किच्छा में विजिलेंस का बड़ा एक्शनः 12 हजार की रिश्वत लेते ज्येष्ठ उद्यान निरीक्षक रंगे हाथ गिरफ्तार, विभाग में मचा हड़कंप

Major vigilance action in Kichha: Senior garden inspector caught red-handed taking a bribe of 12,000, causing panic in the department.

रुद्रपुर। विजिलेंस ने भ्रष्टाचार के खिलाफ एक और बड़ी कार्रवाई करते हुए ऊधम सिंह नगर जिले के किच्छा में उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग के एक ज्येष्ठ उद्यान निरीक्षक को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। इस कार्रवाई के बाद विभाग में हड़कंप मच गया है और अन्य कर्मचारियों में भी खलबली देखी जा रही है। यह पूरा मामला उस समय सामने आया जब एक शिकायतकर्ता ने सतर्कता अधिष्ठान की टोल फ्री हेल्पलाइन 1064 पर शिकायत दर्ज कराई। शिकायतकर्ता जो पेशे से लकड़ी के ठेकेदार हैं, ने आरोप लगाया कि उन्होंने ग्राम गऊघाट में काश्तकारों से निजी आम के पेड़ खरीदे थे और उन्हें काटने के लिए नियमानुसार अनुमति की प्रक्रिया पूरी की थी। शिकायत के अनुसार उन्होंने 26 आम के पेड़ों को काटने की अनुमति के लिए आवेदन किया था। विभागीय अधिकारियों द्वारा मौके का निरीक्षण भी किया जा चुका था और कागजी प्रक्रिया अंतिम चरण में थी। इसी दौरान आरोप है कि उद्यान विभाग में तैनात ज्येष्ठ उद्यान निरीक्षक बादल पांडे ने 16 पेड़ों की कटान अनुमति देने के एवज में 12 हजार रुपये की रिश्वत की मांग की।

विजिलेंस टीम ने शिकायत को गंभीरता से लेते हुए प्राथमिक जांच की, जिसमें आरोप प्रथम दृष्टया सही पाए गए। इसके बाद सतर्कता अधिष्ठान हल्द्वानी में मामला दर्ज किया गया और पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर एक विशेष ट्रैप टीम का गठन किया गया। गुरुवार को योजनाबद्ध तरीके से ट्रैप टीम ने किच्छा स्थित उद्यान सचल दल केंद्र में कार्रवाई को अंजाम दिया। जैसे ही शिकायतकर्ता ने आरोपी को तय रकम सौंपी, विजिलेंस ने मौके पर ही दबिश देकर ज्येष्ठ उद्यान निरीक्षक बादल पांडे को 12 हजार रुपये रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को आगे की पूछताछ के लिए हल्द्वानी ले जाया गया है। विजिलेंस की इस कार्रवाई से विभाग में अफरा-तफरी का माहौल है और अन्य कर्मचारियों में भी डर का माहौल देखा जा रहा है। वहीं विजिलेंस के निदेशक सतर्कता डॉ. वी. मुरूगेशन ने ट्रैप टीम के इस सफल ऑपरेशन की सराहना करते हुए उन्हें नगद पुरस्कार देने की घोषणा की है। साथ ही उन्होंने आम जनता से अपील की है कि भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ाई में सहयोग करें और किसी भी प्रकार की रिश्वतखोरी की सूचना तुरंत टोल फ्री नंबर 1064 या व्हाट्सएप हेल्पलाइन 9456592300 पर दें।