मिडिल ईस्ट में बिगड़े हालातः ईरान में तबाही का मंजर! अब तक 1230 लोगों की गई जान, प्रधानमंत्री मोदी ने मं​त्रियों को दिए अहम निर्देश

The situation in the Middle East has worsened: Iran is in a state of devastation! 1,230 people have died so far, and Prime Minister Modi has issued important instructions to his ministers.

नई दिल्ली। मिडिल ईस्ट में हालात लगातार बिगड़ते जा रहे हैं। अमेरिका-इजरायल और ईरान युद्ध के कारण कई देशों में लोगों की जान गई है। 9 मार्च तक सामने आए आंकड़ों के अनुसार मध्य पूर्व के अलग-अलग देशों में सैकड़ों लोगों की मौत हो चुकी है। इस संघर्ष में सबसे ज्यादा नुकसान ईरान में हुआ है। गैर-लाभकारी मानवीय संगठन ईरानी रेड क्रिसेंट सोसाइटी के अनुसार अब तक कम से कम 1230 लोगों की मौत हो चुकी है। इन मृतकों में 175 स्कूली छात्राएं और स्कूल स्टाफ भी शामिल हैं। इनकी मौत युद्ध के पहले दिन दक्षिणी ईरान के मीनाब शहर में एक प्राथमिक स्कूल पर मिसाइल हमले में हुई थी। इसके अलावा ईरानी सेना ने यह भी बताया कि पिछले सप्ताह श्रीलंका के तट के पास एक अमेरिकी पनडुब्बी द्वारा ईरान के एक युद्धपोत को डुबो दिए जाने के बाद कम से कम 104 लोगों की मौत हुई। हालांकि यह संख्या रेड क्रिसेंट द्वारा जारी कुल मौत के आंकड़े में शामिल नहीं है। यह भी साफ नहीं है कि कुल मृतकों में इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स के सैन्य जवानों की मौत शामिल है या नहीं। लेबनान में भी इस युद्ध का असर साफ दिखाई दे रहा है। लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार इजरायली हमलों में अब तक कम से कम 486 लोगों की मौत हो चुकी है। लगातार हो रहे हवाई हमलों के कारण वहां हालात तनावपूर्ण बने हुए हैं।

प्रधानमंत्री मोदी ने मं​त्रियों को दिए अहम निर्देश
इधर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई केंद्रीय कैबिनेट की बैठक में कई अहम प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। इस दौरान पश्चिम एशिया में जारी तनाव को लेकर भी चर्चा हुई। सूत्रों के मुताबिक कैबिनेट बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंत्रियों और मंत्रालयों को निर्देश दिया कि वे साथ​ मिलकर काम करें ताकि पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष का असर देश के नागरिकों पर कम से कम पड़े। उन्होंने सभी अहम मंत्रालयों को किसी भी संभावित चुनौती के लिए पूरी तैयारी सुनिश्चित करने का निर्देश भी दिया। बैठक में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने जल जीवन मिशन को दिसंबर 2028 तक बढ़ाने की मंजूरी दे दी है। केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने मंगलवार को कैबिनेट बैठक में लिए गए अहम फैसलों की जानकारी देते हुए बताया कि सरकार ने जल जीवन मिशन के कुल बजट को बढ़ाकर 8.7 लाख करोड़ रुपये करने को मंजूरी दी है। यह योजना पहले 2019 से 2024 की अवधि के लिए मंजूर की गई थी। अब तक इस योजना के तहत देश के लगभग 12.6 करोड़ ग्रामीण घरों को नल के जरिए पीने के पानी का कनेक्शन उपलब्ध कराया जा चुका है।