दिल्ली में आधी रात में फैज-ए-इलाही मस्जिद के पास बुलडोजर एक्शन, विरोध में पुलिस पर पथराव,5 पुलिसकर्मी घायल

In Delhi, a bulldozer action took place near Faiz-e-Ilahi Mosque at midnight; protesters pelted stones at the police in protest, injuring 5 police officers.

नई दिल्ली। रामलीला मैदान के समीप तुर्कमान गेट इलाके में आज तड़के दिल्ली नगर निगम ने एक बड़ा अतिक्रमण विरोधी अभियान चलाया। दिल्ली हाई कोर्ट के कड़े निर्देशों के बाद की गई इस कार्रवाई में 17 बुलडोजरों और भारी पुलिस बल का इस्तेमाल किया गया। बता दें कि आमतौर पर ऐसी कार्रवाई सुबह 8 बजे के बाद शुरू होती हैं, लेकिन सुरक्षा कारणों और संभावित विरोध को देखते हुए प्रशासन ने इसे तड़के 1:30 बजे ही शुरू कर दिया। अभियान का मुख्य लक्ष्य फैज-ए-इलाही मस्जिद के समीप और रामलीला मैदान की भूमि पर अवैध रूप से बने एक सामुदायिक भवन (बारात घर), डिस्पेंसरी और कुछ व्यावसायिक ढांचों को गिराना था। जैसे ही बुलडोजरों ने अवैध ढांचों को गिराना शुरू किया, स्थानीय निवासियों ने इसका कड़ा विरोध किया। स्थिति तब तनावपूर्ण हो गई जब कुछ शरारती तत्वों ने पुलिस और निगम कर्मियों पर पथराव शुरू कर दिया। इस झड़प में 5 पुलिसकर्मियों के घायल होने की खबर है। भीड़ को तितर-बितर करने के लिए पुलिस को हल्के बल का प्रयोग और आंसू गैस के गोले छोड़ने पड़े। 

रामलीला मैदान के फैज इलाही मस्जिद के पास अवैध कब्जे को हटाने के लिए दिल्ली के 9 जिले के डीसीपी रैंक के अफसरों को लगाया गया था। 15 से ज्यादा जेसीबी मशीनों को डेमोलेशन में लगाया गया था। 70 से ज्यादा डंपरों को मलबा हटाने में लगया गया. इस दौरान करीब 150 से ज्यादा एमसीडी कर्मचारी तैनात रहे। तुर्कमान गेट की तरफ़ बैरिकेडिंग के खिलाफ़ लोग नारेबाजी कर रहे थे और बैरकिंग को तोड़ने की कोशिश कर रहे थे। जिसके बाद पुलिस ने हल्का पुलिसबल का उपयोग कर उपद्रव कर रहे लोगो को दूर किया। यह कार्रवाई एक संयुक्त सर्वे रिपोर्ट के बाद की गई है, जिसमें पाया गया था कि पीडब्ल्यूडी की लगभग 2,512 वर्ग फुट और नगर निगम की 36,248 वर्ग फुट भूमि पर अवैध कब्जा है। न्यायालय ने स्पष्ट किया था कि धार्मिक या कब्रिस्तान की भूमि का उपयोग निजी बैंकॉक हॉल या क्लिनिक जैसे व्यावसायिक उद्देश्यों के लिए नहीं किया जा सकता। इस कार्रवाई के कारण मध्य दिल्ली के कई हिस्सों में ट्रैफिक बुरी तरह प्रभावित हुआ। दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने जेएलएन मार्ग, अजमेरी गेट, मिंटो रोड और दिल्ली गेट की ओर जाने वाले यात्रियों के लिए एडवाइजरी जारी की है और वैकल्पिक मार्गों के प्रयोग की सलाह दी है। 

दिल्ली नगर निगम के DC विवेक अग्रवाल ने बताया, "कोर्ट के आदेश के तहत हमने ये कार्रवाई की है. यह कार्रवाई हमने रात के समय ही शुरू की थी... हमने इस कार्य में 32 JCB लगाए हैं... जो अतिक्रमण वेस्ट रह गया है जिसे जल्द ही उठा लिया जाएगा...(रात को हुए पथराव की घटना में)किसी को चोट नहीं आई है पुलिस ने बहुत अच्छा काम किया है और तुरंत स्थिति पर नियंत्रण पा लिया गया। तुर्कमान गेट के समीप हुई कार्रवाई पर दिल्ली के गृहमंत्री आशीष सूद ने कहा मस्जिद के आसपास जो अवैध निर्माण था, उसे कोर्ट के आदेश पर हटाया गया है। मस्जिद की चौखट की एक मिट्टी तक नहीं हटाई गई। अभी तक वहां पत्थरबाजी करने वाले 5 लोगों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। एमसीडी अधिकारियों के अनुसार "यह कार्रवाई पूरी तरह से कानून सम्मत और न्यायालय के आदेशानुसार है। सरकारी जमीन को अतिक्रमण मुक्त कराना हमारी प्राथमिकता है। बुलडोजर कार्रवाई के दौरान कुछ लोगों ने पुलिस पर पत्थर फेंके,जिसके बाद हालात को नियंत्रित करने के लिए आंसू गैस के गोले और गैस बुलेट छोड़े गए। इससे पूरे इलाके में धमाके जैसी आवाजें सुनाई दीं। स्थिति को काबू में करने के लिए रैपिड एक्शन फोर्स की टीम भी मौके पर पहुंची और पत्थरबाजी कर रहे लोगों को हटाया गया। दिल्ली पुलिस ड्रोन कैमरों के जरिए पूरे क्षेत्र की निगरानी करती रही। वर्तमान में इलाके में भारी पुलिस बल और रैपिड एक्शन फोर्स तैनात है और स्थिति नियंत्रण में है।