Good Morning India: चैत्र नवरात्रि शुरू, मंदिरों में उमड़ा आस्था का सैलाब, आज अयोध्या में रचेगा इतिहास, स्थापित होगा दुनिया का पहला श्री राम यंत्र! वैश्विक तेल बाजार में हाहाकार, गैस फील्ड और रिफाइनरियों पर हमलों से बौखलाए ईरान ने बरसाईं मिसाइलें! बुकिंग ऐप पर धुरंधर-2 की आंधी, 24 घंटे में बिके 14.81 लाख टिकट! लिंक में जानें क्यों मनाई जाती है चैत्र नवरात्रि, क्या है पौराणिक कथा?
नमस्कार दोस्तो, आवाज इंडिया के खास कॉलम ‘गुड मार्निंग इंडिया’ में आपका पुनः स्वागत है। आप सभी को चैत्र नवरात्रि की हार्दिक शुभकामनाएं। आज देशभर में आस्था और उल्लास के साथ नवरात्रि की शुरूआत हो चुकी है। सुबह से ही मंदिरों में आस्था का सैलाब उमड़ा है और हर तरफ माता रानी के जयकारे गूंज रहे हैं। इसी के साथ आज के प्रमुख कार्यक्रमों पर नजर डालते हैं। आज से विक्रम संवत 2083 की शुरुआत, गुड़ी पड़वा और चैत्र नवरात्रि का शुभारंभ हो गया। वहीं अल-फलाह यूनिवर्सिटी मनी लॉन्ड्रिंग केस में ED की याचिका पर दिल्ली हाईकोर्ट में आज सुनवाई होगी। इधर राहुल गांधी की नागरिकता विवाद याचिका पर इलाहाबाद हाईकोर्ट लखनऊ बेंच में आज सुनवाई होगी।
अब बड़ी खबरों की तरफ रूख करते हैं, देशभर में चैत्र नवरात्रि को लेकर आस्था और उल्लास का माहौल देखने को मिल रहा है। इस दौरान मंदिरों में आस्था का सैलाब उमड़ रहा है और लोग पूजा अर्चना कर माता रानी का आशीर्वाद ले रहे हैं। बता दें कि चैत्र शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि से नवमी तक माता के नौ स्वरूपों की पूजा-अर्चना की जाती है। साथ व्रत ही व्रत भी किया जाता है। चैत्र नवरात्रि के पहले दिन घटस्थापना (कलश स्थापना) के साथ ही अखंड ज्योत भी जलाई जाती है। इससे घर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है और परिवार पर देवी मां की कृपा भी बरसती है। चैत्र नवरात्रि की नवमी तिथि के दिन राम नवमी का त्यौहार भी मनाया जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, चैत्र शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि के दिन ही प्रभु श्री राम का जन्म हुआ था। पौराणिक कथा के अनुसार अनुसार, महिषासुर नामक राक्षस का आतंक पृथ्वी लोक पर काफी अधिक बढ़ गया था। महिषासुर को वरदान था कि उसे कोई देव या दानव नहीं हरा पाएगा। महिषासुर के आतंक से चारों तरफ त्राहिमाम-त्राहिमाम मचा हुआ था। इसके बाद सभी देवताओं ने माता पार्वती से उनकी रक्षा के लिए प्रार्थना किया। तब देवी पार्वती ने अपने अंश से नौ रूप प्रकट किए, जिन्हें देवताओं ने अपने शस्त्र देकर शक्ति संपन्न किया। धार्मिक मान्यताओं के मुताबिक, ये पूरी प्रक्रिया चैत्र माह के प्रतिपदा तिथि से शुरू होकर पूरे 9 दिनों तक चला था। इसके बाद से चैत्र महीने में नवरात्रि मनाने की परंपरा की शुरुआत हुई।
