Commercial LPG पर बड़ा फैसला: उत्तराखंड में Revised SOP जारी, होटल-रेस्टोरेंट से उद्योग तक तय हुआ कोटा
देहरादून, 2 अप्रैल 2026:
उत्तराखंड शासन के खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग ने राज्य में व्यवसायिक एलपीजी सिलेंडरों की बढ़ती मांग और आपूर्ति संतुलन को ध्यान में रखते हुए पूर्व में निर्धारित एसओपी को अतिक्रमित करते हुए संशोधित एसओपी (Revised SOP) लागू कर दी है। यह आदेश 2 अप्रैल 2026 को जारी किया गया है, जिसमें पश्चिम एशिया संकट के कारण एलपीजी आपूर्ति में आई बाधाओं के मद्देनजर नई व्यवस्था लागू की गई है।

नई एसओपी के अनुसार केंद्र सरकार के निर्देशों के आधार पर व्यवसायिक एलपीजी के लिए कुल 66 प्रतिशत कोटा निर्धारित किया गया है, जबकि इससे पहले यह 40 प्रतिशत था। संशोधित व्यवस्था के तहत होटल एवं रिजॉर्ट को 1500 सिलेंडर (24 प्रतिशत), रेस्टोरेंट एवं ढाबों को 2000 सिलेंडर (32 प्रतिशत), सरकारी एवं नियंत्रित गेस्ट हाउस को 300 सिलेंडर (5 प्रतिशत), डेयरी एवं खाद्य प्रसंस्करण इकाइयों को 200 सिलेंडर (3 प्रतिशत), छात्रावास एवं पेइंग गेस्ट आवास को 200 सिलेंडर (3 प्रतिशत), होम स्टे एवं स्वयं सहायता समूहों को 200 सिलेंडर (3 प्रतिशत), विवाह समारोहों के लिए 660 सिलेंडर (10 प्रतिशत) तथा औद्योगिक इकाइयों को 1250 सिलेंडर (20 प्रतिशत) का दैनिक आवंटन तय किया गया है। इस प्रकार कुल 6310 सिलेंडरों का प्रतिदिन वितरण निर्धारित किया गया है।

जिलों के अनुसार भी व्यवसायिक एलपीजी का प्रतिशत तय किया गया है, जिसमें देहरादून को 31 प्रतिशत, हरिद्वार और नैनीताल को 13-13 प्रतिशत, उधमसिंह नगर को 9 प्रतिशत, चमोली को 6 प्रतिशत, रुद्रप्रयाग को 5 प्रतिशत, जबकि टिहरी, पौड़ी, उत्तरकाशी और अल्मोड़ा को 4-4 प्रतिशत आवंटन दिया गया है। पिथौरागढ़ को 3 प्रतिशत तथा बागेश्वर और चम्पावत को 2-2 प्रतिशत हिस्सा निर्धारित किया गया है।
विवाह समारोहों के लिए विशेष प्रावधान करते हुए अधिकतम दो व्यवसायिक सिलेंडर देने का प्रावधान रखा गया है, जिसके लिए आवेदक को जिलाधिकारी या जिला पूर्ति अधिकारी के माध्यम से आवेदन करना होगा। सत्यापन के बाद अस्थायी गैस कनेक्शन जारी किया जाएगा और संबंधित एलपीजी वितरक द्वारा आपूर्ति सुनिश्चित की जाएगी।

उद्योगों के लिए प्रतिदिन 1250 सिलेंडरों का अलग कोटा निर्धारित किया गया है, जिसमें देहरादून, हरिद्वार और उधमसिंह नगर को 380-380 सिलेंडर, पौड़ी को 70 सिलेंडर तथा नैनीताल और टिहरी को 20-20 सिलेंडर आवंटित किए गए हैं।
आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि राज्य में तेल एवं गैस कंपनियां (OMCs) जैसे इंडियन ऑयल, बीपीसीएल और एचपीसीएल अपनी बाजार हिस्सेदारी के अनुसार व्यवसायिक एलपीजी की आपूर्ति सुनिश्चित करेंगी और इसकी सूचना संबंधित जिलाधिकारियों को भी देंगी। यह आदेश खाद्य विभाग के सचिव आनंद स्वरूप द्वारा डिजिटल हस्ताक्षर के साथ जारी किया गया है, जिसका उद्देश्य राज्य में व्यवसायिक गैस आपूर्ति को सुव्यवस्थित और संतुलित बनाए रखना है।