उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हरदा को स्वीकार है केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह की चुनौती
उत्तराखंड प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने भारत के केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह की बहस की चुनौती स्वीकार कर ली हैं। पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने चुनौती को स्वीकार करते हुए अपने फेसबुक पोस्ट में लिखा - आदरणीय #AmitShah जी ने कृपा कर मुझे चुनौती दे डाली है कि भाजपा के विकास कार्य बनाम कांग्रेस के विकास कार्यों की मैं अपने को श्री अमित शाह जी की चुनौती स्वीकार करने के लिए बलशाली नहीं मानता हूँ। मगर फिर भी यदि उनका आदेश होगा तो मैं कहीं भी बहस के लिए, चाहे किसी टेलीविजन शो पर हो या आमने-सामने मंच लगाकर किसी मैदान में हो मैं तैयार हूँ। मुझसे जो सवाल करने हों, मैं उन सवालों का उत्तर दूंगा और जो काम हमने किये उनका वर्णन करूंगा।
इतना ही नहीं पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने आगे लिखते हुए कहा कि मैं अमित शाह जी का आदर करता हूँ। उनसे आमने-सामने खड़े होकर के यह नहीं कहूंगा कि आपने ये क्यों नहीं किया वो क्यों नहीं किया ! अपने से बड़े पद पर प्रतिष्ठित व्यक्ति से सवाल करना मेरी समझ में नहीं है। उन्होंने एक उल्लेख डेनिश नाम की शराब की ब्रांड का किया। हाँ, हमारे समय में वो ब्रांड प्रचलन में थी उसका स्वाद लोगों को पसंद नहीं आया था क्योंकि हमने उस ब्रांड के लोगों से कहा कि आपको तभी मार्केटिंग राइट दिए जाएंगे, जब आप 20 प्रतिशत उत्तराखंडी फलों का डिस्टिलेशन को इसमें सम्मिलित करोगे। इससे डेनिश का जो नेचुरल स्वाद था वो बिगड़ गया, लोगों को पसंद नहीं आया, यह सत्यता है और हमने उसकी कीमत भी अदा की। लेकिन डेनिश का विरोध करने का हक भाजपा को नहीं है। आज भी डेनिश शराब की दुकानों में ही नहीं बिक रही है, बल्कि भारत सरकार के भूतपूर्व रक्षा कर्मियों और रक्षा कर्मियों के लिए जो कैंटीनें खोली हैं, उन कैंटीनों में भी डेनिश की ब्रांड लोगों को आवंटित की जा रही है। लोगों को वो बिक्री के लिए उपलब्ध है तो ये हमारी डेनिश जहर थी और भाजपा की डेनिश अमृत है, मैं इस तर्क को स्वीकार करने के लिए तैयार नहीं हूँ। हां मैं एक बात जरूर दावे के साथ कह रहा हूं कि हमारे समय में शराब पीने से कहीं, किसी की मौत नहीं हुई। मगर भाजपा के समय में जिस दिन से वो सत्ता में आये, 7 स्थानों पर नकली शराब पीने से लोगों की मौत हो चुकी है। जिसमें से एक ऐसे कांड में भाजपा का एक पूर्व सभासद देहरादून में संलिप्त पाया गया और एक उनका मण्डल का कोई पदाधिकारी भगवानपुर में हुये अवैध शराब के कांड में संलिप्त पाया गया।
इतना ही नहीं हरीश रावत ने कहा चाहें तो सीबीआई से जांच करवा लें। कम से कम गृह मंत्री को मंच से कोई आरोप लगाते हुए थोड़ा सच के करीब होना चाहिए. हरीश रावत ने अपने स्टिंग को लेकर कहा कि भाजपा चाहे जितने स्टिंग दिखाना चाहे, दिखा सकती है. अब तो स्टिंग करने वाले, प्रोत्साहित करने वाले, उन्हें प्रचारित करने वाले सभी भाजपा में ही हैं। मैं आज भी चुनौती देता हूं कि किसी भी सार्वजनिक स्थान पर भाजपा मेरा स्टिंग दिखा ले और मैं भाजपा का स्टिंग जनता के सामने रखूंगा। हरदा ने कहा, अमित शाह ने अपने संबोधन में मुझ पर फोकस किया ऐसा लगता है हरीश रावत उनकी चाहत हो गए हैं।