बद्रीनाथ चढ़ावा चोरी केस: गणेश गोदियाल ने बीकेटीसी अध्यक्ष के आरोपों को दी चुनौती,आज प्रेस क्लब में देंगे जवाब

Badrinath offering theft case: Ganesh Godiyal challenges allegations made by BKT C Chairman; to respond at the Press Club today.

देहरादून। अयोध्या राम मंदिर विवाद की तपिश अभी शांत भी नहीं हुई थी कि उत्तराखंड के भू-बैकुंठ धाम 'बदरीनाथ' में कथित चढ़ावा चोरी और वित्तीय अनियमितताओं के खुलासे ने प्रदेश की राजनीति में भूचाल ला दिया है। बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी द्वारा लगाए गए आरोपों पर कड़ा पलटवार करते हुए पूर्व कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने आर-पार की जंग का एलान कर दिया है। गोदियाल ने द्विवदी की डिबेट वाली चुनौती को खुलेआम स्वीकार करते हुए आज दोपहर 12:30 बजे देहरादून प्रेस क्लब में मोर्चा खोलने की घोषणा की है।

गणेश गोदियाल ने सीधे  बीकेटीसी अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए बेहद गंभीर और संगीन आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा बदरीनाथ धाम में श्रद्धालुओं की आस्था के चढ़ावे पर डाका डालने वाला मुख्य आरोपी कोई और नहीं, बल्कि खुद मंदिर समिति के अध्यक्ष का निजी सहायक रहा है। अध्यक्ष ने देहरादून कार्यालय में तैनात इस विवादित सहायक को विशेष रूप से अपने साथ अटैच किया और फिर उसे अपने साथ बदरीनाथ धाम लेकर गए। गंभीर आरोप यह है कि इस विवादित सहायक को ही बद्रीनाथ मंदिर में चढ़ने वाली भारी दान-राशि को गिनने के काम पर लगाया गया था, जहां इस बड़ी हेराफेरी को अंजाम दिया गया। गोदियाल ने दोटूक शब्दों में कहा, "वर्तमान अध्यक्ष इस महापाप की नैतिक और प्रशासनिक जिम्मेदारी से किसी भी कीमत पर बच नहीं सकते हैं। मुझ पर उंगली उठाने से पहले उन्हें अपने गिरेबान में झांकना चाहिए। हेमंत द्विवेदी द्वारा गोदियाल के पुराने कार्यकाल पर उठाए गए सवालों को पूरी तरह निराधार बताते हुए कांग्रेस नेता ने कहा कि वे किसी भी तरह की जांच और चर्चा से पीछे हटने वाले नहीं हैं। उन्होंने कहा,मैं आज दोपहर ठीक 12:30 बजे देहरादून प्रेस क्लब में मौजूद रहूंगा और हेमंत द्विवेदी के हर एक मनगढ़ंत आरोप का सबूतों के साथ पर्दाफाश करूंगा। वे सार्वजनिक रूप से डिबेट करने सामने आएं। इस पूरे घोटाले का सबसे पहला सनसनीखेज खुलासा भैरव सेना के संस्थापक संदीप खत्री ने किया था। उन्होंने आरोप लगाया था कि बदरीनाथ मंदिर में भक्तों द्वारा दिए जा रहे दान और चढ़ावे की राशि को लगातार गायब किया जा रहा है। इस खुलासे के बाद प्रदेश के धार्मिक और राजनीतिक गलियारों में हड़कंप मच गया। विवाद बढ़ता देख बीकेटीसी के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने तुरंत एक चार सदस्यीय आंतरिक जांच समिति का गठन किया। मामला राष्ट्रीय सुर्खियों में आने के बाद बैकफुट पर आई उत्तराखंड सरकार ने भी मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए तीन सदस्यीय उच्च स्तरीय जांच कमेटी का गठन कर दिया है। बद्रीनाथ धाम में चढ़ावा चोरी के मुख्य आरोपी और बीकेटीसी कर्मचारी प्रमोद नौटियाल को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर उस पर संगीन धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया गया। इस मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए बीते दिन पुलिस ने आरोपी प्रमोद नौटियाल को गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेज दिया है। करोड़ों हिंदुओं की आस्था के केंद्र बद्रीनाथ धाम की शुचिता से जुड़े इस संवेदनशील मुद्दे पर आज होने वाली प्रेस कॉन्फ्रेंस बेहद विस्फोटक होने की उम्मीद है। विपक्ष इस मामले में सीधे सरकार और मंदिर प्रशासन को घेरने की तैयारी में है।