बड़ी खबरः बिहार की राजनीति में बड़ी हलचल! मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने एमएलसी पद से दिया इस्तीफा, मुख्यमंत्री की कुर्सी छोड़ने पर अब भी सस्पेंस
नई दिल्ली। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने आज सोमवार को एमएलसी पद से इस्तीफा दे दिया है। सुबह सवा 10 बजे इसकी आधिकारिक पुष्टि हो गई है। उनके इस इस्तीफे को लेकर सुबह से गहमा-गहमी का माहौल बना हुआ था और राजनीतिक हलचल तेज हो गयी थी। पहले जेडीयू की ओर से कहा गया था कि उनका इस्तीफा हमारे पास है बाद में जेडीयू नेता इस्तीफा लेकर सभापति के पास पहुंचे। उन्होंने कहा कि सभापति आएंगे तो इस्तीफा उन्हें सौंपा जाएगा। इसके बाद सामने आया है कि नीतीश के इस्तीफ़े वाला लेटर लेकर एमएलसी संजय गांधी विधान परिषद पहुंचे थे और विधान परिषद में इस्तीफे का पत्र दिया। जेडीयू के वरिष्ठ नेता और मंत्री विजय कुमार चौधरी ने कहा कि जेडीयू एमएलसी संजय गांधी इस्तीफे का पत्र लेकर परिषद पहुंचे हैं। उन्होंने मीडिया के सामने इस्तीफे वाला लेटर भी दिखाया था। नीतीश कुमार आगे आने वाले दिनों में मुख्यमंत्री पद से भी इस्तीफा देंगे। हालांकि नियम के तहत वह अभी छह महीने सीएम रह सकते हैं।
असल में नीतीश कुमार के मुख्यमंत्री की कुर्सी छोड़ने पर सस्पेंस बना हुआ है। राज्यसभा का सदस्य चुने जाने के बाद नियम के मुताबिक उन्हें परिषद की सदस्यता छोड़नी होती है। एमएलसी पद से इस्तीफा देने के बाद भी नीतीश कुमार छह महीने तक मुख्यमंत्री रह सकते है। नीतीश कुमार अभी तक बिहार विधान परिषद के सदस्य थे। वह हाल ही में राज्यसभा के लिए भी निर्वाचित हो चुके हैं। ऐसे में नीतीश कुमार को नियमानुसार एमएलसी पद से इस्तीफा देना अनिवार्य था। वह राज्यसभा की सदस्यता को अपने पास रखेंगे, हालांकि अब वह मुख्यमंत्री पद कब छोड़ेंगे यह सवाल बना हुआ है। बता दें कि सीएम नीतीश कुमार का एमएलसी पद से इस्तीफा देने की बात से रविवार शाम से ही बिहार की राजनीति में चर्चाएं होने लगी थीं। उनसे मिलने जेडीयू के कई नेता मुख्यमंत्री आवास पहुंचे थे। जदयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय कुमार झा, मंत्री विजय कुमार चौधरी, मंत्री विजेंद्र यादव मंत्री, अशोक चौधरी सीएम हाउस पहुंचे थे।