Sep 05, 2026 Login

सत्ता के संरक्षण की बेखौफीः हिंदुवादी एक्टिविस्ट स्वतंत्र भारद्वाज की खुली गुंडागर्दी! बोला- हमने निशु आजाद के पिता का सिर फोड़ा, हाफ मर्डर हुआ फिर भी जेल नहीं गए! कपिल मिश्रा, चिराग पासवान, नरेन्द्र मोदी को बताया ‘बड़ा भाई’

Brazenness born of political patronage: Hindutva activist Swatantra Bhardwaj’s open thuggery! He boasted, "We cracked open Nishu Azad’s father’s head—it was a case of attempted murder, yet we didn't

नई दिल्ली। इसे दबंगई कहें या फिर सत्ता का संरक्षण? जो भी हो एक पॉडकॉस्ट के दौरान खुद को हिंदुवादी एक्टिविस्ट बताने वाला स्वतंत्र भारद्वाज खुलेआम अपनी गुण्डार्गिदी के किस्से सुना रहा है। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद सवाल उठ रहे हैं कि क्या राजधानी दिल्ली में कानून का राज सबके लिए बराबर है? क्या राजनीतिक पहुंच और बड़े नेताओं से नजदीकी का दावा करने वाला कोई व्यक्ति पुलिस और कानून से ऊपर हो सकता है?
दरअसल, एक पॉडकास्ट में स्वतंत्र भारद्वाज ने जंतर-मंतर पर कथित तौर पर ‘पीएम मोदी की तेरहवीं का खाना’ खिलाने वाली निशु आजाद नाम की एक छात्रा के पिता का सिर फोड़ने की बात कबूल की है। बेखौफी का आलम ये है कि स्वतंत्र भारद्वाज दावा कर रहा है कि उस पर हाफ मर्डर की धारा लगनी चाहिए थी, लेकिन दिल्ली पुलिस ने उसे गिरफ्तार तक नहीं किया। स्वतंत्र ने वीडियो में यह दावा भी किया कि उसके सिर पर बड़े-बड़े नेताओं का हाथ है। वह पॉडकास्ट के दौरान यह कहता हुआ सुनाई दे रहा है, ‘एक तो हमारे बालाजी, हमारे हनुमान जी की कृपा है और कपिल मिश्रा, चिराग पासवान, नरेन्द्र मोदी मेरे बड़े भाई है।’ इसलिए कोई उसका कुछ नहीं कर सकता। इसका वीडियो वायरल होने के बाद दिल्ली समेत देशभर में बवाल मच गया है। 

बता दें कि पेपर लीक के विरोध में दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी ने धरना-प्रदर्शन किया था। इस प्रदर्शन में गाजियाबाद की रहने वाली निशु आजाद नाम की एक छात्रा और एक्टिविस्ट भी शामिल हुई थी। निशु के मुताबिक इस दौरान उसके पिता 38 वर्षीय संजय कुमार उसका वीडियो रिकॉर्ड कर रहे थे। तभी वहां मौजूद स्वतंत्र भारद्वाज ये कहकर उसके पिता संजय कुमार से भिड़ गया कि वो उसका वीडियो रिकॉर्ड कर रहे हैं। स्वतंत्र के साथ और भी लोग थे, जिन्होंने मिलकर संजय कुमार पर हमला कर दिया। संजय को आरएमएल अस्पताल में भर्ती कराया गया और उनके सिर पर 60 टांके आए। निशु का दावा है कि वह दिल्ली पुलिस के चक्कर काटती रहीं, लेकिन कोई एक्शन नहीं लिया गया।

कौन है स्वतंत्र भारद्वाज, पॉडकास्ट में क्या कहा?
स्वतंत्र भारद्वाज मूल रूप से बिहार के कंकरबाग का रहने वाला है। वह एक सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर है और खुद को हिंदुत्व विचारधारा से जुड़ा कार्यकर्ता बताता है। स्वतंत्र की कई बड़े नेताओं और मंत्रियों के साथ तस्वीरें भी हैं। पॉडकास्ट में स्वतंत्र भारद्वाज कह रहा है कि निशु के पिता का हमने सिर फोड़ा। आपको पता है, इसमें कौन सी धारा लगती है। हाफ मर्डर 307। सिर पर 60 टांके लगे हुए थे। बंदा मरने की स्थिति में एंबुलेंस में जा रहा था। उसकी बेटी थाने के बाहर खड़े होकर कह रही थी कि अगर मेरे पिता को इंसाफ नहीं मिला तो हम जहर खाकर मर जाएंगे। हम तो जेल भी नहीं गए। रात भर घूम रहे थे। लोग कहते हैं कि कपिल मिश्रा का कॉल आ गया तो छोड़ दिया। कपिल मिश्रा अपने बड़े भाई हैं। चिराग पासवान, नरेन्द्र मोदी भी अपने बड़े भैया हैं। सबका सपोर्ट है। पॉडकास्ट में कही बातों का वीडियो वायरल होने के बाद निशु आजाद ने वीडियो जारी कर राहुल गांधी, नगीना सांसद चंद्रशेखर आजाद से मदद मांगी। इधर निशु के वीडियो को राहुल गांधी ने शेयर करते हुए मदद का आश्वासन दिया। नगीना सांसद चंद्रशेखर आजाद और कॉकरोच जनता पार्टी भी अब इस मुद्दे में कूद गई है और उन्होंने पार्लियामेंट स्ट्रीट थाने का घेराव किया। मामले में कॉकरोच जनता पार्टी के कार्यकर्ता सौरव दास और आशुतोष रांका के साथ नगीना सांसद चंद्रशेखर आजाद ने संसद मार्ग थाने में पुलिस के अधिकारियों से करीब 2 घंटे तक वार्ता की। इसके बाद आजाद ने बताया कि पुलिस आगे क्या एक्शन लेगी। आजाद ने बताया कि पुलिस ने अगले 72 घंटे में आरोपी को गिरफ्तार हो किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि पीड़ित परिवार डरा हुआ है। पुलिस इस बात पर भी सहमत हुई है बीएनएस की धारा 109 (आईपीसी 307) धारा लगाई जाएगी।