नैनीतालः बदहाल सड़कों और पर्यावरण के साथ हो रहे खिलवाड़ को लेकर दायर याचिका पर सुनवाई! पालिका और जिला प्रशासन को निर्देश जारी

Nainital: Hearing on a petition regarding dilapidated roads and environmental degradation! Instructions issued to the municipal and district administration.

नैनीताल। उत्तराखंड हाईकोर्ट में नैनीताल जिले की बदहाल सड़कों और पर्यावरण के साथ हो रहे खिलवाड़ को लेकर दायर जनहित याचिका पर सुनवाई हुई। मामले की सुनवाई के बाद कोर्ट खंडपीठ ने नगर पालिका और जिला प्रशासन को मीटिंग कर रोड सेफ्टी और कूड़े के निस्तारण के लिए निर्णय लेने के साथ ही बैठक में लिए गए निर्णय से कोर्ट को अवगत कराने के निर्देश जारी किए है। बता दें कि अनिल यादव द्वारा उच्च न्यायालय में दायर जनहित याचिका में जिले के पर्वतीय मार्गों पर सुरक्षा मानकों का उल्लंघन कर अवैध डंपिंग होने और कचरा प्रबंधन की विफलताओं को उजागर किया है, जिसे न्यायालय ने गंभीरता से लिया है। याचिकाकर्ता की ओर से अधिवक्ता डीसीएस रावत और जय कृष्ण पांडे ने कोर्ट को बताया कि हल्द्वानी-नैनीताल, कालाढूंगी और भवाली-कैंची धाम जैसे व्यस्ततम मार्गों पर निर्माण कार्यों का मलबा जानबूझकर तीखे मोड़ों और ब्लाइंड टर्न्स पर फेंका जा रहा है। यह मलबा न केवल यातायात को बाधित कर रहा है, बल्कि मानसून के दौरान फिसलन पैदा कर वाहनों के लिये खतरा बन रहा है। सड़कों पर सुरक्षा दीवारें और क्रैश बैरियर गायब हैं, जिससे स्थानीय निवासियों, स्कूली बच्चों और पर्यटकों की जान हर समय जोखिम में रहती है।