बड़ी खबरः सिद्धारमैया ने छोड़ी कर्नाटक के सीएम की कुर्सी! आखिरी कैबिनेट बैठक में हुए भावुक, बोले- 20 सालों में आप पर बहुत चिल्लाया... दिल पर मत लेना
नई दिल्ली। कर्नाटक की राजनीति में लंबे समय से चल रही अटकलों के बीच आखिरकार मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया। इस्तीफे से पहले उन्होंने बेंगलुरु में कैबिनेट की आखिरी बैठक की, जहां माहौल भावुक हो गया। करीब दो दशक तक पार्टी और सरकार में अहम भूमिका निभाने वाले सिद्धारमैया ने अपने सहयोगियों को संबोधित करते हुए कहा कि उन्होंने कई बार मंत्रियों पर गुस्सा किया, डांटा और कड़े शब्द कहे, लेकिन उसका उद्देश्य हमेशा पार्टी और सरकार के हितों की रक्षा करना था, किसी के प्रति निजी भावना नहीं। कैबिनेट बैठक के दौरान सिद्धारमैया ने भावुक अंदाज में कहा कि पिछले 20 वर्षों में उन्होंने कई मौकों पर अपने साथियों पर आवाज ऊंची की, नाराजगी जताई और सख्त रवैया अपनाया। उन्होंने अपने सहयोगियों से अपील की कि वे उन बातों को दिल पर न लें और भूल जाएं। उन्होंने कहा कि राजनीति और प्रशासन चलाने के दौरान कई बार कठिन फैसले लेने पड़ते हैं और उनका हर कदम पार्टी और सरकार को मजबूत करने के लिए था। उन्होंने अपने सभी मंत्रियों और सहयोगियों को वर्षों तक साथ देने और समर्थन करने के लिए धन्यवाद भी दिया। मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने के बाद सिद्धारमैया ने बेंगलुरु में मीडिया को संबोधित करते हुए कहा कि उन्होंने अपना इस्तीफा राज्यपाल कार्यालय में सौंप दिया है। उन्होंने बताया कि राज्यपाल फिलहाल बेंगलुरु में मौजूद नहीं हैं और देर रात लौटेंगे, इसलिए इस्तीफा पत्र उनके कार्यालय में जमा कर दिया गया है।
सिद्धारमैया ने कहा कि वह पहले भी कई बार सार्वजनिक रूप से कह चुके थे कि जब भी पार्टी हाईकमान उनसे पद छोड़ने के लिए कहेगा, वह बिना किसी हिचकिचाहट के इस्तीफा दे देंगे। उन्होंने कहा कि दो दिन पहले पार्टी हाईकमान ने उनसे मुख्यमंत्री पद छोड़ने के लिए कहा था, जिसके बाद उन्होंने आश्वासन दिया था कि वह तय समय पर इस्तीफा दे देंगे। उसी वादे के अनुसार उन्होंने अब पद छोड़ दिया है। सिद्धारमैया के बयान से साफ संकेत मिला कि यह फैसला पूरी तरह पार्टी नेतृत्व के निर्देश पर लिया गया है और उन्होंने संगठन के फैसले को प्राथमिकता दी। इस्तीफे के बाद अब कर्नाटक की राजनीति में नए नेतृत्व को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। माना जा रहा है कि कांग्रेस नेतृत्व जल्द ही नए मुख्यमंत्री के नाम का ऐलान कर सकता है। पार्टी के भीतर लंबे समय से नेतृत्व परिवर्तन को लेकर चर्चाएं चल रही थीं और अब सिद्धारमैया के इस्तीफे के बाद राजनीतिक समीकरण तेजी से बदलते नजर आ रहे हैं। सूत्रों के मुताबिक, इस्तीफे के तुरंत बाद सिद्धारमैया दिल्ली रवाना होंगे, जहां उनकी मुलाकात कांग्रेस नेता राहुल गांधी और पार्टी आलाकमान से होगी। उनके साथ कर्नाटक के प्रभारी रणदीप सिंह सुरजेवाला भी मौजूद रहेंगे। बताया जा रहा है कि इस बैठक में सिद्धारमैया की आगे की राजनीतिक भूमिका और पार्टी में उनकी जिम्मेदारियों को लेकर चर्चा होगी। कांग्रेस नेतृत्व यह तय करेगा कि आने वाले समय में उन्हें संगठन या राष्ट्रीय राजनीति में कौन सी भूमिका दी जाए।