार सिंह को निर्देश दिया है कि वह विपक्ष के नोटिस की जांच कर उचित कार्रवाई करें।

उधर बीते दिनों बच्चों के लापता होने की खबरें लगातार सामने आ रही थीं। इस बीच सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को केंद्र सरकार से यह पता लगाने को कहा है कि देश के विभिन्न हिस्सों में बच्चों के लापता होने की घटनाओं के पीछे किसी देशव्यापी गिरोह या राज्य-विशिष्ट समूह का हाथ तो नहीं है। न्यायमूर्ति बीवी नागरत्ना और न्यायमूर्ति उज्ज्वल भुइयां की पीठ ने कहा कि यह पता लगाना जरूरी है कि क्या इन घटनाओं के पीछे कोई निश्चित पैटर्न है या ये आकस्मिक घटनाएं हैं। उन्होंने केंद्र को सभी राज्यों से आंकड़े संकलित कर उनका विश्लेषण करने का निर्देश दिया। वहीं केंद्र की ओर से पेश अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल ऐश्वर्या भाटी ने कहा कि कुछ राज्यों ने लापता बच्चों और उनसे संबंधित अभियोजन से जुड़े आंकड़े उपलब्ध कराए हैं, लेकिन लगभग एक दर्जन राज्यों ने अपना डेटा साझा नहीं किया है। भाटी ने दलील दी कि विश्लेषण तभी किया जा सकता है, जब केंद्र सरकार को पूरा डेटा हासिल हो जाए। उन्होंने कहा, "हम जानना चाहते हैं कि बच्चों के लापता होने की इन घटनाओं के पीछे किसी राष्ट्रव्यापी गिरोह या राज्य-विशिष्ट समूह का हाथ तो नहीं है? क्या इन घटनाओं के पीछे एक विशिष्ट पैटर्न है या ये महज आकस्मिक घटनाए हैं?" 

इधर दिल्ली के जनकपुरी में गड्ढे में गिरकर बाइक सवार की मौत के बाद लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) ने साफ कर दिया है कि अब सड़क हादसों को सिस्टम की विफलता बताकर नहीं टाला जाएगा। विभाग के ताजा आदेश में कहा गया है कि सड़क पर खुदाई, खुले गड्ढे या सुरक्षा मानकों की अनदेखी से यदि कोई हादसा होता है तो सीधे तौर पर संबंधित इंजीनियर और फील्ड अफसर जिम्मेदार माने जाएंगे। पीडब्ल्यूडी ने सभी चालू और प्रस्तावित निर्माण व खुदाई कार्यों में दिन-रात बैरिकेडिंग, चेतावनी संकेत, रिफ्लेक्टिव बोर्ड और ब्लिंकर लगाने को अनिवार्य कर दिया है। किसी भी हालत में सड़क का कोई हिस्सा बिना सुरक्षा के खुला छोड़ने पर रोक लगाई गई है। आदेश में कहा गया है कि लापरवाही पाए जाने पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।

उधर देश के कई हिस्सों में अब ठंड का असर कम होने लगा है, सुबह के समय हल्की ठंड का एहसास होता है लेकिन दोपहर में पारा बढ़ने के साथ ही ठंड का असर खत्म हो जाता है। वेस्टर्न डिस्टरबेंस के कारण कुछ राज्यों में झमाझम बारिश हो सकती है, इससे उत्तर भारत में फिर से मौसम में बदलाव आ सकता है। पश्चिमी विक्षोभ के कारण 11 फरवरी यानी आज उत्तराखंड हिमाचल और जम्मू कश्मीर में बारिश हो सकती है, इसके साथ ही तापमान भी गिर सकता है। वहीं बर्फबारी की आशंका भी जताई जा रही है। मौसम विभाग के अनुसार, 13 से 17 फरवरी तक पश्चिमी विक्षोभ उत्तर भारत को प्रभावित करेंगे। जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड समिति 6 राज्यों में बारिश और बर्फबारी हो सकती है। इस दौरान आंधी तूफान और बिजली गिरने के साथ 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की हवाएं भी चल सकती हैं। पंजाब हरियाणा और चंडीगढ़ में भी बारिश के साथ तेज आंधी और बिजली गिरने की आशंका जताई गई है।

इधर बाबरी का जिन्न एक बार फिर बोतल से बाहर आ गया है। बुधवार से बंगाल के मुर्शिदाबाद में बाबरी मस्जिद का निर्माण शुरु होने वाला है। इसके विरोध में हिंदू संगठनों ने लखनऊ से मुर्शिदाबाद कूच का ऐलान किया है। इस बीच सीएम योगी ने बड़ा हमला बोलते हुए कहा है कि बाबरी ढांचे का पुनर्निर्माण कभी भी नहीं होगा, कयामत तक बाबरी ढांचा नहीं बनेगा। दरअसल, यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ मंगलवार को राज्य के बाराबंकी जिले में श्री राम जानकी मंदिर में आयोजित दशम श्री हनुमान विराट महायज्ञ एवं श्री रामार्चा पूजन में भाग ले रहे थे। इस दौरान संबोधन में सीएम योगी ने कहा- "यह सरकार जो बोलती है कर के दिखाती है, जितना करती है उतना ही बोलती है। हमने कहा था रामलला हम आएंगे, मंदिर वहीं बनाएंगे, कोई संदेह है? हम आज फिर इस बात को कह रहे हैं कि कयामत के दिन तक भी, कयामत का दिन तो कभी आना नहीं है, इसलिए बाबरी ढांचे का पुनर्निर्माण कभी होना नहीं है।"

