उत्तराखण्डः खराब मौसम के बीच हेलीकॉप्टर की अगस्त्यमुनि में इमरजेंसी लैंडिंग! सभी यात्री सुरक्षित, व्यवस्था पर फिर उठे सवाल
रुद्रप्रयाग। चारधाम यात्रा के बीच मंगलवार को मौसम के अचानक करवट लेने से केदारघाटी में हेली सेवाओं के संचालन को लेकर यात्रियों की सुरक्षा पर सवाल खड़े हो गए। दोपहर बाद अचानक घने बादल छाने और कई क्षेत्रों में बारिश शुरू होने के बाद खराब मौसम के बीच उड़ान भर रहे एक हेलीकॉप्टर की अगस्त्यमुनि खेल मैदान में इमरजेंसी लैंडिंग करानी पड़ी। हेलीकॉप्टर में छह यात्री सवार बताए गए हैं और सभी के सुरक्षित होने की जानकारी है। घटना में किसी तरह की जनहानि की सूचना नहीं है। जानकारी के अनुसार, 6 अक्टूबर 2026 को हिमालयन सर्विसेज का हेलीकॉप्टर उत्तरकाशी के झाला से शेरसी हेलीपैड के लिए उड़ान पर था। इसी दौरान मौसम अचानक खराब हो गया। आसमान में घने बादल छाने और क्षेत्र में बारिश शुरू होने के बाद पायलट ने यात्रियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए एहतियाती कदम उठाया और हेलीकॉप्टर को अगस्त्यमुनि खेल मैदान में सुरक्षित रूप से उतार दिया। जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवार ने बताया कि खराब मौसम के कारण हेलीकॉप्टर की अगस्त्यमुनि खेल मैदान में इमरजेंसी लैंडिंग कराई गई। यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए मौके पर आवश्यक निगरानी और व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गईं। सभी यात्री सुरक्षित बताए गए हैं। केदारघाटी में मौसम तेजी से बदलने के कारण हेली सेवाओं के संचालन को लेकर अतिरिक्त सतर्कता की जरूरत महसूस की जा रही है। मंगलवार को अचानक बदले मौसम के बीच हेलीकॉप्टर की इमरजेंसी लैंडिंग ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा किया है कि प्रतिकूल मौसम की परिस्थितियों में उड़ानों के संचालन को लेकर सुरक्षा मानकों की निगरानी कितनी प्रभावी है। यात्रा सीजन में बड़ी संख्या में श्रद्धालु हेली सेवाओं के जरिए केदारनाथ पहुंच रहे हैं। ऐसे में मौसम अनुकूल नहीं होने पर उड़ानों के संचालन को लेकर समय रहते निर्णय लेना यात्रियों की सुरक्षा के लिहाज से महत्वपूर्ण है। इसी बीच केदारनाथ धाम में एक श्रद्धालु की अचानक तबीयत बिगड़ने पर रेस्क्यू और प्रशासनिक टीमों ने तत्काल मोर्चा संभाला। श्रद्धालु की गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे सुरक्षित केदारनाथ हेलीपैड तक पहुंचाया गया। चिकित्सकीय सलाह के बाद प्रशासन ने एयरलिफ्ट की व्यवस्था की और श्रद्धालु को हेलीकॉप्टर के माध्यम से हायर सेंटर भेजा गया। जिला प्रशासन और रुद्रप्रयाग पुलिस के अनुसार, केदारनाथ धाम में श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सहायता के लिए टीमें लगातार तैनात हैं।