Good Morning India: भारत की टी20 में सबसे बड़ी हार,अपने दूसरे न्यूनतम स्कोर पर ऑलआउट हुई टीम; इंग्लैंड ने बनाई बढ़त,प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज इंडोनेशिया से ऑस्ट्रेलिया दौरे के लिए रवाना होंगे,हाई वोल्टेज ड्रामे के बाद भवाली व्यापार मंडल अध्यक्ष हिरासत में, युवती ने लगाया है दुष्कर्म और गर्भपात का आरोप,उत्तराखंड में मदरसों पर बढ़ी सख्ती,लगेगा पांच लाख जुर्माना, प्रशासक की तैनाती, प्राथमिकी भी होगी दर्ज, लिंक में पढ़ें प्रमुख खबरें
नमस्कार दोस्तों, आवाज इंडिया अपना खास कॉलम 'गुड मॉर्निंग इंडिया' लेकर एक फिर आपके समक्ष हाजिर है। आईए शुरुआत करते हैं उन सुर्खियों के साथ, जो आज पूरे दिन चर्चा में रहने वाली हैं। भारत टी20 इतिहास के दूसरे सबसे न्यूनतम स्कोर पर ऑलआउट, इंग्लैंड ने बनाई मजबूत बढ़त। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इंडोनेशिया दौरे के बाद आज ऑस्ट्रेलिया के लिए रवाना होंगे। मेटा पर अमेरिका के चार राज्यों ने 1.4 खरब डॉलर के जुर्माने की मांग की। होर्मुज जलडमरूमध्य पर तनाव के बीच अमेरिका ने ईरान पर शुरू किए सैन्य हमले। लॉरेंस बिश्नोई-गोल्डी बराड़ गिरोह पर अंतरराष्ट्रीय शिकंजा, 24 गिरफ्तार। डोडा में बादल फटने से भूस्खलन, अमरनाथ यात्रा सुचारू, 1.13 लाख श्रद्धालुओं ने किए बाबा बर्फानी के दर्शन। राम मंदिर चढ़ावा मामले में चंपत राय ने एसबीआई और ट्रस्ट सदस्य पर उठाए सवाल। हाई वोल्टेज ड्रामे के बाद नैनीताल के भवाली व्यापार मंडल अध्यक्ष हिरासत में, युवती ने लगाया दुष्कर्म और गर्भपात का आरोप। उत्तराखंड हाईकोर्ट ने कब्रिस्तान में शव दफनाने पर रोक लगाने वाला बोर्ड हटाने के दिए आदेश। बदरीनाथ धाम दान-चढ़ावा मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय उच्चस्तरीय समिति गठित।
अब बड़ी खबरों की तरफ रुख करते हैं,अमेरिका के चार प्रांत कंपनी पर 1.4 खरब डॉलर का जुर्माना लगाने की मांग कर रहे हैं। कंपनी पर आरोप है कि उसने अपने फेसबुक और इंस्टाग्राम प्लेटफॉर्म को इस तरह से डिजाइन किया है कि युवा यूजर्स इसकी लत लगा बैठें और उनकी सुरक्षा के बारे में जनता को गुमराह किया। मेटा प्लेटफॉर्म्स ने अदालत में यह आंकड़ा अटॉर्नी जनरल की उन फाइलिंग के जवाब में पेश किया, जिनमें कह था कि यदि राज्य ट्रायल जीतते हैं तो जुर्माने की गणना कैसे होनी चाहिए। इस आंकड़े का खुलासा पहले कभी नहीं हुआ। तो वही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तीन देशों की यात्रा पर हैं। आज उनके इंडोनेशिया दौरे का आखिरी दिन है। इसके बाद पीएम मोदी ऑस्ट्रेलिया के मेलबर्न का दौरा करेंगे। यह यात्रा ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज के निमंत्रण पर हो रही है। मेलबर्न में, प्रधानमंत्री मोदी, प्रधानमंत्री अल्बनीज के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे। वह ऑस्ट्रेलिया की गवर्नर-जनरल सैम मोस्टिन से भी मुलाकात करेंगे। प्रधानमंत्री भारत-ऑस्ट्रेलिया सीईओ फोरम में हिस्सा लेंगे और दोनों देशों के प्रमुख उद्योगपतियों को संबोधित करेंगे। साथ ही, भारतीय समुदाय के एक बड़े कार्यक्रम में भी शामिल होंगे।
