देवभूमि में मातृशक्ति का हुंकार: कांग्रेस के खिलाफ भाजपा महिला मोर्चा का 'महाआक्रोश', सीएम धामी संग सड़कों पर उतरीं हजारों महिलाएं
देहरादून। उत्तराखंड की राजधानी देहरादून का परेड ग्राउंड शुक्रवार को भगवा रंग और नारों से गूंज उठा। मौका था भाजपा महिला मोर्चा द्वारा आयोजित 'महाआक्रोश अभियान' और 'जन आक्रोश पदयात्रा' का। कांग्रेस और विपक्षी दलों द्वारा 'नारी शक्ति वंदन अधिनियम' के प्रति दिखाए गए कथित नकारात्मक रवैये के विरोध में भाजपा ने प्रदेशव्यापी आंदोलन का शंखनाद कर दिया है। इस पदयात्रा में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने भी शामिल होकर मातृशक्ति के संकल्प को मजबूती दी।
आयोजन के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पारित हुआ 'नारी शक्ति वंदन अधिनियम' महिलाओं के राजनीतिक सशक्तिकरण की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है। भाजपा महिला मोर्चा का आरोप है कि संसद में विपक्ष ने जिस तरह का आचरण किया, वह देश की आधी आबादी के अधिकारों पर सीधा प्रहार है। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य विपक्षी दलों के उस रवैये को उजागर करना है, जिसे भाजपा 'नारी अपमान' करार दे रही है। महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष रुचि भट्ट ने अभियान की विस्तृत रूपरेखा साझा करते हुए बताया कि यह आक्रोश केवल देहरादून तक सीमित नहीं रहेगा। मोर्चा की टीमें कॉलेजों, विश्वविद्यालयों और महिला छात्रावासों में जाकर छात्राओं को इस अधिनियम के महत्व के बारे में बताएंगी। अगले 10 दिनों तक सोशल मीडिया पर एक आक्रामक डिजिटल अभियान चलाया जाएगा ताकि महिलाओं की आवाज दूर-दराज के क्षेत्रों तक पहुंचे। इस महाअभियान में महिला सांसदों, विधायकों, महापौरों, जिला पंचायत अध्यक्षों और स्वयं सहायता समूहों (SHG) की महिलाओं की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की गई है। रुचि भट्ट ने कांग्रेस पर हमला बोलते हुए कहा कि विपक्ष ने अपनी संकीर्ण राजनीति के कारण महिलाओं की आकांक्षाओं को ठेस पहुंचाई है। उन्होंने प्रदेश की महिलाओं से आह्वान किया कि वे इस अभियान से जुड़ें और अपनी शक्ति का अहसास कराएं। पदयात्रा के दौरान महिलाओं के हाथों में तख्तियां और बैनर थे, जिन पर कांग्रेस के विरोध में नारे लिखे हुए थे। इस शक्ति प्रदर्शन ने साफ कर दिया है कि आगामी दिनों में उत्तराखंड की राजनीति में महिला मतदाता और उनके अधिकार एक बड़ा चुनावी मुद्दा बनने जा रहे हैं।