BIG BREAKING: युद्धविराम समझौते के करीब अमेरिका-ईरान! होर्मुज को लेकर ईरान का बड़ा ऐलान! रुबियो बोले- कुछ ही घंटों में दुनिया को मिल सकती है ‘गुड न्यूज’
नई दिल्ली। मध्य-पूर्व में कई महीनों से जारी तनाव के बीच दुनिया के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। ईरान ने बड़ा ऐलान करते हुए कहा है कि अगले 30 दिनों के भीतर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से गुजरने वाले जहाजों की संख्या को युद्ध-पूर्व स्तर तक बहाल करने की दिशा में सहमति बन रही है। इस बयान को वैश्विक व्यापार और ऊर्जा बाजार के लिए बेहद अहम माना जा रहा है। ईरान की सरकारी समर्थित तसनीम समाचार एजेंसी के मुताबिक, होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर एक शुरुआती समझौते के संकेत मिले हैं। हालांकि ईरान ने स्पष्ट किया है कि इसका यह मतलब नहीं होगा कि होर्मुज की स्थिति पूरी तरह युद्ध से पहले जैसी सामान्य हो जाएगी। सुरक्षा और रणनीतिक हालात अभी भी संवेदनशील बने रहेंगे। दरअसल, स्ट्रेट ऑफ होर्मुज दुनिया की सबसे अहम समुद्री व्यापारिक लाइनों में से एक है। वैश्विक तेल आपूर्ति का बड़ा हिस्सा इसी रास्ते से गुजरता है। बीते महीनों में ईरान और पश्चिमी देशों के बीच बढ़े तनाव के चलते इस मार्ग से गुजरने वाले जहाजों की संख्या में भारी कमी आई थी। इसका असर सीधे वैश्विक तेल बाजार, अंतरराष्ट्रीय व्यापार और कई देशों की अर्थव्यवस्था पर पड़ा।
युद्ध जैसे हालात बनने के बाद तेल कंपनियों और शिपिंग कंपनियों ने सुरक्षा चिंताओं के चलते इस रास्ते से दूरी बनानी शुरू कर दी थी। कई देशों में ईंधन संकट गहराने लगा और कच्चे तेल की कीमतों में भारी उतार-चढ़ाव देखने को मिला। इससे वैश्विक बाजारों में अस्थिरता बढ़ गई। तसनीम एजेंसी ने पश्चिमी मीडिया में चल रही उन खबरों को खारिज किया है, जिनमें दावा किया जा रहा था कि होर्मुज पूरी तरह सामान्य होने जा रहा है। एजेंसी ने साफ कहा कि संभावित समझौता फिलहाल सिर्फ कमर्शियल जहाजों की आवाजाही को धीरे-धीरे बहाल करने तक सीमित रहेगा। ईरान का कहना है कि इस कदम से आर्थिक गतिविधियों को कुछ राहत जरूर मिलेगी और अंतरराष्ट्रीय शिपिंग सेक्टर को दोबारा गति मिल सकती है। लेकिन रणनीतिक और सैन्य दृष्टि से हालात अभी पूरी तरह सामान्य नहीं माने जा सकते। इस बीच अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर दावा किया है कि अमेरिका, ईरान और क्षेत्र के कुछ अन्य देशों के बीच एक महत्वपूर्ण समझौता लगभग तय हो चुका है। उन्होंने कहा कि इस डील में होर्मुज को फिर से खोलने का प्रावधान शामिल है और इसका औपचारिक ऐलान जल्द किया जा सकता है।
वहीं भारत दौरे पर आए अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने भी संकेत दिए हैं कि अगले कुछ घंटों में इस दिशा में बड़ी घोषणा हो सकती है। दिल्ली में विदेश मंत्री एस. जयशंकर के साथ संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में रूबियो ने कहा कि पिछले 48 घंटों में हुई बातचीत बेहद सकारात्मक रही है और ईरान के साथ समझौते के स्पष्ट संकेत मिल रहे हैं। रूबियो ने कहा कि होर्मुज संकट को लेकर दुनिया को जल्द अच्छी खबर मिल सकती है। उनका यह बयान राष्ट्रपति ट्रंप की घोषणा के कुछ घंटों बाद आया, जिसमें उन्होंने कहा था कि वॉशिंगटन और तेहरान युद्ध खत्म करने वाले समझौते के बेहद करीब पहुंच चुके हैं। यदि यह समझौता सफल होता है तो इसका असर सिर्फ मध्य-पूर्व तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था को राहत मिल सकती है। तेल की कीमतों में स्थिरता आने से महंगाई पर नियंत्रण संभव होगा और अंतरराष्ट्रीय व्यापारिक गतिविधियों को नई रफ्तार मिल सकती है। फिलहाल पूरी दुनिया की नजरें तेहरान और वॉशिंगटन पर टिकी हैं। आने वाले कुछ घंटे यह तय करेंगे कि क्या वाकई दुनिया को लंबे समय से जारी इस तनाव से राहत मिलेगी या फिर हालात दोबारा तनावपूर्ण मोड़ ले सकते हैं।