किसान आत्महत्या मामले में मुख्यमंत्री धामी सख्त! कुमाऊँ आयुक्त को मजिस्ट्रेट जांच के निर्देश

Chief Minister Dhami takes strict action in farmer suicide case! Orders magisterial inquiry by Kumaon Commissioner.

ऊधम सिंह नगर जनपद के काशीपुर निवासी एक किसान द्वारा हल्द्वानी में आत्महत्या किए जाने के अत्यंत दुखद और गंभीर प्रकरण को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पूरी संवेदनशीलता के साथ संज्ञान में लिया है। मुख्यमंत्री ने मामले की गंभीरता को देखते हुए कुमाऊँ आयुक्त दीपक रावत को तत्काल मजिस्ट्रेट जांच के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट शब्दों में कहा है कि इस घटना से जुड़े सभी तथ्यों और परिस्थितियों की निष्पक्ष, पारदर्शी और गहन जांच सुनिश्चित की जाए, ताकि सच्चाई सामने आ सके और यदि किसी भी स्तर पर लापरवाही, उत्पीड़न या दोष सामने आता है तो संबंधित के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाए।

मुख्यमंत्री धामी ने इस प्रकरण को लेकर मुख्य सचिव आनंद बर्धन और पुलिस महानिदेशक दीपम सेठ से भी विस्तृत जानकारी प्राप्त की है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जांच प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी और सभी पहलुओं की गंभीरता से पड़ताल की जाए। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि कानून से ऊपर कोई नहीं है और दोषी पाए जाने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। मुख्यमंत्री ने दिवंगत किसान के परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि यह घटना अत्यंत पीड़ादायक है और सरकार इस दुख की घड़ी में पीड़ित परिवार के साथ पूरी मजबूती से खड़ी है। उन्होंने प्रशासन को निर्देश दिए कि पीड़ित परिवार को हर संभव सहायता उपलब्ध कराई जाए, चाहे वह आर्थिक सहयोग हो या कानूनी मदद। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का प्राथमिक उद्देश्य पीड़ित परिवार को न्याय दिलाना है और इसके लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जाएंगे। राज्य सरकार ने यह भी संकेत दिए हैं कि जांच रिपोर्ट के आधार पर यदि किसी विभागीय स्तर पर सुधार की आवश्यकता महसूस होती है तो उसमें भी त्वरित कार्रवाई की जाएगी, ताकि भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके। मुख्यमंत्री धामी ने अधिकारियों को संवेदनशील मामलों में मानवीय दृष्टिकोण अपनाने और जनता का विश्वास बनाए रखने के निर्देश दिए हैं। इस पूरे प्रकरण पर मुख्यमंत्री की त्वरित और संवेदनशील पहल से यह स्पष्ट संदेश गया है कि राज्य सरकार किसानों और आम नागरिकों की समस्याओं को गंभीरता से ले रही है तथा किसी भी प्रकार के अन्याय के विरुद्ध सख्त रुख अपनाने को पूरी तरह प्रतिबद्ध है।