उत्तराखंड अल्पसंख्यक आयोग ने यूसीसी को बताया ऐतिहासिक! सबसे अधिक मुस्लिम महिलाओं को होगा फायदा, विरोधियों को भी दी नसीहत
उत्तराखंड सरकार के यूनिफॉर्म सिविल कोड बिल की बीजेपी नेता जमकर तारीफ कर रहे हैं। उत्तराखंड अल्पसंख्यक आयोग के उपाध्यक्ष मजहर नईम नवाब ने इस बिल को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि उत्तराखंड के पुष्कर सिंह धामी ने सही मायने में महिलाओं को उनके अधिकार सुरक्षित करने का काम किया है। उन्होंने कहा कि इस बिल के आने से अल्पसंख्यक महिलाओं के उत्पीड़न और हिंसा में काफी रोक लगेगी।
उन्होंने आगे कहा कि किसी को भी इस बिल का विरोध नहीं करना चाहिए। उन्होंने कहा कि वह प्रदेश हित में लाए गए इस बिल का पूरी तरह से स्वागत करते हैं। यूसीसी एक्ट लागू होने से सभी को समान अधिकार मिलेगा। मुस्लिम समाज सहित अन्य महिलाओं को इसका लाभ मिलेगा। नवाब ने कहा कि जिस तरह तीन तलाक मामले में केंद्र सरकार ने कानून बनाकर महिलाओं को उनका हक दिलाया है उसी प्रकार मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने यूनिफॉर्म सिविल कोड ड्राफ्ट को सदन के पटल पर रखकर आज इतिहास बनाया है। इस बिल के आने से महिलाओं को उनके सभी अधिकार मिलेंगे। उधर महिलाओं ने भी बिल की तारीफ की है और सरकार के इस फैसले को लेकर सीएम धामी को बधाई दी है। मजहर नईम नवाब ने कहा है कि इस कानून का सबसे ज्यादा फायदा मुस्लिम महिलाओं को होगा। जहां मुस्लिम महिलाओं को तलाक देकर लोग दो-दो शादियां करते हैं और इस कानून का आने से उत्तराखंड के सबसे अधिक मुस्लिम महिलाओं का इसका लाभ मिलने वाला है। मजहर नईम नवाब ने कहा है कि कुछ लोग इस बिल का विरोध कर रहे हैं लेकिन उनको पता होना चाहिए कि जब यह कानून बन रहा था तो उनका साथ लिया गया है और उनके सहमति से इस कानून को लाया गया है। लेकिन आज विपक्ष के लोग इस कानून पर वोट बैंक की राजनीति कर रहे हैं। इस कानून के आ जाने से सबसे अधिक खुशी किसको है तो वह मुस्लिम महिलाओं को है।