Good Morning India: फ्रांस में महंगाई के खिलाफ फिर सड़कों पर उतरे लाखों लोग, हालात बिगड़े! सऊदी अरब पर हूतियों का बड़ा हमला! कश्मीर को लेकर फारूक अब्दुल्ला का विवादित बयान! उत्तराखण्ड में विधानसभा सत्र से पहले सियासी घमासान
नमस्कार दोस्तों, आवाज इंडिया अपना खास कॉलम ‘गुड मॉर्निंग इंडिया’ लेकर एक फिर आपके समक्ष प्रस्तुत है। आईए आज के प्रमुख कार्यकर्मो पर नजर डालते हैं, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज ओडिशा और उत्तर प्रदेश के दौरे पर रहेंगे। वहीं कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे आज बिहार जाएंगे।
अब बड़ी खबरों की तरफ रुख करते हैं, फ्रांस में शनिवार को एक बार फिर लाखों की संख्या में प्रदर्शनकारी सड़कों पर उतर आए। पेरिस से 120 किलोमीटर दूर स्थित ओर्लियांस से शुरू हुआ प्रदर्शन ज्यादातर शांतिपूर्ण रहा, लेकिन शाम को समापन के दौरान हिंसक हो उठा। इस दौरान कई जगह उपद्रवियों और पुलिस के बीच टकराव हुआ। भीड़ को काबू करने के लिए पुलिस को आंसू गैस के गोले और वाटर कैनन का सहारा लेना पड़ा। प्रदर्शनों पर प्रतिबंध के बाजवूद पेरिस में लगभग 1,10,000 और पूरे देश में करीब 4,10,000 प्रदर्शनकारी अपनी मांगों के समर्थन में सड़कों पर उतरे। मार्सेय, लियोन, क्लेरमोंट-फेरांड और स्ट्रासबर्ग में पुलिस को आंसू गैस के गोले दागने पड़े, जबकि नीस और नांतेस में वाटर कैनन चलानी पड़ी। उपद्रवियों ने पुलिस पर प्रोजेक्टाइल से हमला किया। रॉयटर के अनुसार, रैली खत्म होने के बाद पेरिस में 500 से ज्यादा हुडी पहने उपद्रवियों ने रायट पुलिस पर पथराव कर दिया। मार्सेय में भी उपद्रवियों ने धातु की बड़ी-बड़ी चादरों से सड़क जाम कर दी। कूड़े के डिब्बों को सड़कों पर फैलाकर आग लगा दी और रायट पुलिस पर पत्थर और बोतलें फेंकीं।
इधर साढ़े चार साल से भी ज्यादा समय से चल रहे रूस और यूक्रेन जंग खत्म होने के आसार बढ़ने लगे हैं। खासतौर से अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बयान से तो यही लगता है कि दोनों देश सुलह कर क्षेत्र में शांति स्थापित करने में कामयाब होंगे। ट्रंप ने रूस और यूक्रेन के बीच जारी युद्ध खत्म होने की उम्मीद जताई है। उन्होंने कहा कि युद्ध समाप्त होने के बाद अमेरिका दोनों देशों के साथ कारोबार करेगा। ट्रंप ने फ्लोरिडा के पाम बीच में अपनी पत्नी और अमेरिका की फर्स्ट लेडी मेलानिया ट्रंप के साथ वोट डालने के बाद पत्रकारों से बातचीत में यह बयान दिया। ट्रंप ने कहा, 'हम चाहते हैं कि रूस और यूक्रेन के बीच सुलह हो जाए, ताकि हम दोनों देशों के साथ कारोबार कर सकें। मेरा मानना है कि इस जंग के खत्म होने के बाद हम यूक्रेन और रूस, दोनों के साथ बिजनेस करेंगे।'
उधर यमन के हूती विद्रोहियों और सऊदी अरब के बीच तनाव बढ़ता ही जा रहा है। हूती विद्रोहियों के हमलों के दावों के बाद बंद हुए सऊदी अरब के रियाद स्थित किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट के टर्मिनल-1 और टर्मिनल-2 से रविवार (25 अक्टूबर) से उड़ानें फिर से शुरू की जाएंगी। एयरपोर्ट प्रशासन ने यात्रियों के लिए ट्रैवल एडवाइजरी जारी की है। साथ ही टर्मिनलों के इस्तेमाल और फ्लाइट स्टेटस की जानकारी भी दी है। एयरपोर्ट अथॉरिटी के मुताबिक, टर्मिनल-1 से घरेलू उड़ानों का संचालन किया जाएगा, जबकि टर्मिनल-2 को राष्ट्रीय एयरलाइंस की अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के लिए निर्धारित किया गया है। प्रशासन ने यात्रियों से एयरपोर्ट पहुंचने से पहले अपनी संबंधित एयरलाइन से संपर्क कर बुकिंग और फ्लाइट का स्टेटस कन्फर्म करने की अपील की है। इससे पहले हूती सैन्य प्रवक्ता याह्या सारी ने दावा किया था कि संगठन ने सऊदी अरब में कई महत्वपूर्ण ठिकानों पर हमले किए हैं। इनमें रियाद का किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट, यानबू स्थित अरामको की सुविधा, रबीग रिफाइनरी और ईस्ट-वेस्ट ऑयल पाइपलाइन शामिल हैं।
