हल्द्वानीः मुखानी चौराहे पर फ्लाईओवर और अतिक्रमण हटाने के मामले में सुनवाई! हाईकोर्ट ने पूछा- चिन्हित अतिक्रमण पर अब तक क्या कार्रवाई हुई? दो सप्ताह में मांगा जवाब

Haldwani: Hearing regarding the flyover and encroachment removal at Mukhani Crossing! The High Court asked what action has been taken so far against the identified encroachments and sought a response

नैनीताल। उत्तराखंड हाईकोर्ट में हल्द्वानी स्थित मुखानी चौराहे को जाम मुक्त कराए जाने और यहां पर फ्लाईओवर का निर्माण करने के मामले में दायर जनहित याचिका पर सुनवाई हुई। मामले की सुनवाई के बाद कोर्ट की खंडपीठ ने राज्य सरकार व जिलाधिकारी से पूछा है की जो अतिक्रमण चिन्हित किया गया था उसका क्या हुआ? दो सप्ताह के भीतर कोर्ट को बताएं। मामले की अगली सुनवाई के लिए दो सप्ताह बाद की तिथि नियत की गई है। मामले की सुनवाई मुख्य न्यायाधीश मनोज कुमार गुप्ता और न्यायमूर्ति सुभाष उपाध्याय की खण्डपीठ में हुई। सुनवाई पर राज्य सरकार की तरफ से कहा गया कि हल्द्वानी के कई चौराहों से अतिक्रमण हटा दिया गया है। सड़कों का चौड़ीकरण का कार्य चल रहा है, लेकिन मुखानी चौराहे से अतिक्रमण हटाने के लिए 71 लोगों को नोटिस दिया गया है। अधिवक्ता दुष्यंत मैनाली ने कोर्ट को अवगत कराया कि हल्द्वानी के मुखानी चौराहे में आए दिन लगने वाले जाम को देखते हुए 2018 में यहां पर फ्लाईओवर बनाने का सुझाव देने के बाद प्रशासन द्वारा लाखों रुपए खर्च कर इसका सर्वे कराया गया। कई वर्ष बीत जाने के बावजूद अभी तक राज्य सरकार द्वारा इसकी रिपोर्ट पेश नही की गई है। जबकि यह शहर का व्यस्तम मार्गों में से एक है। आए दिन यहां पर घण्टों का जाम लगा रहता है। शहर की ट्रैफिक व्यवस्था को दुरस्त करने के लिए फ्लाई ओवर की जरूरत हो रही है। ताकि शहर में आने जाने वाले मुसाफिर, छात्र और कर्मचारी तय समय में अपने स्थानों पर तय समय पर पहुंच सके। बता दें कि हल्द्वानी निवासी पूरन चन्द्र जोशी की ओर से वर्ष 2018 में उच्च न्यायालय में जनहित याचिका दायर कर कहा था कि कालाढूंगी रोड पर खासकर मुखानी चौराहे के पास आए दिन जाम की स्थित बनी रहती है। इससे स्कूल, ऑफिस समेत अन्य जरूरी कार्य के लिए इस मार्ग से आने-जाने वालों का अधिकांश समय जाम में ही व्यतीत हो जाता है। वे नियत समय पर अपने गंतव्य तक नहीं पहुंच पाते हैं। याचिकाकर्ता का कहना है कि जाम से निजात दिलाने के लिए कालाढूंगी रोड पर फ्लाईओवर का निर्माण किया।