उत्तराखण्ड: नाबालिग से संबंध के मामले में आरोपित को हाईकोर्ट से मिली जमानत! जानें क्या है पूरा मामला

Uttarakhand: High Court grants bail to accused of having sex with a minor! Learn the full story.

नैनीताल। उत्तराखंड उच्च न्यायालय ने पॉक्सो अधिनियम से जुड़े एक मामले में आरोपी को जमानत दे दी। आरोपी के खिलाफ थाना कोतवाली टनकपुर, जिला चम्पावत में वर्ष 2025 के मुकदमे में पॉक्सो एक्ट तथा बीएनएस की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया था। न्यायमूर्ति आलोक महरा के समक्ष मामले की सुनवाई हुई।
मामले के अनुसार पीड़िता की मां ने 8 जुलाई 2025 को एफआईआर दर्ज कर आरोप लगाया था कि आरोपी तुषार शर्मा उर्फ टन्नू ने उसकी नाबालिग बेटी के साथ दुष्कर्म किया। जांच के बाद पुलिस ने आरोपी के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की थी। आरोपी की ओर से  कहा गया कि घटना के समय आरोपी की उम्र 23 वर्ष थी जबकि पीड़िता 16 वर्ष से अधिक आयु की थी। दोनों के बीच मित्रता थी और संबंध सहमति से बने थे। बचाव पक्ष ने यह भी तर्क दिया कि पीड़िता के बयान में भी इस तथ्य की पुष्टि होती है। सुनवाई के दौरान कोर्ट ने पीड़िता के बयान का उल्लेख करते हुए कहा कि उसने आरोपी के प्रति लगाव होने तथा अपनी सहमति से संबंध बनाने की बात कही है। न्यायालय ने यह भी माना कि यद्यपि पॉक्सो कानून कठोर है, फिर भी परिस्थितियों के आधार पर अदालत को जमानत देने का विवेकाधिकार प्राप्त है। कोर्ट ने कहा कि रिकॉर्ड से प्रतीत होता है कि पीड़िता स्वयं अपनी इच्छा से आरोपी के साथ गई थी तथा वह अपने कार्यों के परिणाम समझने में सक्षम थी। न्यायालय ने यह भी कहा कि किशोरों के बीच सहमति आधारित संबंधों के मामलों में जमानत पर उदार दृष्टिकोण अपनाया जा सकता है। इन परिस्थितियों को देखते हुए कोर्ट ने आरोपी की जमानत अर्जी स्वीकार करते हुए उसे  जमानत पर रिहा करने के आदेश दिए।