उधर AI जेनरेटेड कंटेंट को लेकर सरकार ने सख्ती की है। केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्रालय ने इसके लिए नया डिजिटल फ्रेमवर्क तैयार किया है, जो 20 फरवरी से लागू होने जा रहा है। सिंथेटिकली जेनरेटेड इंफॉर्मेशन या SGI कंटेंट को लेकर सख्ती दिखाते हुए सरकार ने 10 फरवरी 2026 को नया नियम नोटिफाई किया है। नए IT एक्ट, 2026 में यह संशोधन 20 फरवरी से लागू किया जाएगा। सोशल मीडिया पर शेयर किए जाने वाले AI जेनरेटेड कंटेंट, डीपफेक, अफवाह फैलाने वाले कंटेंट और SGI के लिए लेबलिंग अनिवार्य कर दिया गया है। सरकार ने IT (इंटरमीडियरी गाइडलाइंस एंड डिजिटल मीडिया एथिक्स कोड) अमेंडमेंट नियम, 2026 जारी किया है, जिसे 20 फरवरी 2026 से लागू कर दिया जाएगा। इसमें सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर शेयर किए जाने वाले डीपफेक्स, अफवाहों और SGI (AI जेनरेटड कंटेंट) के इस्तेमाल को लेकर नए दिशा-निर्देश शामिल हैं।

अब उत्तराखण्ड की खबरों पर नजर डालते हैं, प्रदेश में मंगलवार को एक बड़ा हादसा हो गया। यहां देहरादून के विकासनगर में कालसी तहसील क्षेत्र के गांगरो के पास वायाधार नामक स्थान पर एक यूटिलिटी अनियंत्रित होकर 50 मीटर गहरी खाई में गिर गई। दुर्घटना में वाहन में सवार गांगरो निवासी लूसो देवी (65) की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। कुस्यौ निवासी गीता देवी (35) ने अस्पताल ले जाते समय रास्ते में दम तोड़ दिया। चिटाड़ निवासी धनौ देवी (53) की हायर सेंटर ले जाते वक्त मौत हो गई। दुर्घटना में घायल पांच लोगों का उप जिला अस्पताल विकासनगर में उपचार चल रहा है। नायब तहसीलदार रविंद्र असवाल ने बताया मंगलवार सुबह 9:30 बजे ग्राम चिटाड़ से सवारी लेकर विकासनगर की ओर आ रही यूटिलिटी वायाधार के पास अनियंत्रित होकर खाई में गिर गई थी। वाहन में चालक सहित आठ लोग सवार थे। एक महिला की मौके पर ही मौत हो गई थी। अन्य सात घायलों को उपचार के लिए 108 इमरजेंसी एबुलेंस से उप जिला अस्पताल विकासनगर भिजवाया गया। एक महिला ने रास्ते में दम तोड़ दिया। उप जिला अस्पताल से एक महिला को हायर सेंटर रेफर किया गया था, उसकी भी रास्ते में मौत हो गई।

इधर उत्तराखंड में कांग्रेस ने कानून व्यवस्था को लेकर अब सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। कांग्रेस महिला अपराध, बेरोजगारी सहित तमाम मुद्दों को लेकर 16 फरवरी को राजभवन कूच करेगी। कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष  प्रीतम सिंह ने प्रेसवार्ता कर कहा कि प्रदेश में कानून व्यवस्था ध्वस्त है और सरकार जनता का ध्यान भटकना चाह रही है। इसलिए हम एकजुट होकर राजभवन कूच करेंगे। 

उधर अंकिता भंडारी हत्याकांड को लेकर  सीएम पुष्कर सिंह धामी ने कहा, मामले में तीनों आरोपियों को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया गया। एक महिला आईपीएस ऑफिसर की लीडरशिप में एसआईटी स्पेशल टीम बनाई गई और उस टीम ने कई महीनों तक लगातार काम किया। हाईकोर्ट, सुप्रीम कोर्ट और डिस्ट्रिक्ट कोर्ट समेत सभी कोर्ट इसमें शामिल थे, और इसे फाइल करने के बाद जब फैसला आया तो इसमें जिन तीन लोगों के नाम थे, वे आज सलाखों के पीछे हैं। उन्हें उम्रकैद की सजा सुनाई गई है। कुछ लोग सिर्फ पॉलिटिक्स करना चाहते हैं, जिनके पास कोई मुद्दा नहीं है। वे बार-बार उस बेटी की आत्मा को झकझोरने की कोशिश करते हैं। जब सरकार सब कुछ कर रही है, एडमिनिस्ट्रेशन सब कुछ कर रहा है।