बिहार के मुजफ्फरपुर में ऑनर किलिंग: प्रेम विवाह से नाराज परिवार ने बेटी की गला दबाकर की हत्या! पहचान मिटाने के लिए नदी किनारे जलाया शव

Honor killing in Muzaffarpur, Bihar: Family angered by love marriage strangles daughter to death; burns body by the riverside to destroy evidence of identity.

मुजफ्फरपुर। बिहार के मुजफ्फरपुर जिले से ऑनर किलिंग का एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। आरोप है कि प्रेम विवाह से नाराज परिजनों ने अपनी ही 19 वर्षीय बेटी की गला दबाकर हत्या कर दी और पहचान मिटाने के लिए शव को बूढ़ी गंडक नदी के किनारे ले जाकर जला दिया। पुलिस ने मामले में मृतका के भाई को गिरफ्तार कर लिया है, जिसने पूछताछ के दौरान हत्या में परिवार के अन्य सदस्यों की संलिप्तता की भी जानकारी दी है। घटना सिवाईपट्टी थाना क्षेत्र की बताई जा रही है। मृतका की पहचान कोदरिया गोसाईपुर निवासी सुजाता कुमारी के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार सुजाता और घंसौत गांव निवासी गौरीशंकर कुमार के बीच वर्ष 2020 से प्रेम संबंध था। सुजाता का ननिहाल गौरीशंकर के गांव में था और दोनों एक ही विद्यालय में पढ़ाई करते थे।

छह वर्षों तक चले प्रेम संबंध के बाद दोनों ने 18 जनवरी 2026 को घर से भागकर समस्तीपुर में विवाह कर लिया था। दोनों अलग-अलग जातियों से संबंध रखते थे, जिसके कारण लड़की के परिजन इस रिश्ते का लगातार विरोध कर रहे थे। शादी के बाद दोनों हरियाणा चले गए और पति-पत्नी के रूप में रहने लगे। इस बीच सुजाता के परिजनों ने सिवाईपट्टी थाने में गौरीशंकर के खिलाफ अपहरण का मामला दर्ज कराया। पुलिस ने हरियाणा में छापेमारी कर 11 फरवरी को दोनों को बरामद किया। कोर्ट में पेशी के दौरान सुजाता ने स्पष्ट रूप से कहा था कि वह बालिग है और अपनी मर्जी से गौरीशंकर से विवाह किया है तथा उसी के साथ रहना चाहती है। हालांकि इस मामले में गौरीशंकर को जेल जाना पड़ा, जबकि सुजाता अपने रिश्तेदारों के यहां रहने लगी। बाद में होली के दौरान उसकी मां उसे वापस घर ले गई थी।

गौरीशंकर का आरोप है कि 31 मार्च को उसकी सुजाता से आखिरी बार बातचीत हुई थी। इसके बाद उसका कोई संपर्क नहीं हो पाया। पत्नी की सुरक्षा को लेकर संदेह होने पर उसने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर उसकी हत्या की आशंका जताई थी। साथ ही दोषियों की गिरफ्तारी नहीं होने पर आत्महत्या करने की चेतावनी भी दी थी। बाद में उसने व्हाट्सएप के माध्यम से पुलिस को आवेदन भेजकर पत्नी की हत्या कर शव गायब किए जाने का आरोप लगाया। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी कांतेश मिश्रा के निर्देश पर ग्रामीण एसपी और डीएसपी पूर्वी के नेतृत्व में विशेष जांच टीम गठित की गई। जांच के दौरान पुलिस ने नामजद आरोपी अभिषेक कुमार को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में उसने स्वीकार किया कि परिवार को डर था कि सुजाता दोबारा अपने पति गौरीशंकर के पास चली जाएगी। इसी कारण 8 मई को उसकी गला दबाकर हत्या कर दी गई और शव को बूढ़ी गंडक नदी किनारे ले जाकर जला दिया गया।

पुलिस की निशानदेही पर फॉरेंसिक साइंस लैब (एफएसएल) की टीम ने उस स्थान से नमूने एकत्र किए हैं, जहां शव जलाने की बात सामने आई है। जांच में अब तक हत्या की साजिश और घटना में पांच से अधिक लोगों की भूमिका सामने आई है। पुलिस अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है। डीएसपी पूर्वी अलय वत्स ने बताया कि सोशल मीडिया पर मामला सामने आने के बाद इसकी जांच शुरू की गई। गौरीशंकर कुमार की शिकायत पर हत्या और साक्ष्य मिटाने का मामला दर्ज किया गया है। प्रारंभिक जांच और आरोपी के बयान के आधार पर पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि अन्य आरोपियों की तलाश जारी है। यह घटना एक बार फिर समाज में जातिगत भेदभाव और तथाकथित पारिवारिक सम्मान के नाम पर होने वाली ऑनर किलिंग जैसी गंभीर सामाजिक बुराई को उजागर करती है।