बयान पर बवालः अदनान शेख ने विधवा और तलाकशुदा औरतों को कहा ‘पब्लिक प्रॉपर्टी’! उर्फी जावेद से सोशल मीडिया पर तीखी जुबानी जंग, सफाई के बाद भी नहीं थमा विवाद
नई दिल्ली। यूट्यूबर, अभिनेता और सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर अदनान शेख इन दिनों अपने एक पुराने बयान को लेकर बड़े विवाद में घिर गए हैं। तलाकशुदा और विधवा महिलाओं को लेकर दिए गए उनके बयान का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसके बाद उनके खिलाफ तीखी प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। कई सोशल मीडिया यूजर्स, महिला अधिकार कार्यकर्ताओं और मनोरंजन जगत से जुड़े लोगों ने उनके बयान की आलोचना की है। इस विवाद ने तब और तूल पकड़ लिया जब अभिनेत्री और सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर उर्फी जावेद ने भी सार्वजनिक रूप से अदनान शेख पर निशाना साधा। वायरल वीडियो में अदनान शेख को यह कहते हुए सुना गया कि यदि तलाकशुदा या विधवा महिलाएं दोबारा विवाह नहीं करती हैं तो वे ‘पब्लिक प्रॉपर्टी’ बन सकती हैं और लोग उनका इस्तेमाल कर सकते हैं।
इस बयान के सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर उनकी कड़ी आलोचना शुरू हो गई। बड़ी संख्या में लोगों ने इसे महिलाओं के सम्मान और स्वतंत्रता के खिलाफ बताया तथा कहा कि किसी महिला का सम्मान उसके वैवाहिक जीवन से नहीं, बल्कि उसकी व्यक्तिगत गरिमा और अधिकारों से जुड़ा होता है। अदनान के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए उर्फी जावेद ने अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी में लिखा कि आखिर ऐसे पुरुषों को इस तरह की बातें कहने की अनुमति कौन देता है। उर्फी की इस टिप्पणी के बाद दोनों के बीच सोशल मीडिया पर जुबानी जंग शुरू हो गई। उर्फी के बयान का जवाब देते हुए अदनान शेख ने एक वीडियो जारी किया। वीडियो में उन्होंने कहा कि जिस तरह उर्फी उन्हें बोलने की अनुमति पर सवाल उठा रही हैं, उसी तरह वह यह भी पूछ सकते हैं कि उन्हें किसी भी तरह के कपड़े पहनने की अनुमति कौन देता है।
अदनान ने उर्फी पर पब्लिसिटी स्टंट करने और अलग-अलग तरह के कपड़े पहनकर चर्चा में रहने का आरोप भी लगाया। हालांकि बढ़ते विवाद के बीच अदनान शेख ने अपने पुराने बयान को लेकर सफाई भी पेश की। उन्होंने दावा किया कि सोशल मीडिया पर वायरल हो रही क्लिप दो-तीन साल पुराने एक पॉडकास्ट की है, जिसे अब संदर्भ से हटाकर साझा किया जा रहा है। उनके अनुसार, उन्होंने सभी तलाकशुदा और विधवा महिलाओं के बारे में टिप्पणी नहीं की थी। अदनान ने कहा कि उनका आशय उन महिलाओं से था जो दोबारा शादी करना चाहती हैं, लेकिन कुछ लोग उन्हें बहला-फुसलाकर गलत रास्ते पर ले जाते हैं या उनका शोषण करते हैं। उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य ऐसी महिलाओं को सम्मानजनक जीवन और सुरक्षित भविष्य के लिए विवाह का विकल्प बताना था, न कि किसी भी महिला का अपमान करना। इसके बावजूद सोशल मीडिया पर विवाद थमता नजर नहीं आ रहा है।
कई यूजर्स का कहना है कि चाहे बयान का संदर्भ कुछ भी रहा हो, ‘पब्लिक प्रॉपर्टी’ जैसे शब्दों का इस्तेमाल महिलाओं के लिए करना अनुचित और आपत्तिजनक है। लोगों का तर्क है कि कोई भी महिला, ‘चाहे वह अविवाहित हो, तलाकशुदा हो या विधवा’ बिना विवाह किए भी सम्मान और आत्मनिर्भरता के साथ जीवन जी सकती है। उनका सम्मान किसी रिश्ते या वैवाहिक स्थिति पर निर्भर नहीं करता। महिला अधिकारों से जुड़े कई लोगों ने भी इस बयान पर आपत्ति जताते हुए कहा कि सार्वजनिक मंचों पर प्रभाव रखने वाले लोगों को अपने शब्दों का चयन बेहद जिम्मेदारी से करना चाहिए, क्योंकि ऐसे बयान समाज में गलत संदेश दे सकते हैं। फिलहाल यह विवाद सोशल मीडिया पर लगातार चर्चा का विषय बना हुआ है। जहां एक ओर अदनान शेख अपने बयान को गलत तरीके से पेश किए जाने की बात कह रहे हैं, वहीं दूसरी ओर बड़ी संख्या में लोग उनकी सफाई से संतुष्ट नहीं हैं और उनके मूल बयान को महिलाओं की गरिमा के खिलाफ मानते हुए आलोचना जारी रखे हुए हैं।