बड़ी आतंकी साजिश नाकाम: गांव में पेंटर बनकर छुपा था पाकिस्तानी लिंक का संदिग्ध, एनआईए और पुलिस ने दबोचा
दावणगेरे। कर्नाटक के दावणगेरे जिले से एक बेहद चौंकाने वाला और संवेदनशील मामला सामने आया है। राष्ट्रीय जांच एजेंसी और स्थानीय खुफिया विभाग ने एक साझा और बेहद गुप्त ऑपरेशन में पाकिस्तान से जुड़े होने के संदिग्ध एक युवक को गिरफ्तार किया है। पकड़ा गया आरोपी कथित तौर पर देश विरोधी और आतंकी गतिविधियों में शामिल था। सुरक्षा एजेंसियों को चकमा देने के लिए वह दावणगेरे के एक सुदूर गांव में साधारण 'पेंटर' (पुताई करने वाला) बनकर रह रहा था। इस हाई-प्रोफाइल गिरफ्तारी के बाद पूरे राज्य में हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया है। पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, गिरफ्तार किए गए आरोपी की पहचान सुहैल के रूप में हुई है, जो मूल रूप से उत्तर प्रदेश का रहने वाला है। सुहैल कुछ समय पहले ही उत्तर प्रदेश से कर्नाटक के दावणगेरे जिले के हरिहर तालुका पहुंचा था। कानून और सुरक्षा एजेंसियों की नजरों से बचने के लिए उसने हरिहर ग्रामीण थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले एक शांत गांव को अपना ठिकाना बनाया। वह दिन भर गांव और आसपास के इलाकों में पेंटिंग का काम करता था ताकि किसी को उस पर रत्ती भर भी शक न हो।
हालांकि, वह लगातार केंद्रीय खुफिया एजेंसियों के रडार पर था। जैसे ही एनआईए से पुख्ता इनपुट और निर्देश मिले, दावणगेरे पुलिस और खुफिया विभाग की संयुक्त टीम ने पूरे गांव को घेर लिया और बिना कोई मौका दिए सुहैल को दबोच लिया। अधिकारियों के अनुसार, शुरुआती जांच और सुहैल के मोबाइल फोन की पड़ताल में बेहद आपत्तिजनक जानकारियां सामने आई हैं। उसके व्हाट्सएप अकाउंट पर कथित तौर पर संदिग्ध आतंकी गतिविधियों, कट्टरपंथी समूहों और सीमा पार के कुछ नंबरों से जुड़ी चैट मिली हैं। पुलिस ने अभी सुरक्षा कारणों से इस बात का पूरा खुलासा नहीं किया है कि उसके फोन में किस तरह का डेटा था या वह किन बड़े आकाओं के संपर्क में था। सुरक्षा एजेंसियां अब इस बात की गहराई से तफ्तीश कर रही हैं कि सुहैल का यह स्लीपर सेल नेटवर्क कितना बड़ा है और क्या वह कर्नाटक में किसी बड़े हमले या साजिश को अंजाम देने की फिराक में था। इस गिरफ्तारी को देश में चल रही एक बहुत बड़ी आतंकी साजिश के हिस्से के रूप में देखा जा रहा है। गौरतलब है कि इसी महीने की शुरुआत में एनआईए ने पंजाब और हरियाणा के 9 जिलों में 18 जगहों पर ताबड़तोड़ छापेमारी की थी। वह कार्रवाई पाकिस्तान में बैठे कुख्यात आतंकी शहजाद भट्टी से जुड़े 'आतंकी-गैंगस्टर नेटवर्क' को ध्वस्त करने के लिए की गई थी। उस दौरान भारी मात्रा में डिजिटल डिवाइस और वित्तीय लेनदेन के दस्तावेज जब्त किए गए थे। आरोपी सुहैल बेहद शातिर तरीके से अपनी पहचान छिपाकर रह रहा था। हम इस बात की जांच कर रहे हैं कि क्या वह सीमा पार से संचालित शहजाद भट्टी या किसी अन्य बड़े आतंकी नेटवर्क के लिए 'स्लीपर सेल' के तौर पर काम कर रहा था। सुहैल की गिरफ्तारी के बाद सुरक्षा एजेंसियों ने उसे किसी गुप्त स्थान पर रखकर पूछताछ शुरू कर दी है। पुलिस इस बात का भी पता लगा रही है कि क्या तलाशी के दौरान उसके पास से कोई हथियार, विस्फोटक या जाली दस्तावेज बरामद हुए हैं। इस बड़ी कामयाबी को सीमा पार से चल रही साजिशों को कुचलने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है। फिलहाल, उत्तर प्रदेश से लेकर कर्नाटक तक सुहैल के मददगारों और स्थानीय संपर्कों को खंगाला जा रहा है ताकि इस पूरे मॉड्यूल को जड़ से खत्म किया जा सके।