नैनीतालः पूर्व सीएम हरीश रावत की प्रेसवार्ता! महिला आरक्षण, जंगलों की आग और ट्रैफिक जाम जैसे मुद्दों पर उठाए सवाल! भाजपा पर लगाए आरोप

Nainital: Former CM Harish Rawat holds a press conference! He raises questions on issues like women's reservation, forest fires, and traffic jams! He also accuses the BJP.

नैनीताल। नैनीताल में आयोजित एक पत्रकार वार्ता के दौरान पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने राज्य सरकार की नीतियों पर तीखा हमला बोला। उन्होंने प्रदेश में बढ़ती समस्याओं जंगलों की आग, वन्यजीवों का बढ़ता खतरा और यातायात व्यवस्था को लेकर गंभीर चिंता व्यक्त की और सीधे तौर पर भाजपा सरकार को कटघरे में खड़ा किया। हरीश रावत ने महिला आरक्षण के मुद्दे को प्रमुखता से उठाते हुए कहा कि भाजपा इसे सिर्फ एक चुनावी मुद्दे के रूप में जनता के सामने पेश कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस महत्वपूर्ण विषय को जानबूझकर परिसीमन की प्रक्रिया में उलझाया जा रहा है। पूर्व सीएम रावत ने कहा कि वर्ष 2023 में महिला आरक्षण का प्रस्ताव विधानसभा में सर्वसम्मति से पारित हुआ था, लेकिन इसके बावजूद इसे लागू करने में हो रही देरी कई सवाल खड़े करती है। उन्होंने सुझाव दिया कि वर्तमान 543 सीटों के ढांचे में ही 33 प्रतिशत महिला आरक्षण लागू कर चुनाव कराए जा सकते हैं, जिससे महिलाओं की राजनीति में भागीदारी सुनिश्चित हो सके। प्रदेश में बढ़ती जंगलों की आग और वन्यजीवों के साथ मानव संघर्ष पर भी उन्होंने सरकार को घेरा।

रावत ने कहा कि कांग्रेस सरकार के दौरान जंगलों की सुरक्षा और संरक्षण के लिए कई योजनाएं शुरू की गई थीं, जिन्हें वर्तमान सरकार ने बंद कर दिया है। उन्होंने चेतावनी दी कि यह लापरवाही न केवल वन्यजीवों बल्कि मानव जीवन के लिए भी गंभीर खतरा बनती जा रही है। कुमाऊं क्षेत्र में बढ़ते ट्रैफिक जाम को लेकर भी रावत ने चिंता जताई। उन्होंने कहा कि खासकर कैंची धाम जैसे प्रमुख धार्मिक स्थलों पर बढ़ती भीड़ के कारण लगातार जाम की स्थिति बनी रहती है, जिससे स्थानीय लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार इस समस्या के समाधान के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठा रही है। कांग्रेस के अंदर गुटबाजी के सवाल पर प्रतिक्रिया देते हुए हरीश रावत ने भाजपा पर पलटवार किया। उन्होंने कहा कि असली गुटबाजी भाजपा के भीतर है। रावत ने इसे समझाने के लिए नारंगी का उदाहरण देते हुए कहा कि जैसे नारंगी के अंदर अलग-अलग फांक होती हैं, वैसे ही भाजपा में कई गुट हैं, जबकि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ उस नारंगी के छिलके की तरह है, जो इन सबको एक साथ बांधे हुए है।