बंगाल का महासंग्राम: दूसरे चरण में लोकतंत्र का उत्सव, भवानीपुर में ममता बनाम शुभेंदु की साख दांव पर, सुबह से बूथों पर उमड़ी भीड़”

Bengal's Epic Battle: The Festival of Democracy in Phase 2; Mamata vs. Suvendu—Reputations at Stake in Bhabanipur—Crowds Swarm Polling Booths Since Morning.

कोलकाता। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दूसरे और अंतिम चरण के रण में आज सूबे की किस्मत का फैसला हो रहा है। बुधवार सुबह सूरज की पहली किरण के साथ ही 142 सीटों पर मतदान केंद्रों के बाहर लंबी कतारें लग गईं। यह चरण न केवल सत्ता की चाबी तय करेगा, बल्कि सूबे के कई दिग्गजों के राजनीतिक भविष्य का फैसला भी करेगा। 1,448 प्रत्याशियों की किस्मत आज ईवीएम में कैद हो रही है।

पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण का मतदान बुधवार को उत्साह और जोश के साथ जारी है। सुबह से ही राज्य के विभिन्न हिस्सों में मतदाताओं की लंबी कतारें देखने को मिल रही हैं, जो इस बात का संकेत है कि जनता लोकतंत्र के इस महापर्व में बढ़-चढ़कर हिस्सा ले रही है। इस चरण में कुल 142 सीटों पर मतदान हो रहा है, जहां 1,448 उम्मीदवारों की किस्मत ईवीएम में कैद हो रही है। राज्य की राजनीति में इस बार मुकाबला बेहद दिलचस्प और कड़ा माना जा रहा है। एक ओर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के नेतृत्व में तृणमूल कांग्रेस लगातार चौथी बार सत्ता में वापसी की कोशिश कर रही है, तो दूसरी ओर भारतीय जनता पार्टी पहली बार बंगाल में अपनी सरकार बनाने के इरादे से पूरी ताकत झोंक चुकी है। चुनावी जंग अब प्रतिष्ठा और साख का सवाल बन चुकी है। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने आज अपने भवानीपुर विधानसभा क्षेत्र के कई मतदान केंद्रों का दौरा किया। भवानीपुर को उनका मजबूत गढ़ माना जाता है, लेकिन इस बार यहां मुकाबला बेहद दिलचस्प है क्योंकि उनके सामने विपक्ष के नेता शुभेंदु अधिकारी खड़े हैं। पिछले विधानसभा चुनाव में अधिकारी ने बनर्जी को कड़ी टक्कर दी थी, जिससे यह सीट हाई-प्रोफाइल बन गई है। आमतौर पर दोपहर में मतदान करने वाली ममता बनर्जी इस बार सुबह ही अपने आवास से निकलकर विभिन्न बूथों पर पहुंचीं और मतदान प्रक्रिया का जायजा लिया।

राज्यभर में मतदान केंद्रों पर सुबह से ही लंबी कतारें देखने को मिल रही हैं। लोग अपने वोट के अधिकार का उपयोग करने के लिए उत्साहित नजर आ रहे हैं। कई जगहों पर युवा मतदाताओं और महिलाओं की भागीदारी भी उल्लेखनीय रही। यह स्पष्ट संकेत है कि जनता बदलाव और अपने अधिकारों को लेकर सजग है। इस बीच पुरसुरा विधानसभा क्षेत्र से भाजपा उम्मीदवार बिमान घोष ने मतदाताओं से अपील करते हुए कहा कि मतदान एक त्योहार है और हर व्यक्ति को इसमें बढ़-चढ़कर हिस्सा लेना चाहिए। उन्होंने कहा कि इस बार राज्य में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा और भाजपा अधिक सीटें जीतकर सत्ता में आएगी। उन्होंने मतदाताओं से “पहले मतदान, फिर जलपान” का संदेश देते हुए शांतिपूर्ण मतदान की उम्मीद जताई। दूसरी ओर तृणमूल कांग्रेस की सांसद महुआ मोइत्रा ने नादिया जिले के करीमपुर गर्ल्स हाई स्कूल स्थित बूथ नंबर 120 पर अपना वोट डाला। मतदान के बाद उन्होंने कहा कि यह चुनाव लोकतंत्र को बचाने की लड़ाई है। उन्होंने आरोप लगाया कि बड़ी संख्या में मतदाताओं के नाम सूची से हटाए गए हैं, लेकिन जो लोग सूची में हैं, वे पूरी ताकत के साथ मतदान करने आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि मतदाताओं में उत्साह इस बात का प्रमाण है कि लोग बदलाव चाहते हैं और अपने अधिकारों के लिए खड़े हैं। कुल मिलाकर दूसरे चरण का मतदान शांतिपूर्ण माहौल में जारी है, हालांकि कुछ स्थानों पर हल्की-फुल्की राजनीतिक बयानबाजी और आरोप-प्रत्यारोप भी देखने को मिल रहे हैं। सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं ताकि मतदान प्रक्रिया निष्पक्ष और पारदर्शी बनी रहे। अब सभी की निगाहें मतदान प्रतिशत और आने वाले नतीजों पर टिकी हैं, जो यह तय करेंगे कि बंगाल की सत्ता की बागडोर किसके हाथ में जाएगी। फिलहाल, जनता अपने वोट की ताकत से लोकतंत्र को मजबूत करने में जुटी हुई है।