रुद्रपुर में कांग्रेस की बैठक में खुली अंतर्कलह! वोटर लिस्ट को लेकर हंगामा, भाजपा पर वोट काटकर जीतने का लगाया आरोप

Infighting erupted at the Congress meeting in Rudrapur, with uproar over the voter list, and accusations of BJP winning by cutting votes.

रुद्रपुर। उत्तराखंड में आगामी विधानसभा चुनावों को लेकर राजनीतिक दलों ने अपनी-अपनी रणनीति पर तेजी से काम शुरू कर दिया है। जहां एक ओर भारतीय जनता पार्टी सरकार की योजनाओं और उपलब्धियों को लेकर घर-घर पहुंचकर जनता से संवाद स्थापित कर रही है, वहीं कांग्रेस बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी और सरकार की कथित नाकामियों को जनता के बीच मुद्दा बनाने में जुट गई है। इसी क्रम में सोमवार को ऊधम सिंह नगर जिला मुख्यालय रुद्रपुर में कांग्रेस ने स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (एसआईआर) को लेकर कार्यकर्ताओं की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की, लेकिन बैठक के दौरान पार्टी की अंदरूनी कलह खुलकर सामने आ गई। वोटर लिस्ट उपलब्ध न कराए जाने को लेकर बैठक में जमकर हंगामा हुआ, जिससे कुछ देर के लिए माहौल गहमा-गहमी वाला हो गया। दरअसल, बैठक के दौरान कांग्रेस से जुड़े पार्षद पति बाबू खान ने नाराजगी जाहिर करते हुए आरोप लगाया कि उन्होंने कई बार वोटर लिस्ट उपलब्ध कराने की मांग की, लेकिन अब तक उन्हें सूची नहीं दी गई। हांलाकि बाद में महानगर अध्यक्ष ममता रानी ने हस्तक्षेप कर कार्यकर्ताओं को शांत कराया और बैठक को व्यवस्थित ढंग से आगे बढ़ाया।

इस पूरे घटनाक्रम ने एक बार फिर कांग्रेस की अंदरूनी खींचतान को उजागर कर दिया। बैठक के बाद ऊधम सिंह नगर कांग्रेस जिलाध्यक्ष हिमांशु गाबा ने भाजपा सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि भाजपा वोटर लिस्ट में हेरफेर कर चुनाव जीतने की राजनीति कर रही है और इसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। हिमांशु गाबा ने कहा कि सिटी क्लब में आयोजित बैठक में कांग्रेस कार्यकर्ताओं को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने-अपने क्षेत्रों की वोटर लिस्ट का गहन परीक्षण करें। जिन लोगों के नाम अनावश्यक रूप से सूची से हटाए गए हैं, उनका नाम दोबारा जुड़वाने के लिए अभियान चलाया जाएगा। वहीं यदि किसी क्षेत्र में फर्जी तरीके से नाम जोड़े गए होंगे तो उन्हें कटवाने की कार्रवाई भी कराई जाएगी। उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि भाजपा लोकतांत्रिक प्रक्रिया को प्रभावित कर चुनावी लाभ लेने का प्रयास करती रही है। उन्होंने पश्चिम बंगाल का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां भी वोट काटने और मतदाता सूची में हेरफेर की राजनीति के जरिए भाजपा ने अपनी स्थिति मजबूत करने की कोशिश की थी। कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने कहा कि पार्टी अब इस मुद्दे पर पूरी गंभीरता से काम करेगी और हर बूथ स्तर तक कार्यकर्ताओं को सक्रिय किया जाएगा।