हिमाचल में बड़ा हादसाः 300 मीटर गहरी खाई में गिरी इनोवा! पांच पर्यटकों समेत 6 लोगों की मौत, लोग बोले- पैराफिट होता तो बच सकती थीं छह जिंदगियां

Major accident in Himachal: Innova car plunges into 300-meter-deep gorge, killing six people, including five tourists. People say a parapet could have saved six lives.

चंबा। हिमाचल प्रदेश के चंबा जिले में हुए एक दर्दनाक सड़क हादसे ने हर किसी को झकझोर कर रख दिया। चंबा-पठानकोट राष्ट्रीय राजमार्ग पर तुनुहट्टी क्षेत्र के काकीरा घार के पास शनिवार देर रात करीब तीन बजे गुजरात से आए पर्यटकों को लेकर जा रही एक इनोवा टैक्सी अचानक अनियंत्रित होकर लगभग 300 मीटर गहरी खाई में जा गिरी। इस हादसे में गुजरात के पांच पर्यटकों और टैक्सी चालक की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि चार अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। जानकारी के अनुसार गुजरात के पर्यटक धर्मशाला से डलहौजी घूमने के लिए टैक्सी किराए पर लेकर निकले थे। गाड़ी में कुल 10 लोग सवार थे। बताया जा रहा है कि जब वाहन तुनुहट्टी क्षेत्र के काकीरा घार के समीप पहुंचा, तभी अचानक चालक वाहन से नियंत्रण खो बैठा और टैक्सी सीधे गहरी खाई में जा गिरी।

दुर्घटना इतनी भयावह थी कि गाड़ी के परखच्चे उड़ गए और घटनास्थल पर चीख-पुकार मच गई। हादसे की तेज आवाज सुनकर आसपास के स्थानीय लोग तुरंत मौके पर पहुंचे और पुलिस व प्रशासन को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन और राहत-बचाव दल तत्काल घटनास्थल के लिए रवाना हुए। उस समय क्षेत्र में तेज बारिश हो रही थी और घना अंधेरा छाया हुआ था, जिससे राहत कार्य में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। फिसलन भरी ढलान और खराब मौसम के बीच बचाव दल ने कड़ी मशक्कत के बाद घायलों और शवों को खाई से बाहर निकाला। घायलों को तत्काल नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर हालत को देखते हुए टांडा मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया। चिकित्सकों के अनुसार घायलों की हालत नाजुक बनी हुई है और उनका उपचार जारी है। हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक चंबा विजय कुमार सकलानी स्वयं पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे और राहत कार्यों का जायजा लिया। उन्होंने बताया कि पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और दुर्घटना के कारणों की गहन जांच की जा रही है। साथ ही मृतकों और घायलों के परिजनों को सूचित करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।

प्राथमिक जांच में आशंका जताई जा रही है कि हादसे के समय क्षेत्र में लगातार भारी बारिश हो रही थी, जिससे सड़क पर अत्यधिक फिसलन थी। संभव है कि इसी कारण चालक वाहन पर नियंत्रण खो बैठा हो। वहीं कुछ लोगों का मानना है कि चालक को नींद की झपकी आने के कारण भी यह हादसा हो सकता है। हालांकि पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच कर रही है। इधर स्थानीय लोगों ने इस हादसे को लेकर प्रशासनिक लापरवाही पर भी सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि जिस स्थान पर हादसा हुआ वहां सड़क किनारे कोई मजबूत पैराफिट या सुरक्षा दीवार नहीं थी। यदि वहां पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था होती तो संभवतः वाहन खाई में गिरने से बच सकता था और कई जिंदगियां बचाई जा सकती थीं। वहीं हादसे के बाद एक और चौंकाने वाली तस्वीर सामने आई, जिसमें पुलिस शवों को पोस्टमार्टम के लिए एंबुलेंस के बजाय पिकअप वाहन में अस्पताल ले जाती दिखाई दी। इस दृश्य ने स्थानीय लोगों में नाराजगी पैदा कर दी और आपदा प्रबंधन की व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।