नैनीताल:पर्यटन सीजन में ट्रैफिक प्लान फेल?बारिश के बाद नैनीताल बना 'जामताल'!सड़कों पर घंटों कैद रहे लोग,ट्रैफिक व्यवस्थाओं पर उठे सवाल

Nainital: Tourism Season Traffic Plan Fails? After Rains, Nainital Turns into 'Jam-tal'! People Stranded on Roads for Hours; Questions Raised Over Traffic Management.

पर्यटन सीजन के चरम पर पहुंच चुके नैनीताल में शनिवार को हुई बारिश ने ट्रैफिक प्रबंधन की तैयारियों की पोल खोलकर रख दी। बारिश शुरू होते ही भवाली, नैनीताल, ज्योलिकोट, रानीबाग, रामगढ़ रोड, तल्लीताल और मॉल रोड समेत कई प्रमुख मार्गों पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। हालत यह रही कि सैकड़ों स्थानीय लोगों और पर्यटकों को तीन से चार घंटे तक जाम में फंसे रहना पड़ा।

जाम में फंसे लोगों का आरोप था कि बारिश शुरू होने के बाद कई स्थानों पर ट्रैफिक पुलिस कर्मी नजर नहीं आए, जिससे वाहनों का दबाव लगातार बढ़ता गया और स्थिति नियंत्रण से बाहर हो गई। भवाली रोड पर फंसे यात्रियों का कहना था कि मौसम विभाग ने पहले ही चेतावनी दी थी,ऐसे में यदि समय रहते यातायात को व्यवस्थित किया जाता तो हालात इतने खराब नहीं होते।

वही तल्लीताल में चौराहे के सौन्दर्यकरण के लिए लगाई गई गांधी मूर्ति के आसपास भी ट्रैफिक जाम ने लोगो को रुला दिया,तल्लीताल निवासी लोगो का कहना है कि गांधी मूर्ति पहले जहां थी वहीं ठीक रहती अब बीच चौराहे पर लगाने से और मूर्ति के आसपास काफी जगह सौंदर्यकरण की वजह से घिरने के कारण यहां बिना सीजन के ही ट्रैफिक जाम हो जाता है इस वक्त तो पर्यटन सीजन चरम पर है ऐसे में यहां की स्थिति बेहद गंभीर हो गई है क्योंकि यहां जाम लगने का अर्थ है हल्द्वानी रोड,मॉल रोड,और भवाली रोड में भी जाम लगना। 

विडंबना यह भी रही कि बारिश के साथ कई इलाकों में बिजली आपूर्ति भी बाधित हो गई। एक ओर लोग घंटों जाम में फंसे रहे, दूसरी ओर अंधेरे और अव्यवस्था ने उनकी परेशानी और बढ़ा दी। पर्यटन सीजन में हर साल भारी भीड़ आने के बावजूद ट्रैफिक प्रबंधन और वैकल्पिक व्यवस्था को लेकर पर्याप्त तैयारी नहीं दिखी।
स्थानीय लोगों का कहना है कि नैनीताल में बारिश कोई अप्रत्याशित घटना नहीं है। पहाड़ में मानसून और बारिश सामान्य बात है, ऐसे में यदि कुछ बूंदें गिरते ही ट्रैफिक व्यवस्था चरमरा जाए और बिजली व्यवस्था जवाब दे दे, तो तैयारियों पर सवाल उठना स्वाभाविक है।


पर्यटकों और स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि पर्यटन सीजन के दौरान ट्रैफिक प्रबंधन की स्थायी और प्रभावी व्यवस्था बनाई जाए, ताकि हर बारिश के साथ शहर को जाम और अव्यवस्था की परीक्षा से न गुजरना पड़े।