इधर बिहार के मोकामा से विधायक अनंत सिंह को लेकर इस वक्त की बड़ी खबर है। अनंत सिंह को JDU से 6 सालों के लिए निष्कासित कर दिया गया है। इसके अलावा पार्टी ने उनकी विधानसभा सदस्यता भी रद्द करने की अनुशंसा की है। इसके अलावा अनंत सिंह की पत्नी पर भी गाज गिरी है और पार्टी ने पत्नी नीलम देवी को भी पार्टी से 6 सालों के लिए निष्कासित कर दिया है। जेडीयू ने अनंत सिंह के निष्कासन पर अपने एक्स हैंडल पर पोस्ट किया है। जेडीयू ने कहा, "जद(यू) के प्रदेश अध्यक्ष उमेश सिंह कुशवाहा के आदेशानुसार, मोकामा के विधायक अनंत कुमार सिंह के द्वारा पार्टी विरोधी गतिविधियों, पार्टी के दिशा-निर्देशों की अवहेलना एवं अभी संपन्न हुए विधान परिषद चुनाव में विरोधी दल के पक्ष में प्रचार करने तथा पार्टी के उम्मीदवार के विरुद्ध प्रचार करने के कारण जद(यू) की उनकी प्राथमिक सदस्यता रद्द की जाती है। साथ ही उचित प्रावधानों के तहत विधानसभा अध्यक्ष से इनकी विधान सभा सदस्यता रद्द करने की सिफारिश भी की गई है। इसके साथ ही, पूर्व विधानसभा सदस्य नीलम देवी को भी पार्टी विरोधी गतिविधियों में संलिप्त होने के कारण उनकी प्राथमिक सदस्यता रद्द करते हुए अगले 6 वर्षों के लिए निष्कासित किया जाता है। यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू होगा।"
उधर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी रविवार को अपने संसदीय क्षेत्र काशी आएंगे। नमो घाट पर बैठकर वायु सेना दिवस की 94वीं वर्षगांठ के उपलक्ष्य में ‘विंग्स ओवर गंगा’ पर आयोजित एयर शो देखेंगे। साथ ही मिर्जामुराद के खोचवां में अरविंद मिल की नवनिर्मित इकाई का उद्घाटन करेंगे। प्रधानमंत्री सुबह करीब 11 बजे बाबतपुर एयरपोर्ट पहुंचेंगे। हेलीकाप्टर से मिर्जामुराद के खोचवां जाएंगे। यहां अरविंद मिल का उद्घाटन के साथ 40 महिलाकर्मियों से संवाद करेंगे। हेलीकाप्टर से पुलिसलाइन ग्राउंड पहुंचेंगे और एयर फोर्स-डे एरियल डिस्प्ले-2026 में शामिल होने के लिए सड़क मार्ग से नमोघाट जाएंगे। भाजपा ने रास्ते में 13 जगह स्वागत की तैयारी की है। एयर शो शुरू होने से पहले झंडा, कैप लगाकर प्रधानमंत्री का सम्मान किया जाएगा। इस दौरान रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी मौजूद रहेंगे।
इधर नेशनल कॉन्फ्रेंस के अध्यक्ष फारूक अब्दुल्ला ने कश्मीर को लेकर बेहद ही विवादित बयान दिया है। उन्होंने कश्मीरियों की रक्षा करने और कश्मीर मुद्दे को अंतरराष्ट्रीय मंच पर जीवित रखने का श्रेय पाकिस्तान को दिया। शनिवार को बारामूला में पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए अब्दुल्ला ने कहा कि पाकिस्तान दुनिया भर में यह मुद्दा उठाता है कि कश्मीर पर अब तक कोई फैसला नहीं हुआ है। उन्होंने यह भी कहा कि दिल्ली की खामोशी के पीछे अंतरराष्ट्रीय दबाव है। फारूक अब्दुल्ला ने पाकिस्तान को ‘हमारा पड़ोसी’ बताते हुए कहा कि वह कश्मीर के अनसुलझे मुद्दे को वैश्विक मंच पर उठाता रहता है। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान के इस रुख के कारण दुनिया का ध्यान कश्मीर की ओर जाता है और दिल्ली पर दबाव बनता है। अब्दुल्ला ने कहा, हमारा यह पड़ोसी देश दुनिया का ध्यान कश्मीर की ओर खींचता है और दिल्ली को चुप रहने पर मजबूर कर देता है। वे आज इसलिए चुप हैं क्योंकि दुनिया का दबाव है, और हमारा पड़ोसी देश उनके पीछे पड़ा है। वह हर जगह जाकर कहता है कि कश्मीर पर अभी तक कोई फैसला नहीं हुआ है। वही हमें बचा रहा है। हालांकि, मैं उनके इरादों को नेक नहीं मानता।'
