शादी का जश्न मातम में बदला: दूल्हे की फरमाइश सुन दुल्हन के पिता को आया हार्ट अटैक, मौत के बाद बारातियों को बंधक बनाकर पीटा
खटीमा। ऊधम सिंह नगर जिले के खटीमा में रविवार रात एक शादी समारोह उस वक्त खूनी संघर्ष, मातम और भारी बवाल में तब्दील हो गया, जब निकाह के ऐन वक्त पर दहेज और मेहर की रकम को लेकर दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए। लड़के वालों की लगातार बढ़ती डिमांड और विवाद के बीच दुल्हन के बेबस पिता को दिल का दौरा (हार्ट अटैक) पड़ गया। अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
बेटी के सिर से पिता का साया उठते ही शादी की खुशियां चीख-पुकार में बदल गईं। पिता की मौत की खबर मिलते ही लड़की पक्ष और स्थानीय लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। आक्रोशित भीड़ ने दूल्हे समेत कई बारातियों को बंधक बनाकर लाठी-डंडों से पीट दिया। हालात इस कदर बेकाबू हो गए कि कई बारातियों को अपनी जान बचाने के लिए छतों से कूदकर भागना पड़ा। घटना वार्ड नंबर-7 इस्लामनगर स्थित खुशबू मैरिज हॉल की है। यहां बरेली के बड़ा फरीदपुर से सादिक ठेकेदार की बेटी की बारात आई थी। शुरुआत में बारात के स्वागत और आवभगत तक सब कुछ सामान्य और उल्लासपूर्ण रहा। लेकिन जैसे ही निकाह की रस्में शुरू हुईं, दोनों पक्षों में विवाद की चिंगारी सुलग गई। लड़की पक्ष का गंभीर आरोप है कि शादी तय होने के बाद से ही लड़के वाले लगातार अपनी मांगें बदल रहे थे। पहले स्कूटी की मांग की गई थी, जिसे बाद में बदलकर महंगी स्पोर्ट्स बाइक और एक लाख रुपये नकद कर दिया गया। वहीं निकाह के समय लड़की पक्ष ने पांच लाख रुपये मेहर तय करने की बात कही, जबकि लड़का पक्ष महज 21 हजार रुपये पर अड़ गया। काफी देर तक चली मान-मनौव्वल के बाद भी बात नहीं बनी। बेटी के भविष्य को लेकर गहरे तनाव में आए दुल्हन के पिता अचानक जमीन पर गिर पड़े। उन्हें आनन-फानन में अस्पताल ले जाया गया, लेकिन तब तक उनकी सांसें थम चुकी थीं। मौत की पुष्टि होते ही मैरिज हॉल जंग का मैदान बन गया।उग्र भीड़ ने दूल्हे मोहम्मद आरिफ, उसके भाई मोहम्मद खालिद और बहनोई अता हुसैन को एक कमरे में बंधक बना लिया और उनकी जमकर धुनाई कर दी। अपनी जान बचाने के लिए कई बाराती मैरिज हॉल के पास बने एक मकान की छत से नीचे कूद गए। इस अफरा-तफरी में छत का एक हिस्सा ढह गया और कुछ लोग घायल हो गए। निकाह स्थल पर चारों तरफ कुर्सियां तोड़ दी गईं और खाने-पीने का सामान बिखर गया। घटना की सूचना मिलते ही कोतवाल विजेंद्र शाह भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने सूझबूझ दिखाते हुए उग्र भीड़ के बीच फंसे महिला, बच्चों और अन्य बारातियों को सुरक्षित बाहर निकाला। देर रात तक मैरिज हॉल में तनाव का माहौल बना रहा और पुलिस की मौजूदगी में दोनों पक्षों के बीच वार्ता चलती रही। कोतवाल विजेंद्र शाह ने बताया कि निकाह के दौरान मेहर और दहेज को लेकर विवाद और एक व्यक्ति की मौत का मामला सामने आया है। स्थिति को नियंत्रण में ले लिया गया है। फिलहाल मामले को शांतिपूर्ण तरीके से सुलझाने के प्रयास किए जा रहे हैं। यदि दोनों पक्षों में समझौता नहीं होता है, तो तहरीर के आधार पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।