पंतनगर विवि के छात्रों का रूस शैक्षणिक भ्रमण सफल! मॉस्को-सेंट पीटर्सबर्ग में आधुनिक तकनीकों और अनुसंधान से हुए रूबरू
पंतनगर। गोविंद बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, पंतनगर के छात्रों का रूस में आयोजित शैक्षणिक भ्रमण सफलतापूर्वक संपन्न हो गया है। इस अंतरराष्ट्रीय शैक्षणिक यात्रा में विश्वविद्यालय के 8 छात्र-छात्राएं एवं 2 प्राध्यापक शामिल रहे, जिन्होंने रूस के प्रमुख शहर सेंट पीटर्सबर्ग और मॉस्को में शैक्षणिक एवं ऐतिहासिक स्थलों का भ्रमण किया। यह यात्रा विश्वविद्यालय और सेंट पीटर्सबर्ग स्टेट यूनिवर्सिटी ऑफ वेटरनरी मेडिसिन के बीच हुए समझौता ज्ञापन (एमओयू) के अंतर्गत आयोजित की गई थी। प्रतिनिधिमंडल में कृनंदानी वर्मा, अद्रिजा रावत, शुभी शरण, जागृति, निकिता पांडेय, इशिता सती, श्रद्धा स्नेह और रित्विक नंद शामिल रहे। इनके साथ डॉ. शिव प्रसाद (प्रोफेसर एवं विभागाध्यक्ष, गायनेकोलॉजी एवं ऑब्स्टेट्रिक्स) तथा डॉ. अरूप कुमार दास (प्रोफेसर एवं विभागाध्यक्ष, सर्जरी एवं रेडियोलॉजी) ने भी सहभागिता की। भ्रमण के दौरान छात्रों ने मॉस्को की प्रतिष्ठित प्रयोगशालाओं का दौरा किया, जहां उन्हें अत्याधुनिक तकनीकों, अनुसंधान सुविधाओं और वैज्ञानिक अवसंरचना का प्रत्यक्ष अनुभव प्राप्त हुआ।
विशेष रूप से छात्रों ने इन-विट्रो फर्टिलाइजेशन तकनीक के बारे में गहन जानकारी हासिल की, जो पशु प्रजनन विज्ञान के क्षेत्र में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। इस दौरान छात्रों ने आधुनिक उपकरणों, शोध प्रक्रियाओं और नवाचारों के बारे में जानकारी प्राप्त की और वहां के वैज्ञानिकों एवं विशेषज्ञों के साथ संवाद कर अपने ज्ञान को और समृद्ध किया। इसके अलावा प्रतिनिधिमंडल ने मॉस्को के प्रमुख ऐतिहासिक स्थलों का भी भ्रमण किया, जिससे उन्हें रूस की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को समझने का अवसर मिला। यह शैक्षणिक यात्रा छात्रों के लिए न केवल अकादमिक दृष्टि से उपयोगी साबित हुई, बल्कि उन्हें अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कार्य करने और सीखने के लिए प्रेरित भी किया। भ्रमण से लौटने के बाद विश्वविद्यालय में प्रतिनिधिमंडल का स्वागत किया गया। इस अवसर पर कुलपति डॉ. मनमोहन सिंह चौहान ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे अंतरराष्ट्रीय आदान-प्रदान कार्यक्रम छात्रों के सर्वांगीण विकास के लिए अत्यंत आवश्यक हैं। उन्होंने यूरोपीय देशों के साथ और अधिक शैक्षणिक सहयोग बढ़ाने पर भी जोर दिया। यह यात्रा विश्वविद्यालय के छात्रों के लिए एक महत्वपूर्ण अनुभव साबित हुई, जिसने उनके व्यावसायिक और व्यक्तिगत विकास में सकारात्मक योगदान दिया।