उधर चैत्र नवरात्रि के पहले दिन आज श्रीराम जन्मभूमि मंदिर उस समय एक नए इतिहास का साक्षी बनेगा, जब राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू मंदिर के द्वितीय तल पर श्रीराम यंत्र की विधिवत स्थापना करेंगी। इस समारोह का साक्षी बनने के लिए करीब सात हजार मेहमान मौजूद रहेंगे। इस विशेष अवसर पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, राज्यपाल आनंदीबेन पटेल, राम मंदिर ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष गोविंद देव गिरि, सदस्य जगद्गुरु विश्व प्रसन्न तीर्थ और तीन आचार्य उपस्थित रहेंगे। श्रीराम यंत्र स्थापना के बाद राष्ट्रपति प्रथम तल पर विराजमान राम परिवार का दर्शन-पूजन एवं आरती करेंगी। इसके बाद वह सप्तमंडपम में स्थापित महर्षि वाल्मीकि, माता शबरी और निषादराज के मंदिरों में दर्शन करेंगी। इस क्रम को सामाजिक समरसता और वंचित वर्गों के सम्मान के प्रतीक के रूप में एक बड़े संदेश के तौर पर देखा जा रहा है।
इधर अमेरिका और इजरायल के ईरान पर हमले जारी हैं। बुधवार को ईरान के विशाल पार्स गैस क्षेत्र पर हमला हुआ। यह इस युद्ध के दौरान ईरान के खाड़ी में स्थित एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर पर हुआ पहला हमला है। इसके जवाब में ईरान ने चेतावनी दी है कि वह सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात और कतर में तेल और गैस के प्रतिष्ठानों पर हमले करेगा। बुधवार को उसने सऊदी अरब के उस प्रांत पर हमले किए जिसमें कई तेल क्षेत्र मौजूद हैं। सऊदी अरब की राजधानी रियाद में भी बुधवार रात दो तेज धमाकों की आवाजें सुनी गईं। हालांकि सऊदी अरब ने रियाद की तरफ आ रहीं चार बैलिस्टिक मिसाइलों को नष्ट भी कर दिया। इन हमलों के बाद वैश्विक तेल बाजार में हाहाकार मच गया है।
उधर मध्य पूर्व में अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच में जारी जंग दिन-ब-दिन खतरनाक होती जा रही है। कतर में हमले के एक दिन बाद अब ईरान के निशाने पर अबू धाबी आ गया है। अबू धाबी मीडिया ऑफिस ने बताया कि हबशान गैस फैसिलिटी को पूरी तरह बंद कर दिया गया है, क्योंकि इसमें हाल ही में इंटरसेप्ट की गई मिसाइल के टुकड़े बिखर गए थे। अधिकारियों ने बाब ऑयल फील्ड और गैस फैसिलिटी पर भी तुरंत काम शुरू कर दिया है। मीडिया ऑफिस ने कहा, 'गैस फैसिलिटी का काम रोक दिया गया है और किसी को चोट नहीं आई है।' दूसरी ओर अमेरिका और इजरायल के हमले के बाद ईरान और उसके सहयोगी लगातार जवाबी कार्रवाई कर रहे हैं। प्रेस टीवी के अनुसार ईरानी सशस्त्र बल और क्षेत्रीय प्रतिरोधी समूह अमेरिका और इजरायल को निशाना बना रहे हैं। बुधवार 18 मार्च को इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर और ईरानी सेना ने 'ऑपरेशन ट्रू प्रॉमिस 4' के तहत कई हमले किए।
इधर आदित्य धर की 'धुरंधर2' का शोर अब हर तरफ गूंज रहा है। सोशल मीडिया पर भी सिर्फ इसी फिल्म के चर्चे हैं। रणवीर सिंह स्टारर फिल्म आज 19 मार्च को सिनेमाघरों में रिलीज हो रही है, लेकिन इससे पहले फिल्म के पेड प्रीव्यू रखकर मेकर्स ने दर्शकों की चांदी कर दी। धुरंधर 2 के पेड प्रीव्यू में भी सिनेमाघरों के बाहर दर्शकों की भीड़ उमड़ पड़ी और अब रिलीज से चंद घंटे पहले इस फिल्म ने एक नया ही रिकॉर्ड बना दिया है और इस रिकॉर्ड से पूरे बॉलीवुड को चौंका दिया है। इसी के साथ ये भी साफ हो गया है कि 'धुरंधर 2' बॉक्स ऑफिस पर कई बड़े रिकॉर्ड बनाने के लिए तैयार है। फिल्म की रिलीज से पहले ही ऑनलाइन टिकट बुकिंग ऐप बुक माई शो पर इसके 14.81 लाख टिकट एडवांस में ही बुक हो चुके हैं और सबसे खास बात तो ये है कि ये अब तक का सबसे बड़ा आंकड़ा है। अब तक ये रिकॉर्ड