राहुल गांधी के कार्यक्रम से पहले पुणे में सियासी बवाल: एनएसयूआई और एबीवीपी कार्यकर्ताओं में हिंसक झड़प, भारी पुलिस बल तैनात
पुणे। कांग्रेस नेता राहुल गांधी के प्रस्तावित ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम से एक दिन पहले पुणे के सीओईपी टेक्नोलॉजिकल यूनिवर्सिटी के हॉस्टल परिसर में शुक्रवार को एनएसयूआई और एबीवीपी कार्यकर्ताओं के बीच झड़प हो गई। विवाद बढ़ने के बाद परिसर और आसपास के इलाके में भारी पुलिस बल तैनात किया गया। पुलिस ने नारेबाजी और सड़क जाम करने की कोशिश के आरोप में कुछ लोगों को हिरासत में लिया है।
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम से ठीक एक दिन पहले पुणे का शैक्षणिक माहौल अचानक गरमा गया। शुक्रवार को पुणे के प्रतिष्ठित सीओईपी टेक्नोलॉजिकल यूनिवर्सिटी के हॉस्टल परिसर में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) और नेशनल स्टूडेंट्स यूनियन ऑफ इंडिया (एनएसयूआई) के कार्यकर्ताओं के बीच तीखी झड़प और नारेबाजी हुई। घटना के बाद बिगड़ते हालात को देखते हुए पूरे परिसर में भारी संख्या में पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। झड़प के बाद दोनों संगठनों ने एक-दूसरे पर गंभीर आरोप लगाए हैं। एबीवीपी के प्रदेश मंत्री अथर्व कुलकर्णी ने आरोप लगाया कि एनएसयूआई कार्यकर्ता अवैध रूप से हॉस्टल परिसर में घुसे और छात्राओं पर शनिवार के कार्यक्रम में शामिल होने और रजिस्ट्रेशन कराने का अनुचित दबाव बना रहे थे। दूसरी ओर, कांग्रेस और एनएसयूआई नेताओं ने इन दावों को खारिज करते हुए एबीवीपी पर गुंडागर्दी का आरोप लगाया। महाराष्ट्र कांग्रेस के वरिष्ठ नेता विजय वडेट्टीवार और यूथ कांग्रेस मीडिया अध्यक्ष अक्षय जैन ने हॉस्टल का दौरा किया। उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी के कार्यक्रम और छात्रवृत्ति मुद्दों का समर्थन करने वाली दो छात्राओं को एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने हॉस्टल के भीतर रोककर धमकाया और प्रताड़ित किया। हंगामे और नारेबाजी के चलते इलाके में अफरा-तफरी मच गई। पुणे के डीसीपी हसन गौहर ने बताया कि दो गुटों के बीच झड़प और सड़क जाम करने की कोशिश की सूचना पर पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस ने मौके से नारेबाजी कर रहे और माहौल बिगाड़ने की कोशिश कर रहे कुछ लोगों को हिरासत में ले लिया है। फिलहाल परिसर में स्थिति नियंत्रण में है और आगे की कानूनी जांच जारी है।