अब उत्तराखण्ड की खबरों पर नजर डालते हैं, अंकिता भंडारी हत्याकांड में दोषियों को सजा मिलने के बावजूद कथित वीआईपी की पहचान और हत्या के उद्देश्य से जुड़े सवालों को लेकर फिर से आवाज उठ रही है। मामले में सीबीआई से कथित वीआईपी के नाम का खुलासा करते हुए सिक्किम के राज्यपाल दुष्यंत कुमार गौतम को पद से हटाने की मांग की गई है। शनिवार को अंकिता न्याय यात्रा संयुक्त संघर्ष मंच के कार्यकर्ताओं ने कलक्ट्रेट परिसर में प्रदर्शन कर मामले की निष्पक्ष और व्यापक सीबीआई जांच की मांग करते हुए राष्ट्रपति के नाम सिटी मजिस्ट्रेट को ज्ञापन सौंपा गया। मंच की कमला पंत ने कहा कि राज्यपाल दुष्यंत कुमार गौतम की नियुक्ति निरस्त करते हुए कथित वीआईपी की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। निर्मला बिष्ट ने मामले से जुड़े आरोपितों की भूमिका की जांच करते हुए सभी को सीबीआई जांच के दायरे में लाया जाए। वहीं, प्रकरण में मोबाइल की काल डिटेल रिकार्ड (सीडीआर), लोकेशन, व्हाट्सएप चैट और अन्य डिजिटल साक्ष्यों का विश्लेषण किया जाए।
इधर उत्तराखंड विधानसभा के 27 अक्टूबर से गैरसैंण के भराड़ीसैंण में शुरू होने वाले सत्र से पहले सियासी हलचल तेज हो गई है। शनिवार को विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूरी की अध्यक्षता में यमुना कॉलोनी स्थित उनके सरकारी आवास पर कार्यमंत्रणा समिति और सर्वदलीय बैठक आयोजित की गई। दोनों ही बैठकों में कांग्रेस का कोई प्रतिनिधि शामिल नहीं हुये। इसको लेकर विधानसभा अध्यक्ष और संसदीय कार्य मंत्री ने अपनी बात रखी। बसपा विधायक शहजाद अली ने सत्र की अवधि पर सवाल खड़े किये। उन्होंने सरकार पर जनता के मुद्दों से बचने का आरोप लगाया। बैठक के बाद विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूरी ने कहा विधानसभा सत्र से पहले सर्वदलीय बैठक और कार्यमंत्रणा समिति की बैठक आयोजित करना स्थापित संसदीय परंपरा का हिस्सा है। सभी संबंधित सदस्यों को विधानसभा सचिवालय की ओर से लिखित पत्र भेजे जाते हैं और फोन के माध्यम से भी सूचना दी जाती है। इसके बावजूद कोई सदस्य बैठक में शामिल नहीं होता है, तो यह उसका अपना निर्णय है। उन्होंने कहा किसी भी जनप्रतिनिधि को बैठक में आने के लिए बाध्य नहीं किया जा सकता। विधानसभा अध्यक्ष ने सभी दलों से संसदीय परंपराओं और सदन की गरिमा बनाए रखने की अपील की। उन्होंने कहा विधानसभा केवल राजनीतिक बयानबाजी का मंच नहीं है, बल्कि जनता की समस्याओं को उठाने और सरकार से जवाब मांगने का महत्वपूर्ण स्थान है। प्रदेश के जनप्रतिनिधियों को अपने निर्वाचन क्षेत्रों से जुड़े मुद्दे सदन में रखने चाहिए।
उधर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कांग्रेस विधायक प्रीतम सिंह के भाई पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष चमन सिंह और राजपाल सिंह से जुड़े कथित वायरल ऑडियो मामले का संज्ञान लेते हुए शनिवार को पीड़ित बालक राम की बेटी दीक्षा से फोन पर बातचीत की। सीएम धामी ने दीक्षा से पूरे मामले की जानकारी लेते हुए परिवार को हरसंभव सहयोग और सुरक्षा का भरोसा दिया है। साथ ही सीएम ने एसएसपी को इस मामले की गंभीरता से जांच कर नियमानुसार सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए। दरअसल, सोशल मीडिया पर वायरल एक कथित ऑडियो में पूर्व मंत्री व कांग्रेस विधायक प्रीतम सिंह के भाई चमन सिंह की ओर से बालक राम, उनके परिवार और उनकी बेटियों के प्रति अभद्र भाषा का इस्तेमाल करने और धमकी देने के आरोप सामने आए हैं। इस मामले को गंभीरता से लेते हुए मुख्यमंत्री ने बालक राम की बेटी दीक्षा से बातचीत कर उन्हें सुरक्षा एवं न्याय का भरोसा दिया है। साथ ही पुलिस अधिकारियों को मामले की निष्पक्ष जांच कर आवश्यक कानूनी कार्रवाई करने के निर्देश दिए।