अल्मोड़ा में बारिश बनी कालः उडयूडा में मकान में घुसा पहाड़ी का मलबा,एक ही परिवार के तीन लोगों की मौत
अल्मोड़ा। उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों में लगातार हो रही बारिश के बीच अल्मोड़ा जिले के हवालबाग विकासखंड से मंगलवार सुबह दर्दनाक हादसे की खबर सामने आई। हवालबाग विकासखंड की उडयूडा ग्राम पंचायत में बारिश के बाद पहाड़ी से खिसका भारी मलबा एक आवासीय मकान में जा घुसा। हादसे के समय मकान के भीतर मौजूद एक ही परिवार के तीन लोग मलबे में दब गए। घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन और आपदा प्रबंधन तंत्र में हड़कंप मच गया। मौके पर पहुंची एसडीआरएफ और जिला आपदा प्रबंधन की टीम ने तत्काल राहत एवं बचाव अभियान शुरू किया। कड़ी मशक्कत के बाद तीनों को मलबे से बाहर निकाला गया, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। हादसे के बाद पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है। मृतकों की पहचान प्रेमा देवी (41) पत्नी राजेंद्र राम, मनीष (17) पुत्र राजेंद्र राम और कल्पना (19) पुत्री राजेंद्र राम के रूप में हुई है। एक ही परिवार के तीन सदस्यों की मौत की खबर से क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। ग्रामीणों के लिए यह हादसा बेहद सदमे वाला रहा। जानकारी के अनुसार, मंगलवार सुबह क्षेत्र में बारिश का दौर जारी था। इसी दौरान पहाड़ी से भारी मात्रा में मलबा खिसककर आवासीय मकान की ओर आ गया। देखते ही देखते मलबा मकान के भीतर घुस गया और घर में मौजूद तीन लोग इसकी चपेट में आ गए। अचानक हुए इस हादसे से आसपास के लोगों में अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों ने तत्काल घटना की जानकारी प्रशासन को दी। सूचना मिलते ही राहत एवं बचाव दल को सक्रिय किया गया। दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र और बारिश के बीच एसडीआरएफ तथा जिला आपदा प्रबंधन की टीम मौके पर पहुंची और रेस्क्यू अभियान शुरू किया। मौके पर पहुंची टीमों के सामने सबसे बड़ी चुनौती मकान में घुसे भारी मलबे को हटाने की थी। बचाव दल ने स्थानीय लोगों की मदद से मलबा हटाने का अभियान शुरू किया। काफी मशक्कत के बाद मलबे के भीतर दबे तीनों लोगों को बाहर निकाला गया। हालांकि, तब तक तीनों की मौत हो चुकी थी। हादसे की सूचना के बाद प्रशासनिक अधिकारी भी मौके की स्थिति पर नजर बनाए रहे। घटनास्थल पर राहत एवं बचाव कार्य के साथ ही हादसे के कारणों और नुकसान का जायजा लिया गया। अल्मोड़ा के जिलाधिकारी अंशुल सिंह ने हादसे में तीन लोगों की मौत की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि उडयूडा ग्राम पंचायत में बारिश के बाद एक मकान में मलबा घुसने की सूचना प्राप्त हुई थी। सूचना मिलते ही एसडीआरएफ और आपदा राहत दल को तत्काल मौके पर भेजा गया। रेस्क्यू अभियान के दौरान तीनों के शव बरामद कर लिए गए। जिलाधिकारी ने बताया कि प्रभावित परिवार को नियमानुसार राहत उपलब्ध कराने की कार्रवाई की जा रही है। प्रशासन की ओर से घटनास्थल पर आवश्यक कार्रवाई के निर्देश भी दिए गए हैं। उडयूडा में हुआ यह हादसा एक बार फिर पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार बारिश के दौरान भूस्खलन और मलबा आने के बढ़ते खतरे की ओर इशारा करता है। पहाड़ी इलाकों में बारिश के दौरान ढलानों से मिट्टी और मलबा खिसकने की घटनाएं लगातार सामने आती रही हैं। ऐसे में संवेदनशील क्षेत्रों में रहने वाले लोगों की सुरक्षा प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बनी हुई है। इधर प्रेमा देवी, मनीष और कल्पना की मौत के बाद परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। हादसे की खबर फैलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण घटनास्थल पर जुट गए। गांव में हर ओर मातम का माहौल है। ग्रामीणों ने प्रशासन से प्रभावित परिवार को तत्काल राहत और हर संभव सहायता उपलब्ध कराने की मांग की है।