बनभूलपुरा रेलवे भूमि अतिक्रमण मामलाः सुप्रीम कोर्ट में कल अहम सुनवाई! बनभूलपुरा में हाई अलर्ट, चप्पे-चप्पे पर पहरा! पुलिस ने निकाला फ्लैग मार्च
हल्द्वानी। बनभूलपुरा रेलवे भूमि अतिक्रमण मामले में सुप्रीम कोर्ट के संभावित फैसले से पहले नैनीताल पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था और कड़ी कर दी है। न्यायालय में मामले की सुनवाई के लिए कल की तारीख निर्धारित होने के मद्देनजर बनभूलपुरा क्षेत्र में पुलिस ने व्यापक स्तर पर एरिया डॉमिनेशन की कार्रवाई शुरू कर दी है। संवेदनशील इलाकों में भारी पुलिस बल तैनात करने के साथ ही लगातार चेकिंग, सत्यापन और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि शांति एवं कानून व्यवस्था बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। एसएसपी नैनीताल डॉ. मंजुनाथ टीसी के निर्देश पर पुलिस अधिकारियों ने क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर व्यापक तैयारियां की हैं। पुलिस का कहना है कि सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के बाद किसी भी संभावित स्थिति से निपटने के लिए पुलिस बल पूरी तरह तैयार है। संवेदनशील इलाकों में पुलिस की मौजूदगी बढ़ाने के साथ-साथ सीसीटीवी कैमरों और विशेष ड्रोन टीम के जरिए लगातार निगरानी की जा रही है।

बनभूलपुरा में पुलिस का फ्लैग मार्च, चप्पे-चप्पे पर चेकिंग
कानून व्यवस्था और लोगों में सुरक्षा का भरोसा कायम रखने के लिए पुलिस ने बनभूलपुरा क्षेत्र के विभिन्न संवेदनशील इलाकों में फ्लैग मार्च निकाला। रेलवे स्टेशन से शुरू हुआ फ्लैग मार्च लाइन नंबर 17, इंद्रानगर बड़ी रोड, मुजाहिद चौक, गोपाल मंदिर, ठोकर, शनि बाजार रोड, छोटी रोड इंद्रानगर, ताज मस्जिद, 16 नंबर तिराहा, गांधी नगर, लाइन नंबर 8, चोरगलिया रोड, ताज चौराहा, भारद्वाज चौराहा और रेलवे स्टेशन गेट समेत विभिन्न क्षेत्रों से होकर गुजरा। फ्लैग मार्च के दौरान पुलिस और पीएसी के जवानों के साथ एंटी रायट टीम, बम डिस्पोजल स्क्वॉड, फायर सर्विस और ड्रोन टीम भी मौजूद रही। पुलिस की इस कार्रवाई का उद्देश्य संवेदनशील इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने के साथ ही लोगों में कानून-व्यवस्था को लेकर भरोसा कायम करना रहा। पुलिस के मुताबिक बनभूलपुरा क्षेत्र में लगातार चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है। संदिग्ध व्यक्तियों और गतिविधियों पर विशेष नजर रखी जा रही है। इसके साथ ही संदिग्धों के खिलाफ नियमानुसार प्रीवेंटिव डिटेंशन की कार्रवाई भी जारी रहेगी। पुलिस ने क्षेत्र में लगातार सत्यापन अभियान चलाने की बात कही है। अधिकारियों के मुताबिक सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए संवेदनशील स्थानों और प्रमुख मार्गों पर पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना मिलने पर तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।

CCTV और ड्रोन से होगी निगरानी
बनभूलपुरा में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए पुलिस जमीनी निगरानी के साथ तकनीक का भी इस्तेमाल कर रही है। क्षेत्र में लगे सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। इसके अलावा विशेष ड्रोन टीमों को भी निगरानी में लगाया गया है। ड्रोन के जरिए संवेदनशील इलाकों और उन स्थानों पर भी नजर रखी जा रही है, जहां से किसी तरह की कानून-व्यवस्था संबंधी समस्या उत्पन्न होने की आशंका हो सकती है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि परिस्थितियों के अनुसार निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था को और बढ़ाया जा सकता है। एसएसपी नैनीताल डॉ. मंजुनाथ टीसी ने स्पष्ट संदेश दिया है कि सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के बाद किसी भी व्यक्ति को कानून-व्यवस्था बिगाड़ने की अनुमति नहीं दी जाएगी। उन्होंने अधीनस्थ अधिकारियों को क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक इंतजाम सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।

सोशल मीडिया पर भी पुलिस की नजर
बनभूलपुरा में पुलिस की निगरानी केवल सड़कों और संवेदनशील स्थानों तक सीमित नहीं है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर भी पुलिस की विशेष नजर है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी अपुष्ट या भ्रामक सूचना को आगे साझा न करें। पुलिस के अनुसार कानून-व्यवस्था को प्रभावित करने वाली भ्रामक, तथ्यहीन या आपत्तिजनक पोस्ट और टिप्पणियों के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने लोगों से सोशल मीडिया पर जिम्मेदारी के साथ व्यवहार करने और अफवाहों से बचने की अपील की है। एसपी नैनीताल डॉ. जगदीश चंद्र के नेतृत्व में फ्लैग मार्च निकाला गया। एसपी हल्द्वानी मनोज कुमार कत्याल और एसपी संचार रेवाधर मठपाल के पर्यवेक्षण में हुई इस कार्रवाई में अपर पुलिस अधीक्षक/सीओ हल्द्वानी अमित कुमार, सीओ भवाली रविकांत सेमवाल, निरीक्षक अभिसूचना ज्ञानेंद्र शर्मा, प्रभारी निरीक्षक बनभूलपुरा दिनेश सिंह फर्त्याल, प्रभारी निरीक्षक रामनगर सुशील कुमार, प्रभारी निरीक्षक तल्लीताल हरपाल सिंह और थानाध्यक्ष चोरगलिया तारा सिंह राणा समेत बड़ी संख्या में पुलिस अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे। इसके अलावा पीएसी, एंटी रायट टीम, बम डिस्पोजल स्क्वॉड, फायर सर्विस और ड्रोन टीम को भी सुरक्षा व्यवस्था में शामिल किया गया।