उधर अमेरिका ने ईरानी तेल की बिक्री की अनुमति देने वाला लाइसेंस रद्द कर दिया है। अमेरिकी वित्त विभाग ने मंगलवार को इसकी जानकारी दी। वित्त विभाग ने पिछले महीने 60 दिनों के लिए यह लाइसेंस जारी किया था। दोनों देशों के बीच संघर्ष खत्म करने के लिए हुए अंतरिम समझौते के तहत ईरानी तेल पर लगे प्रतिबंधों में यह छूट दी गई थी। हालांकि, वित्त विभाग के अधिकारियों ने यह नहीं बताया कि लाइसेंस किस वजह से रद्द किया गया। यह फैसला ऐसे समय आया है, जब ब्रिटिश सेना ने बताया कि होर्मुज जलडमरूमध्य में तीन तेल टैंकरों पर ड्रोन हमला किया गया। यह हाल के दिनों में इस अहम समुद्री मार्ग से गुजर रहे जहाजों पर हुआ ताजा हमला है। होर्मुज जलडमरूमध्य वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति के लिए बेहद महत्वपूर्ण मार्ग है।
इधर पश्चिम एशिया में एक बार फिर तनाव बढ़ गया है। अमेरिका ने बुधवार तड़के ईरान के खिलाफ सैन्य हमले शुरू कर दिए हैं। अमेरिका ने यह कार्रवाई ईरान पर होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजर रहे तीन वाणिज्यिक जहाजों पर हमला करने का आरोप लगाने के बाद की है। दूसरी ओर, ईरानी सरकारी मीडिया ने देश के दक्षिणी हिस्सों में कई धमाकों की जानकारी दी है। अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने सोशल मीडिया पर बताया कि उसकी सेनाओं ने ईरान पर जोरदार हमले शुरू किए हैं। अमेरिका ने कहा कि ये हमले होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने वाले तीन जहाजों पर हुए ईरानी हमलों के जवाब में हैं। अमेरिका ने ईरान के इस आक्रामक रवैये को अनुचित, खतरनाक और युद्धविराम का स्पष्ट उल्लंघन बताया है।अमेरिकी घोषणा के तुरंत बाद, ईरानी सरकारी मीडिया ने दक्षिणी ईरान में सिलसिलेवार धमाकों की खबर दी। मीडिया के अनुसार, दक्षिणी शहर सिरिक में सात धमाकों की आवाज सुनी गई। इसके अलावा सिरिक के ताहेरुई पियर क्षेत्र में छह मिसाइलें या गोले गिरे। ईरान के प्रेस टीवी ने बताया कि धमाकों से हुए नुकसान या किसी के हताहत होने की तत्काल कोई जानकारी नहीं मिली है। इसके अलावा दक्षिणी ईरान के केश्म द्वीप और बंदर अब्बास में भी धमाकों की आवाज सुनी गई।
तो वही अमेरिका, कनाडा और यूरोप में लॉरेंस बिश्नोई और गोल्डी बराड़ समेत भारतीय अपराधियों के तीन गिरोहों के खिलाफ अभियान में 24 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। इनमें से बिश्नोई-बराड़ गिरोह पर खालिस्तान समर्थक आतंकी हरदीप सिंह निज्जर की 2023 में हुई हत्या की साजिश रचने का आरोप लगाया गया है। छापे में करीब 1,000 किलोग्राम कोकीन, एक किलोग्राम हेरोइन, 40,000 डॉलर नकद और करीब एक दर्जन हथियार जब्त किए। एफबीआई, लॉस एंजिल्स पुलिस, रॉयल कैनेडियन माउंटेड पुलिस और कई अन्य देशों की सुरक्षा एजेंसियों ने अभियान में समन्वित कार्रवाई की। अभियान को ऑपरेशन हार्ड बॉल नाम दिया गया। अमेरिकी अधिकारियों ने तीनों गिरोहों के खिलाफ तीन आरोपपत्र दायर किए हैं, जिनमें कुल 37 लोगों को आरोपी बनाया है। अधिकारियों ने बताया कि कैलिफोर्निया में 11 गिरफ्तारियां हुईं, जबकि बाकी गिरफ्तारियां इंडियाना, जॉर्जिया, कनाडा और स्पेन में हुईं। दस आरोपी अब भी फरार हैं। बिश्नोई-बराड़ के अलावा जग्गू भगवानपुरिया और रविंदर सिंह ढांडा गिरोहों को भी निशाना बनाया। जून, 2023 को ब्रिटिश कोलंबिया के सरे में दो बंदूकधारियों ने निज्जर की गोली मारकर हत्या कर दी थी।
इधर, देशभर में सक्रिय मानसून के बीच जम्मू-कश्मीर के डोडा में बादल फटने से भूस्खलन हुआ, हालांकि किसी तरह के जानमाल के नुकसान की खबर नहीं है। अमरनाथ यात्रा भी सुचारू रूप से जारी है और अब तक 1.13 लाख से अधिक श्रद्धालु बाबा बर्फानी के दर्शन कर चुके हैं। वही उधर राम मंदिर चढ़ावा चोरी पर श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के पूर्व महासचिव चंपत राय ने लंबी चुप्पी तोड़ते हुए पूरे मसले के लिए स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (एसबीआई) और ट्रस्ट के सदस्य रहे अनिल मिश्रा को जिम्मेदार ठहराया है। सोशल मीडिया में वायरल हो रहे विशेष जांच दल (एसआईटी) को भेजे गए पत्र में उन्होंने दान की गणना प्रक्रिया से जुड़े कई बिंदुओं पर एसबीआई की कार्यप्रणाली और सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। एसआईटी को लिखे पत्र में उन्होंने अपने बयान को जांच के रिकॉर्ड का हिस्सा बनाने का अनुरोध किया है। उन्होंने पत्र में लिखा कि 6 फरवरी 2025 को जारी गणना प्रक्रिया के लिए बैंक और ट्रस्ट की ओर से संयुक्त रूप से निर्धारित दिशा-निर्देश से वह पूरी तरह असहमत हैं। इस दस्तावेज पर ट्रस्टी डॉ. अनिल मिश्रा और एसबीआई अयोध्या शाखा के मुख्य प्रबंधक के हस्ताक्षर हैं। चंपत ने दावा किया कि उन्हें इस दिशानिर्देश पत्र की जानकारी 13 जून को ट्रस्ट के अकाउंट कार्यालय से मिली। उन्होंने कहा कि अगस्त 2020 से इस साल जून तक ट्रस्ट और अन्य संस्थाओं के बीच हुए सभी महत्वपूर्ण अनुबंधों पर उनके हस्ताक्षर हैं, ऐसे में इस महत्वपूर्ण दस्तावेज पर उनसे हस्ताक्षर न कराना कई सवाल खड़े करता है।
अब उत्तराखण्ड की खबरों पर नजर डालते हैं, नैनीताल जिले के भवाली व्यापार मंडल के अध्यक्ष नरेश पांडे को दुष्कर्म और गर्भपात कराने के आरोपों के मामले में पुलिस ने देर रात उनके आवास से हिरासत में ले लिया। कार्रवाई नैनीताल, भवाली और हल्द्वानी पुलिस की संयुक्त टीम द्वारा की गई। इस दौरान हाई वोल्टेज ड्रामा भी देखने को मिला। पुलिस नरेश को हिरासत में लेती, उससे पहले ही उसने फेसबुक लाइव शुरू कर दिया। अचानक उसने कोई पदार्थ भी पी लिया। जानकारी के अनुसार, क्षेत्र की एक युवती ने नरेश पांडे पर गंभीर आरोप लगाते हुए पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी। मामले की जांच के दौरान पुलिस ने बीते दिनों युवती के जिला न्यायालय में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 183 (पूर्व में दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 164) के तहत बयान भी दर्ज कराए थे। बयान दर्ज होने के बाद पुलिस ने साक्ष्यों और जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई करते हुए आरोपी को हिरासत में ले लिया।
उधर उत्तराखंड हाईकोर्ट ने देहरादून के मोरोवाला में कब्रिस्तान की कमेटी के द्वारा कब्रिस्तान की भूमि पर अपने चेहतों के अलावा किसी अन्य शवों को दफन पर लगाई रोक के खिलाफ दायर याचिका पर सुनवाई की। मामले की सुनवाई के बाद कोर्ट ने याचिका को निस्तारित करते हुए जिलाधिकारी देहरादून को महत्वपूर्ण आदेश दिया है। हाईकोर्ट ने जिलाधिकारी को आदेश दिया है कि कब्रिस्तान में कमेटी द्वारा लगाए गए बोर्ड को तत्काल हटाया जाए। साथ ही ये सुनिश्चित करें कि वहां पर शवों को दफनाने से क्यों रोका जा रहा है। इस पर विधि अनुसार निर्णय लें। मामले की सुनवाई वरिष्ठ न्यायमूर्ति मनोज कुमार तिवारी की एकलपीठ में हुई।
वही इधर उत्तराखंड में अल्पसंख्यक शिक्षण संस्थानों पर सख्ती के लिए सरकार ने आठ अक्तूबर 2025 को लागू हुए उत्तराखंड अल्पसंख्यक शिक्षा अधिनियम 2025 को अध्यादेश लाकर संशोधित कर दिया है। लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (सेनि.) की मंजूरी के बाद उत्तराखंड अल्पसंख्यक शिक्षा अधिनियम (संशोधन) अध्यादेश 2026 लागू हो गया है। अल्पसंख्यक संस्थानों के कानून में पूर्व में धारा-11 की उपधारा-3 में ये प्रावधान किया गया था कि अल्पसंख्यक प्राधिकरण जो सिलेबस तैयार करेगा, उस पर उत्तराखंड बोर्ड के अनुमोदन की जरूरत होगी। अब सरकार ने इस शर्त को हटा दिया है। इसी प्रकार, धारा-12 की उपधारा-3 को भी हटा दिया गया है, जिसमें उत्तराखंड बोर्ड से अनुमोदन का प्रावधान किया गया था।
उधर सहेली के साथ वॉटर पार्क घूमने निकली एक नाबालिग को नशीला पदार्थ पिलाकर होटल में सामूहिक दुष्कर्म करने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। आरोप है कि उसकी सहेली के मुंहबोले भाई और उसके चाचा ने पहले उसे कोल्ड ड्रिंक में नशीला पदार्थ पिलाया और फिर होटल के कमरे में ले जाकर वारदात को अंजाम दिया। बाद में दो अन्य युवकों ने भी उसके साथ दरिंदगी की। पीड़िता ने होटल से ही किसी तरह परिजनों को फोन कर घटना की जानकारी दी, जिसके बाद मामले का खुलासा हुआ। पुलिस ने तहरीर के आधार पर जांच शुरू कर दी है। जानकारी के मुताबिक, रूद्रपुर निवासी एक महिला ने तहरीर देकर बताया कि उसकी 17 वर्षीय बेटी सोमवार को अपनी एक सहेली के साथ वॉटर पार्क जाने के लिए निकली थी। रास्ते में सहेली का मुंहबोला भाई अपने चाचा के साथ बाइक पर मिला। दोनों ने सहेली को ऑटो से आने को कहा और पीड़िता को अपनी बाइक पर बैठाकर वॉटर पार्क ले गए। सहेली वहां पहुंची या नहीं, पुलिस इसकी जांच कर रही है। आरोप है कि इसके बाद वे पीड़िता को एक होटल में ले गए, जहां उसे बेसुध कर उन्होंने उसके साथ दुष्कर्म किया। इस दो अन्य लोग और वहां पहुंचे और उन्होंने भी किशोरी से दुष्कर्म किया। ये अन्य दो लोग कौन हैं, पुलिस इसकी भी पड़ताल कर रही है।
इधर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर बदरीनाथ धाम में दान-चढ़ावे से जुड़ी कथित अनियमितताओं की जांच के लिए तीन सदस्यीय उच्चस्तरीय समिति गठित की गई है। ये समिति 15 दिनों में अपनी रिपोर्ट शासन को सौंपेगी। श्री बदरीनाथ धाम में दान-चढ़ावे को लेकर सामने आए कथित अनियमितताओं के मामले ने अब शासन स्तर पर गंभीर रूप ले लिया है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर उत्तराखंड शासन ने पूरे प्रकरण की गहन जांच के लिए तीन सदस्यीय उच्चस्तरीय समिति का गठन किया है। समिति को 15 दिनों के भीतर जांच पूरी कर अपनी रिपोर्ट और संस्तुतियां शासन को सौंपने के निर्देश दिए गए हैं। पर्यटन सचिव धीराज सिंह गर्ब्याल की ओर से जारी आदेश के अनुसार गठित समिति मंदिर में प्राप्त होने वाले दान-चढ़ावे और उसके प्रबंधन से जुड़े विभिन्न पहलुओं की विस्तृत जांच करेगी। शासन का कहना है कि हाल के दिनों में इस संबंध में प्राप्त शिकायतों और मामले की गंभीरता को देखते हुए निष्पक्ष तथा तथ्यपरक जांच सुनिश्चित करने के लिए उच्चस्तरीय समिति गठित करने का निर्णय लिया गया है।