उत्तराखण्डः देहरादून के विकासनगर में स्टोन क्रशर को अनुमति देने पर घिरी सरकार! प्रदूषण बोर्ड की मंजूरी बिना फैसले पर हाईकोर्ट ने जताई नाराजगी, विस्तृत रिपोर्ट तलब

Uttarakhand: The government is facing criticism for granting permission for a stone crusher in Vikasnagar, Dehradun. The High Court expressed displeasure over the decision without the approval of the

नैनीताल। उत्तराखंड हाईकोर्ट ने देहरादून के विकास नगर तहसील में राज्य सरकार द्वारा स्टोन क्रशर स्थापित करने की अनुमति दिए जाने के खिलाफ दायर याचिका पर सुनवाई की। मामले की सुनवाई के बाद न्यायमूर्ति रविन्द्र मैठाणी और न्यायमूर्ति शिधार्थ साह की खण्डपीठ ने राज्य सरकार से इस पर एक सप्ताह के भीतर स्थिति से अवगत कराने को कहा है। मामले की अगली सुनवाई 28 अप्रैल की तिथि नियत की है। मामले के अनुसार तहसील विकास नगर निवासी प्रेम सिंह पंवार ने याचिका दायर कर कहा है कि राज्य सरकार ने विकास नगर में जय भगवती स्टोन क्रशर को एक संयुक्त निरीक्षण के बाद स्थापित करने की अनुमती दी गयी है। सरकार ने आगे यह भी कहा है कि स्टोन क्रशर को लगाने की सहमति और संचालन की सहमति राज्य प्रदूषण बोर्ड से लेनी आवश्यक है। जो अभी तक नही ली गयी है। जहां पर यह लगाया जा रहा है उसके पास से सुवर्ण नदी बहती है। आबादी क्षेत्र है। कृषि भूमि को नुकसान हो सकता है। लिहाजा सरकार के आदेश पर रोक लगाई जाय। आज सुनवाई पर राज्य प्रदूषण बोर्ड की तरफ से कहा गया कि उनसे न तो अभी तक स्थापना की सहमति ली गयी है और न ही संचालन की सहमति। सरकार ने यहां बनाने की अनुमति दी गयी है। जिसपर कोर्ट ने राज्य सरकार से एक सप्ताह के भीतर स्थिति से अवगत कराने को कहा है।