शाहरुख खान की 2023 में रिलीज हुई ब्लॉकबस्टर फिल्म 'जवान' के नाम था, लेकिन अब 14.81 लाख टिकटों की बिक्री के साथ ये पहले पायदान पर पहुंच गई है। अगर उन टॉप फिल्मों की बात करें, जिनकी रिलीज से पहले सबसे ज्यादा टिकिट्स बिकी हैं तो उनमें पहले नंबर पर शाहरुख खान, नयनतारा और दीपिका पादुकोण स्टारर 'जवान' थी, जिसकी कुल 11.02 लाख टिकट बिकी थीं। मगर अब, जवान को पीछे छोड़ते हुए धुरंधर इस लिस्ट में पहले नंबर पर कब्जा कर चुकी है।
उधर गुजरात सरकार ने बुधवार को 'गुजरात समान नागरिक संहिता, 2026' विधेयक विधानसभा में पेश किया। इस विधेयक का उद्देश्य जिसका उद्देश्य धर्म, जाति या पंथ की परवाह किए बिना विवाह, तलाक, उत्तराधिकार और सहजीवन संबंध से संबंधित कानूनों को रेग्यूलेट करना है। अन्य बातों के अलावा, इसमें सहजीवन संबंध (लिव-इन रिलेशनशिप) के रजिस्ट्रेशन के साथ-साथ औपचारिक घोषणा के माध्यम से उन्हें समाप्त करने का प्रावधान भी है। राज्य के डिप्टी सीएम हर्ष संघवी ने यह विधेयक विधानसभा में पेश किया। राज्य द्वारा नियुक्त समिति ने एक दिन पहले ही राज्य में समान नागरिक संहिता (UCC) के कार्यान्वयन पर अपनी अंतिम रिपोर्ट मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल को सौंपी थी। कृषि मंत्री और सरकार के प्रवक्ता जीतू वाघानी ने कैबिनेट की बैठक के बाद पत्रकारों को बताया कि यूसीसी विधेयक विधानसभा में पेश कर दिया गया है। सदन में इस पर आगे चर्चा होगी। सभी अपने विचार साझा कर सकते हैं। UCC विधेयक एक बहुत महत्वपूर्ण कानून है। हमारी सरकार यह विधेयक इसलिए लायी है ताकि हर नागरिक को समान अधिकार मिल सकें।
इधर देश की शीर्ष अदालत ने केंद्र सरकार से कहा है कि वह पैटरनिटी लीव यानी पितृत्व अवकाश को सामाजिक सुरक्षा लाभ के तौर पर मान्यता देने के लिए कानून पर विचार करे। इसके साथ ही सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि बच्चे की परवरिश कोई एकल जिम्मेदारी नहीं है और भले ही बच्चे के विकास में मां की भूमिका महत्वपूर्ण होती है, लेकिन पिता की भूमिका को नजरअंदाज करना अन्यायपूर्ण होगा। सुप्रीम कोर्ट की ये टिप्पणियां उस समय आईं जब उसने बच्चे को गोद लेने संबंधी मामले में ऐसे प्रावधान को निरस्त कर दिया, जिसके तहत तीन महीने से कम उम्र के बच्चे को कानूनी रूप से गोद लेने पर ही संबंधित महिला को मैटरनिटी लीव (मातृत्व अवकाश) मिलता था। इस प्रावधान को खारिज करते हुए अदालत ने कहा कि गोद लेने वाली मां को 12 सप्ताह का मातृत्व अवकाश मिलना चाहिए, भले ही बच्चे की उम्र कुछ भी क्यों न हो।
उधर उत्तर-पश्चिम भारत में मौसम में अचानक बदलाव आया है। दिल्ली-एनसीआर समेत उत्तर भारत के मैदानी राज्यों में जहां बारिश हुई है, वहीं पश्चिमी हिमालयी क्षेत्रों में बारिश के साथ बर्फबारी भी दर्ज की गई है। इससे बढ़ते तापमान में गिरावट आई है और मौसम सुहावना हो गया है। देश के पूर्वी, पूर्वोत्तर और दक्षिणी हिस्से में भी आंधी-तूफान के साथ बारिश हुई है। अगले दो दिन मौसम के ऐसे ही बने रहने के आसार हैं और मैदानी राज्यों में कुछ जगहों पर ओलावृष्टि की भी संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार, जम्मू-कश्मीर और हिमाचल प्रदेश में 19 मार्च को, उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा, पश्चिमी उत्तर प्रदेश और पूर्वी राजस्थान में 19 और 20 मार्च को, पश्चिमी राजस्थान में 20 मार्च को और पूर्वी उत्तर प्रदेश में छिटपुट ओलावृष्टि की भी संभावना है। मध्य और पूर्वी भारत में 22 मार्च तक छिटपुट गरज के साथ तेज हवाएं चलने की संभावना है।
