नैनीताल जिला विकास प्राधिकरण की बैठक में बड़े फैसले! अवैध होम स्टे होंगे सील, हल्द्वानी के चौराहों का होगा सौंदर्यीकरण! पॉकेट पार्किंग और विशेषज्ञों की नियुक्ति को मिली मंजूरी

Major decisions taken at the Nainital District Development Authority meeting! Illegal homestays to be sealed, and intersections in Haldwani to undergo beautification; approval granted for pocket park

नैनीताल। कुमाऊं आयुक्त एवं सचिव मुख्यमंत्री दीपक रावत की अध्यक्षता में नैनीताल जिला स्तरीय विकास प्राधिकरण (एनडीए) की बोर्ड बैठक में जनहित और शहरों के सुनियोजित विकास से जुड़े कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। बैठक में अवैध निर्माण, होम स्टे संचालन, भवन मानचित्र स्वीकृति, पार्किंग, पर्यटन, हरित विकास और तकनीकी संसाधनों को मजबूत करने सहित कई विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। आयुक्त ने स्पष्ट कहा कि नियमों से समझौता नहीं किया जाएगा और जहां भी अवैध निर्माण या नियमों का उल्लंघन मिलेगा, वहां सख्त कार्रवाई होगी। बैठक में भीमताल क्षेत्र में कृषि भूमि उपयोग तथा स्थानीय निवासियों को भवन मानचित्र स्वीकृति में आ रही दिक्कतों पर चर्चा हुई। बोर्ड को बताया गया कि पूर्व में कुछ बिल्डरों ने स्थानीय आवश्यकता के प्रावधान का दुरुपयोग किया था। इसके बाद बोर्ड ने निर्णय लिया कि स्थानीय जरूरत के तहत 60 वर्गमीटर तक के सभी वास्तविक आवासीय नक्शे स्वीकृत किए जाएंगे। वहीं, एक ही परिवार के कई सदस्यों द्वारा अलग-अलग नाम से व्यावसायिक उद्देश्य के लिए नक्शे पास कराने वाले मामलों को नियम विरुद्ध मानते हुए अस्वीकृत कर दिया गया।

बैठक में प्राधिकरण की कार्यप्रणाली को आधुनिक और प्रभावी बनाने के लिए आईटी एक्सपर्ट की नियुक्ति को मंजूरी दी गई। साथ ही पार्कों, हरित क्षेत्रों और पर्यावरण संरक्षण को ध्यान में रखते हुए हॉर्टिकल्चर एक्सपर्ट की नियुक्ति को भी स्वीकृति प्रदान की गई। बोर्ड ने प्राधिकरण की आय बढ़ाने के साथ-साथ जनसुविधाओं के विस्तार पर भी जोर दिया। हल्द्वानी शहर के सौंदर्यीकरण की दिशा में भी महत्वपूर्ण फैसला लिया गया। बोर्ड ने चरणबद्ध तरीके से शहर के प्रमुख चौराहों को विकसित करने की योजना को मंजूरी दी। पहले चरण में कुसुमखेड़ा चौराहे का सौंदर्यीकरण किया जाएगा, जबकि आगामी चरणों में अन्य प्रमुख चौराहों को भी इस योजना में शामिल किया जाएगा। नैनीताल शहर में बढ़ती पार्किंग समस्या को देखते हुए आयुक्त दीपक रावत ने निर्देश दिए कि नजूल की छोटी-छोटी सरकारी भूमि को चिन्हित कर वहां पॉकेट पार्किंग विकसित करने का प्रस्ताव तैयार किया जाए। उनका कहना था कि इससे स्थानीय लोगों और पर्यटकों दोनों को राहत मिलेगी तथा शहर में यातायात व्यवस्था भी बेहतर होगी।

बैठक में अवैध रूप से संचालित होम स्टे पर कड़ा रुख अपनाया गया। आयुक्त ने कहा कि कई स्थानों पर सील भवनों, चालानशुदा इमारतों और स्वीकृत मानचित्र से अलग बने भवनों में होम स्टे संचालित किए जा रहे हैं, जो सुरक्षा की दृष्टि से गंभीर विषय है। उन्होंने पर्यटन विभाग और प्राधिकरण को संयुक्त निरीक्षण कर ऐसे सभी होम स्टे के खिलाफ कार्रवाई करने तथा आवश्यकता पड़ने पर उन्हें सील करने के निर्देश दिए। जिन संचालकों को पहले नोटिस जारी किए जा चुके हैं और जिन्होंने अब तक अनुपालन नहीं किया है, उनके पंजीकरण निरस्त करने के भी निर्देश दिए गए। बोर्ड ने पर्वतीय क्षेत्रों में भूस्खलन संभावित स्थानों पर किसी भी भवन निर्माण की अनुमति देने से पहले संयुक्त सर्वे और भू-वैज्ञानिक की रिपोर्ट अनिवार्य करने का निर्णय लिया। इसके अलावा पुराने भवनों के पुनर्निर्माण की अनुमति केवल उसी क्षेत्रफल और आयाम में देने पर सहमति बनी, जिसमें मूल भवन निर्मित था। अवैध निर्माण वाले मामलों में पहले अवैध हिस्से को पूरी तरह ध्वस्त करने के बाद ही नए निर्माण की अनुमति देने का निर्णय लिया गया। बैठक में हल्द्वानी नगर निगम क्षेत्र में विभिन्न स्थानों पर सार्वजनिक शौचालय निर्माण को भी मंजूरी दी गई। साथ ही यह अनिवार्य किया गया कि भवन निर्माण पूरा होने के बाद स्वीकृत मानचित्र से संबंधित शिलापट्ट या सूचना बोर्ड भवन के बाहर लगाया जाएगा। ऐसा नहीं करने पर संबंधित स्वामी के खिलाफ 5 हजार रुपये का चालान किया जाएगा।

बैठक के दौरान होटल, रेस्टोरेंट और पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा देने से जुड़े कई प्रस्तावों को भी नियमानुसार स्वीकृति प्रदान की गई। आयुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जिन मानचित्रों को स्वीकृति दी गई है, उन्हीं के अनुरूप निर्माण कार्य हो, इसके लिए नियमित स्थलीय निरीक्षण किया जाए। उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि अगली बोर्ड बैठक में स्वीकृत निर्माण कार्यों की प्रगति रिपोर्ट और स्थल के फोटोग्राफ प्रस्तुत किए जाएं। बैठक में उपाध्यक्ष एवं जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल, सचिव जिला विकास प्राधिकरण मनीष कुमार, संयुक्त सचिव ए.पी. बाजपेयी, नगर आयुक्त हल्द्वानी परितोष वर्मा, नगर नियोजक आर.एल. भारती, वित्त अधिकारी ऋचाशू शर्मा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं बोर्ड सदस्य उपस्थित रहे। बोर्ड की बैठक में लिए गए इन निर्णयों को नैनीताल और हल्द्वानी क्षेत्र के सुनियोजित विकास, पारदर्शी प्रशासन और जनसुविधाओं को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।