Big Breaking: वेनेजुएला पर अमेरिका का हमला! कई शहरों में भीषण बमबारी, राष्ट्रपति मादुरो ने घोषित की नेशनल इमरजेंसी
नई दिल्ली। वेनेजुएला की राजधानी काराकास में उस समय हड़कंप मच गया, जब एक के बाद एक सात बम धमाके हुए। इन धमाकों की आवाज काफी दूर तक सुनाई दी। खबरों के मुताबिक अमेरिका ने वेनेज़ुएला पर हमला कर दिया है। बताया जा रहा है कि अमेरिकी वायु सेना ने वेनेजुएला के इस्ला मार्गरीटा द्वीप पर बमबारी की है जहां सेना के टॉप बेस हैं। हमलों के बाद वेनेजुएला में इमरजेंसी लगा दी गई है। वेनेजुएला की सरकार ने अमेरिका पर आम नागरिकों और मिलिट्री ठिकानों पर हमला करने का आरोप लगाया है। शहर के अलग-अलग हिस्सों में धमाकों की तेज आवाजें सुनी गई हैं। शहर का दक्षिणी इलाका, जो एक बड़े सैन्य अड्डे के पास है, वहां बिजली भी गुल हो गई है। इससे पहले वेनेजुएला ने 5 अमेरिकी नागरिकों को गिरफ्तार किया था, जिसके बाद अमेरिका ने एक्शन लेने की बात कही थी। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पहले ही चेतावनी दी थी कि अमेरिका सेना आने वाले दिनों में वेनेजुएला के अंदर जमीनी हमले शुरू कर सकती है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वेनेजुएला पर अमेरिकी हमले की पुष्टि की है। उन्होंने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘ट्रुथ सोशल’ पर पोस्ट किया, संयुक्त राज्य अमेरिका ने वेनेजुएला और उसके नेता, राष्ट्रपति निकोलस मादुरो के खिलाफ एक बड़े पैमाने पर सफल हमला किया है। मादुरो और उनकी पत्नी को पकड़कर देश से बाहर ले जाया गया है। यह अभियान अमेरिकी एजेंसियों के सहयोग से चलाया गया। विस्तृत जानकारी जल्द ही दी जाएगी।
सड़कों पर निकल आए लोग
वेनेजुएला की सरकार ने अभी तक कोई जवाब नहीं दिया है। राजधानी काराकास में धमाकों के बाद अलग-अलग इलाकों के लोग सड़कों पर निकल आए। कुछ लोगों को काराकास से जाते हुए भी देखा गया। यह ऐसे समय हुआ है जब अमेरिकी सेना हाल के दिनों में ड्रग तस्करी वाली नावों को निशाना बना रही है। शुक्रवार को वेनेजुएला ने कहा कि वह ड्रग तस्करी से निपटने के लिए अमेरिका के साथ एक समझौते पर बातचीत करने के लिए तैयार है।
वेनेजुएला की सरकार का बयान
अमेरिकी हवाई हमलों पर वेनेजुएला सरकार का बयान सामने आया है। बयान में कहा गया है कि वेनेजुएला की सरकार काराकास और मिरांडा, अरागुआ और ला गुएरा राज्यों के नागरिक और सैन्य क्षेत्रों में किए गए गंभीर सैन्य हमले की निंदा करती है। यह कार्रवाई संयुक्त राष्ट्र चार्टर, खासकर अनुच्छेद 1 और 2 का घोर उल्लंघन है, जो संप्रभुता के सम्मान, राज्यों की कानूनी समानता और बल के इस्तेमाल पर रोक को सुनिश्चित करते हैं। ऐसा हमला अंतर्राष्ट्रीय शांति और स्थिरता के लिए खतरा है, खासकर लैटिन अमेरिका और कैरेबियन में, और लाखों लोगों की जान को गंभीर खतरे में डालता है।