Aug 23, 2026 Login

सीएम धामी का जमीनी एक्शन: जन शिकायत की पड़ताल करने खुद जाखन पहुंचे धामी, वीडियो कॉल पर अधिकारियों की लगाई क्लास

CM Dhami's Ground-Level Action: Dhami Personally Visits Jakhan to Investigate Public Grievances; Reprimands Officials via Video Call

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी इन दिनों 'सरप्राइज इंस्पेक्शन' के मोड में हैं। सीएम हेल्पलाइन पर आई शिकायतों का निस्तारण केवल कागजों पर हो रहा है या जमीन पर, इसकी हकीकत जानने के लिए मुख्यमंत्री शुक्रवार को खुद देहरादून के जाखन क्षेत्र में पहुंच गए। मुख्यमंत्री को अचानक अपने बीच पाकर न केवल स्थानीय निवासी हैरान रह गए, बल्कि महकमों में भी हड़कंप मच गया।

जन शिकायतों के समाधान को लेकर उत्तराखंड सरकार अब पूरी तरह एक्शन मोड में नजर आ रही है। पुष्कर सिंह धामी ने सीएम हेल्पलाइन पर आई एक शिकायत की खुद मौके पर जाकर पड़ताल की और अधिकारियों को मौके की वास्तविक स्थिति से अवगत कराया। इस दौरान उन्होंने लापरवाही पर नाराजगी जताते हुए संबंधित विभागों को सख्त निर्देश दिए। मामला देहरादून के जाखन क्षेत्र का है, जहां निवासी विवेक मदान ने राजपुर रोड पर फुटपाथ क्षतिग्रस्त होने की शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में बताया गया था कि पहले सड़क किनारे फुटपाथ का निर्माण किया गया, लेकिन बाद में उत्तराखंड पावर कॉर्पोरेशन लिमिटेड द्वारा बिजली की अंडरग्राउंड लाइन बिछाने के दौरान इसे खोद दिया गया। काम पूरा होने के बाद उचित तरीके से मिट्टी का भरान नहीं किया गया, जिससे फुटपाथ की टाइल्स धंस गईं और आम लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। मुख्यमंत्री धामी ने शिकायतकर्ता को अपने साथ लेकर मौके का निरीक्षण किया। उन्होंने अपने मोबाइल फोन से ही अधिकारियों को वीडियो कॉल कर फुटपाथ की खराब स्थिति दिखाई और मौके की सच्चाई से रूबरू कराया। स्थिति देखकर मुख्यमंत्री ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि विभागों के बीच समन्वय की कमी के कारण जनता को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है, जो कतई स्वीकार्य नहीं है। निरीक्षण के दौरान सीएम ने यह भी पाया कि कई जगहों पर अंडरग्राउंड किए जाने के बावजूद बिजली की लाइनें ऊपर दिखाई दे रही हैं, जो आम लोगों की सुरक्षा के लिए खतरा बन सकती हैं। इस पर उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि कार्य योजना के तहत और मानकों के अनुरूप ही काम किया जाए। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि इस समस्या का तत्काल समाधान सुनिश्चित किया जाए और भविष्य में इस तरह की लापरवाही न हो। उन्होंने कहा कि प्रदेशभर में जहां-जहां इस प्रकार की शिकायतें आ रही हैं, वहां अभियान चलाकर उन्हें दूर किया जाए। इस संबंध में आनंद बर्द्धन को भी निर्देश दिए गए हैं कि सभी जिलों में ऐसे मामलों की समीक्षा कर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने स्थानीय दुकानदारों और निवासियों से भी बातचीत की और उनकी समस्याएं सुनीं। उन्होंने स्पष्ट किया कि जनता की शिकायतों का समाधान सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मुख्यमंत्री का यह जमीनी निरीक्षण प्रशासनिक जवाबदेही और पारदर्शिता की दिशा में एक सख्त संदेश के रूप में देखा जा रहा है।