ट्रंप के बयान से वैश्विक बाजारों में हड़कंप: ईरान तनाव बढ़ने के बीच भारतीय शेयर बाजार में भारी गिरावट! सेंसेक्स 1700 अंक टूटा, निफ्टी भी 500 अंक से ज्यादा लुढ़का

Trump's statement sparks turmoil in global markets: Indian stock market plunges amidst escalating Iran tensions! Sensex crashes 1,700 points; Nifty also slides by over 500 points.

नई दिल्ली। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के ईरान को लेकर दिए गए ताजा बयान के बाद वैश्विक वित्तीय बाजारों में एक बार फिर तनाव का माहौल बन गया है। ट्रंप ने कहा कि ईरान के साथ युद्धविराम समाप्त हो चुका है। हालांकि उन्होंने यह भी संकेत दिया कि भविष्य में बातचीत की संभावना पूरी तरह खत्म नहीं हुई है। इस बयान के बाद अंतरराष्ट्रीय बाजारों में अनिश्चितता बढ़ गई, जिसका सीधा असर भारतीय शेयर बाजार पर भी देखने को मिला। निवेशकों में घबराहट के चलते बाजार में चौतरफा बिकवाली शुरू हो गई और प्रमुख सूचकांक भारी गिरावट के साथ कारोबार करते नजर आए। दोपहर करीब 2:30 बजे तक बीएसई सेंसेक्स 1,771.95 अंकों की गिरावट के साथ 76,408.77 के स्तर पर कारोबार कर रहा था। वहीं एनएसई निफ्टी भी 550.10 अंक टूटकर 23,848.60 के स्तर पर पहुंच गया। दोनों प्रमुख सूचकांकों में लगभग दो प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई, जिससे निवेशकों की बड़ी पूंजी बाजार में डूबती दिखाई दी। विशेषज्ञों का मानना है कि ट्रंप के बयान के बाद पश्चिम एशिया में भू-राजनीतिक तनाव बढ़ने की आशंका ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी है। वैश्विक स्तर पर जब भी युद्ध या संघर्ष की स्थिति बनती है, निवेशक जोखिम वाले निवेश से दूरी बनाने लगते हैं। इसका असर सबसे पहले शेयर बाजारों पर देखने को मिलता है। बाजार में गिरावट की एक बड़ी वजह कच्चे तेल की कीमतों में तेजी भी रही। अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल के दाम बढ़ने से भारत जैसी आयात-निर्भर अर्थव्यवस्था पर अतिरिक्त दबाव बनने की आशंका है।

भारत अपनी जरूरत का अधिकांश कच्चा तेल विदेशों से आयात करता है। ऐसे में तेल महंगा होने से आयात बिल बढ़ सकता है, महंगाई पर दबाव बढ़ सकता है और कंपनियों की लागत में भी इजाफा हो सकता है। इन आशंकाओं के कारण निवेशकों ने बड़े पैमाने पर बिकवाली की। बाजार की कमजोरी की शुरुआत कारोबार खुलने के साथ ही हो गई थी। सुबह बीएसई सेंसेक्स लगभग 500 अंकों की गिरावट के साथ 77,680.18 पर खुला, जबकि निफ्टी 50 160.85 अंक टूटकर 24,237.85 के स्तर पर खुला था। शुरुआती कमजोरी दिन चढ़ने के साथ और बढ़ती गई तथा लगभग सभी प्रमुख सेक्टरों में बिकवाली देखने को मिली। बाजार विश्लेषकों का कहना है कि आने वाले दिनों में निवेशकों की नजर अमेरिका-ईरान संबंधों, कच्चे तेल की कीमतों और वैश्विक आर्थिक संकेतकों पर रहेगी। यदि पश्चिम एशिया में तनाव और बढ़ता है या तेल की कीमतों में लगातार तेजी बनी रहती है, तो भारतीय शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव का दौर जारी रह सकता है। ऐसे माहौल में निवेशकों को सतर्क रहकर दीर्घकालिक रणनीति के साथ निवेश करने की सलाह दी जा रही है।