रुड़की में सनसनी: नशा मुक्ति केंद्र में भर्ती मरीज की धारदार हथियार से गला रेतकर हत्या,शौचालय में मिला शव,मचा हड़कंप
रुड़की। सिविल लाइन कोतवाली क्षेत्र के भंगेड़ी स्थित एक नशा मुक्ति केंद्र में मंगलवार रात उस वक्त हड़कंप मच गया, जब वहां भर्ती एक मरीज की बेरहमी से हत्या कर दी गई। मृतक का शव केंद्र के शौचालय में खून से लथपथ हालत में मिला। सूचना मिलते ही पुलिस बल मौके पर पहुंचा और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है। इस वारदात के बाद से नशा मुक्ति केंद्र की सुरक्षा और प्रबंधन पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
जानकारी के अनुसार, लक्सर क्षेत्र के बसेड़ी गांव निवासी आशीष (37) पिछले करीब तीन माह से भंगेड़ी स्थित इस नशा मुक्ति केंद्र में भर्ती था। मंगलवार रात जब केंद्र संचालक शौचालय की ओर गया, तो वहां आशीष का शव संदिग्ध परिस्थितियों में पड़ा देखा। आशीष के गले पर किसी धारदार हथियार से वार के गहरे निशान थे, जिससे साफ जाहिर हो रहा था कि उसकी गला रेतकर हत्या की गई है। संचालक की सूचना पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर छानबीन शुरू की। आशीष की मौत की खबर मिलते ही उसके परिजन बदहवास हालत में नशा मुक्ति केंद्र पहुंचे। परिजनों ने केंद्र प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए जमकर हंगामा किया। मौके पर मौजूद लोगों और परिजनों ने केंद्र में ही भर्ती एक अन्य मरीज पर हत्या का शक जताया है। पुलिस इस एंगुल से भी जांच कर रही है कि आखिर नशा मुक्ति केंद्र के भीतर धारदार हथियार कहाँ से आया और वारदात के समय वहां तैनात गार्ड या स्टाफ को इसकी भनक क्यों नहीं लगी? एसपी देहात शेखर चन्द्र सुयाल ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने गहन जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने नशा मुक्ति केंद्र के संचालक, वहां तैनात स्टाफ और वहां भर्ती अन्य मरीजों को पूछताछ के दायरे में लिया है। एसपी देहात के अनुसार, जल्द ही हत्या के कारणों और आरोपी का खुलासा कर दिया जाएगा। फॉरेंसिक टीम ने भी मौके से साक्ष्य जुटाए हैं। इस वारदात के बाद नशा मुक्ति केंद्र में भर्ती अन्य मरीजों और उनके परिजनों में दहशत का माहौल है। लोगों का कहना है कि सुधार के लिए भेजे गए केंद्रों में यदि जान सुरक्षित नहीं है, तो प्रशासन को इन केंद्रों के संचालन की बारीकी से जांच करनी चाहिए। फिलहाल पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की हर पहलू से तफ्तीश की जा रही है।