Aug 23, 2026 Login

हल्द्वानी: एमबीपीजी कॉलेज फिर बना सियासी अखाड़ा! छेड़छाड़ के आरोप से शुरू हुआ विवाद मारपीट और कोतवाली में धरने तक पहुंचा

Haldwani: MBPG College turns into a political battleground once again! A dispute sparked by allegations of molestation escalated into a physical altercation and a sit-in protest at the police station

हल्द्वानी। एमबीपीजी कॉलेज में छात्रसंघ चुनाव की सरगर्मी के बीच शनिवार को एक बार फिर छात्र गुटों के बीच जमकर टकराव हुआ। एक प्रत्याशी की समर्थक छात्रा से कथित छेड़छाड़ और अभद्रता के आरोप से शुरू हुआ विवाद देखते ही देखते मारपीट, हंगामे और पुलिस से खींचतान तक पहुंच गया। कॉलेज परिसर में स्थिति बिगड़ने पर पुलिस को लाठियां फटकारकर भीड़ को नियंत्रित करना पड़ा। बाद में कार्रवाई में देरी का आरोप लगाते हुए छात्र रात करीब आठ बजे हल्द्वानी कोतवाली के भीतर ही धरने पर बैठ गए। बताया गया कि शनिवार को एक छात्रसंघ चुनाव के संभावित प्रत्याशी की हेल्पडेस्क पर कुछ छात्राएं बैठी थीं। इसी दौरान दूसरे पक्ष के कुछ युवक वहां पहुंचे। आरोप है कि उन्होंने एक छात्रा के साथ छेड़छाड़ और अभद्रता की। छात्रा ने फोन कर अपने साथी को मौके पर बुलाया। आरोप है कि उसके पहुंचते ही युवकों ने गाली-गलौज शुरू कर दी। विवाद बढ़ता देख छात्र प्राचार्य को लिखित शिकायत देने के लिए जाने लगा। आरोप है कि रास्ते में ही दूसरे पक्ष के युवकों ने उसे रोक लिया और एकत्र होकर उसके साथ मारपीट शुरू कर दी। छात्र के मुताबिक, वह किसी तरह मौके से भागकर अपनी जान बचा पाया। घटना की जानकारी फैलते ही उसके अन्य समर्थक भी कॉलेज पहुंच गए। इसके बाद दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए और परिसर में जमकर हंगामा हुआ। कॉलेज प्रशासन की सूचना पर कोतवाली और चौकी पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने दोनों पक्षों को अलग किया और हंगामा कर रहे कुछ युवकों को हिरासत में लिया। पुलिस जब हिरासत में लिए गए युवकों को कॉलेज से बाहर ले जा रही थी, तभी कुछ अन्य युवकों ने पुलिस से खींचतान की कोशिश की। हालात बिगड़ते देख पुलिस ने सख्ती दिखाई और जमीन पर लाठियां फटकारकर भीड़ को तितर-बितर किया।

तहरीर के बाद भी कार्रवाई में देरी का आरोप
उधर, पीड़ित छात्रा ने आरोपित युवकों के नाम बताते हुए हल्द्वानी कोतवाली में तहरीर दी। छात्रों का आरोप था कि तहरीर देने के बाद भी करीब चार घंटे तक पुलिस ने कोई ठोस कार्रवाई नहीं की। उनका कहना था कि आरोपित युवक लगातार धमकियां दे रहे हैं, लेकिन पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार करना तो दूर पूछताछ के लिए भी नहीं बुलाया। कार्रवाई न होने से नाराज छात्रा के साथी और अन्य समर्थक रात करीब आठ बजे कोतवाली पहुंच गए और अंदर ही धरने पर बैठ गए। कुछ ही देर में कोतवाली परिसर में नारेबाजी शुरू हो गई। स्थिति को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया। देर रात तक पुलिस अधिकारी छात्रों को समझाने में जुटे रहे, लेकिन छात्र आरोपितों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की मांग पर अड़े रहे। आखिरकार पुलिस ने चार अज्ञात युवकों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की और एक युवक को हिरासत में लिया। इसके बाद आंदोलनरत छात्रों ने धरना समाप्त किया।

छात्र राजनीति के साथ बढ़ता टकराव
एमबीपीजी कॉलेज में छात्र राजनीति को लेकर गुटों के बीच विवाद और हंगामे की घटनाएं पहले भी सामने आती रही हैं। शनिवार की घटना ने एक बार फिर कॉलेज परिसर में छात्र गुटों के बढ़ते टकराव, सुरक्षा व्यवस्था और चुनावी माहौल में कानून-व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं।