देहरादून गोलीकाण्डः रिटायर्ड ब्रिगेडियर मुकेश जोशी को अंतिम विदाई! मुख्यमंत्री धामी और पूर्व सीएम हरीश रावत ने दी श्रद्धांजलि, प्रदेशभर में चलेगा ‘ऑपरेशन प्रहार’

Dehradun shooting: Retired Brigadier Mukesh Joshi bids adieu! Chief Minister Dhami and former Chief Minister Harish Rawat pay tribute; 'Operation Prahar' will be launched across the state.

देहरादून। राजधानी देहरादून में फायरिंग की घटना में जान गंवाने वाले सेवानिवृत्त ब्रिगेडियर मुकेश जोशी को आज अंतिम विदाई दी गई। इस दौरान पूरे सैन्य सम्मान और भावुक माहौल के बीच उनका अंतिम संस्कार किया गया, जिसमें राजनीतिक और प्रशासनिक हस्तियां भी शामिल हुईं। रिटायर्ड ब्रिगेडियर मुकेश जोशी का अंतिम संस्कार उनके बेटे ने किया। इस दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी भी उनके आवास पहुंचे और शोकाकुल परिवार से मुलाकात कर उन्हें ढांढस बंधाया। मुख्यमंत्री ने परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि इस दुखद घटना में शामिल दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को प्रदेशभर में ‘ऑपरेशन प्रहार’ चलाकर असामाजिक तत्वों पर कड़ी कार्रवाई के निर्देश भी दिए। सीएम धामी ने स्पष्ट किया कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा और आम जनता की सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।

वहीं कांग्रेस के वरिष्ठ नेता हरीश रावत भी अंतिम संस्कार में शामिल हुए और दिवंगत आत्मा को श्रद्धांजलि अर्पित की। इस घटना को लेकर राजनीतिक बयानबाजी भी तेज हो गई है। गौरतलब है कि 30 मार्च को राजपुर थाना क्षेत्र के जोहड़ी गांव में एक नाइट क्लब में बिल को लेकर शुरू हुआ विवाद हिंसक झड़प में बदल गया था। आरोप है कि बिना नंबर प्लेट की स्कॉर्पियो सवार युवकों ने फायरिंग कर दी। इस दौरान मॉर्निंग वॉक पर निकले ब्रिगेडियर मुकेश जोशी गोलीबारी की चपेट में आ गए और उनकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया, जिसने पूरे मामले को और गंभीर बना दिया। पुलिस ने इस मामले में एक पक्ष के तीन और दूसरे पक्ष के एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। वहीं घटना के बाद पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठने लगे हैं। विपक्ष ने इस मुद्दे को लेकर सरकार को घेरा है। राहुल गांधी ने भी इस घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए कानून व्यवस्था को लेकर सवाल उठाए हैं। इधर सरकार ने भी मामले में सख्त रुख अपनाते हुए संबंधित चौकी इंचार्ज और सब एक्साइज इंस्पेक्टर को सस्पेंड कर दिया है। साथ ही डीजीपी खुद पूरे मामले की निगरानी कर रहे हैं।