उत्तराखण्ड: चकराता में इंटरनल रिसोर्स पर्सन की चयन प्रक्रिया पर हाईकोर्ट का बड़ा फैसला! फाइनल मेरिट लिस्ट के बाद जारी नए विज्ञापन पर लगाई रोक

Uttarakhand: High Court's major ruling on the selection process for Internal Resource Persons in Chakrata! Stay ordered on the new advertisement issued after the final merit list.

नैनीताल। उत्तराखंड हाईकोर्ट ने चकराता ब्लॉक में इंटरनल रिसोर्स पर्सन की नियुक्ति मामले में सुनवाई की। जानकारी के मुताबिक प्रक्रिया से जुड़े मामले में चयन प्रक्रिया पूरी होने के बाद जारी फाइनल मेरिट लिस्ट में दो आवेदक पहले और दूसरे स्थान पर रहे थे, लेकिन एक विधायक की शिकायत के आधार पर दोबारा जांच शुरू कर दी गई और पूरी चयन प्रक्रिया को बीच में ही रोककर नया विज्ञापन जारी कर दिया गया। कोर्ट में सुनवाई के बाद नए विज्ञापन पर रोक लगा दी गई है और संबंधित पक्षों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। कोर्ट ने मामले से जुड़े वीडियो और अन्य दस्तावेजों के आधार पर भी संबंधित अधिकारियों और लोगों से जवाब तलब किया है। याचिकाकर्ता पक्ष को अपना जवाब दाखिल करने के लिए चार सप्ताह का समय दिया गया है। मामले की अगली सुनवाई के लिए चार सप्ताह बाद की तिथि नियत की गई है। बता दें कि ब्लॉक में इंटरनल रिसोर्स पर्सन की नियुक्ति प्रक्रिया प्रक्रिया में कालसी और रायपुर ब्लॉक में चयन प्रक्रिया पूरी कर ली गई, लेकिन केवल चकराता ब्लॉक की प्रक्रिया को रोक दिया गया। आरोप है कि छह आवेदकों में से एक को तो पूरी प्रक्रिया के बारे में कोई जानकारी तक नहीं दी गई, जबकि दूसरी आवेदक ने आरटीआई के जरिए किसी तरह संबंधित दस्तावेज हासिल किए। यह योजना ग्रामीण महिलाओं और समुदाय के विकास के लिए बनाई गई थी। इंटरनल रिसोर्स पर्सन के पद के लिए महिलाओं को पात्रता दी गई थी और दोनों याचिकाकर्ता ग्रामीण महिलाएँ निर्धारित सभी पात्रता मानकों को पूरा करती थीं। ऐसे में याचिकाकर्ताओं का आरोप है कि एक जनप्रतिनिधि की शिकायत के आधार पर बिना स्पष्ट कारण बताए पूरी चयन प्रक्रिया को रोक दिया गया और नया विज्ञापन जारी कर दिया गया। अब हाईकोर्ट की रोक के बाद इस मामले में संबंधित पक्षों के जवाब के आधार पर आगे की सुनवाई होगी।