इधर अमेरिका की जांच एजेंसी फेडरल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन (एफबीआई) ने एक भारतीय नागरिक कल्पेशकुमार रसिकभाई पटेल की तलाश तेज कर दी है। कल्पेश कुमार पटेल पर आरोप है कि उसने 2017 से 2021 के बीच अमेरिका में कई लोगों के साथ धोखाधड़ी की बड़ी साजिश को अंजाम दिया। एफबीआई के मुताबिक, कल्पेश कुमार पटेल जिसे 'केनी पटेल' के नाम से भी जाना जाता है, करीब 35 साल का है और फिलहाल अमेरिका के इलिनॉय और पेंसिल्वेनिया के बीच कहीं रह रहा हो सकता है या वहां आ-जा रहा हो सकता है। वह पहले एक फ्यूल स्टेशन पर काम करता था, लेकिन उस पर आरोप है कि वह एक ऐसे नेटवर्क का हिस्सा था, जो लोगों को फोन करके ठगता था। इस गिरोह का तरीका काफी चालाक था। वे लोगों को फोन कर यह कहते थे कि उनकी पहचान या निजी जानकारी किसी अपराध से जुड़ी हुई है। डर और भ्रम पैदा करके लोगों को मजबूर किया जाता था कि वे बड़ी रकम भेजें। ज्यादातर मामलों में पीड़ितों से नकद पैसा या प्रीपेड डेबिट कार्ड के जरिए पैसे अलग-अलग पते पर भिजवाए जाते थे।
अब उत्तराखण्ड की खबरों पर नजर डालते हैं, उत्तराखंड में व्यावसायिक एलपीजी सिलिंडरों के वितरण के लिए एसओपी जारी होने के बाद तेल कंपनियों ने जिलेवार आवंटन शुरू कर दिया गया है। इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन, हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉरपोरेशन और भारत पेट्रोलियम कॉरपोरेशन अब शासन की एसओपी के अनुसार गैस एजेंसियों के लिए सिलिंडर उपलब्ध करा रही हैं। अपर आयुक्त खाद्य पीएस पांगती के मुताबिक नई व्यवस्था के तहत हर गैस एजेंसी को उसके पास उपलब्ध व्यावसायिक गैस कनेक्शनों की संख्या के अनुरूप सिलिंडरों का आवंटन किया जाएगा। इससे वितरण प्रणाली में पारदर्शिता बढ़ेगी और आवश्यकतानुसार आपूर्ति सुनिश्चित हो सकेगी। राज्य में वर्तमान में 63,054 व्यावसायिक गैस कनेक्शन हैं, जिनकी आपूर्ति 311 गैस एजेंसियों के माध्यम से की जाती है।
इधर कैंसर के नियंत्रण व निगरानी के लिए अब सभी सरकारी, निजी अस्पताल, नर्सिंग होम व क्लीनिकों को कैंसर से पीड़ित मरीज, उपचार, कैंसर का प्रकार व मृत्यु का रिकॉर्ड अनिवार्य रूप से देना होगा। इस संबंध में स्वास्थ्य विभाग ने अधिसूचना जारी कर दी है। सचिव स्वास्थ्य सचिन कुर्वे की ओर से जारी अधिसूचना के अनुसार सार्वजनिक स्वास्थ्य के लिए कैंसर गंभीर चुनौती के रूप में उभर रहा है। लेकिन कैंसर बीमारी में रिपोर्टिंग प्रणाली का अभाव है। रोग नियंत्रण, प्रबंधन व निदान के लिए निगरानी व मूल्यांकन तंत्र की आवश्यकता के लिए महामारी अधिनियम के तहत कैंसर को अधिसूचित रोग घोषित किया गया। इससे सरकारी, निजी अस्पतालों, मेडिकल कॉलेज, लैब, नर्सिंग होम को हर नए मामले की जानकारी सरकार को देना अनिवार्य होता है। कैंसर मरीजों, उपचार व मृत्यु का डाटा तैयार होने से नियंत्रण व निगरानी में मदद मिलेगी।