बेगूसराय में रफ्तार का कहर: दो कारों की आमने-सामने भीषण भिड़ंत, दोस्त की बर्थडे पार्टी मनाकर लौट रहे 3 युवकों की मौत, 9 घायल
बेगूसराय। बिहार के बेगूसराय जिले से एक बेहद दर्दनाक और दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है, जहाँ खुशियों का माहौल पल भर में मातम में बदल गया। रविवार देर रात सिघौंल थाना क्षेत्र के अंग्रेजी ढाला के पास फोरलेन एनएच-31 (NH-31) पर दो कारों (स्कॉर्पियो) के बीच आमने-सामने इतनी भीषण टक्कर हुई कि दोनों गाड़ियों के परखच्चे उड़ गए। इस भयानक सड़क हादसे में तीन दोस्तों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि दोनों वाहनों में सवार करीब 9 लोग गंभीर रूप से घायल हैं। सभी घायलों का इलाज बेगूसराय के एक निजी अस्पताल में चल रहा है, जिनमें से तीन की हालत बेहद नाजुक बताई जा रही है। हादसे का शिकार हुए युवक पोखरिया गांव के निवासी थे। मृतकों की पहचान ऋषभ कुमार (26 वर्ष), सन्नी कुमार (24 वर्ष) और हिमांशु कुमार (22 वर्ष) के रूप में हुई है। मृतक के दोस्त राहुल कुमार ने बताया कि रविवार को उनके दोस्त करण कुमार का जन्मदिन था। सभी दोस्त मिलकर जन्मदिन की पार्टी मनाने गए थे। पार्टी के बाद सभी ने रात में ही सिमरिया घाट जाकर गंगा स्नान करने की योजना बनाई। सन्नी कुमार गाड़ी चला रहा था, जो एक्साइज थाना में निजी चालक का काम करता था। जैसे ही उनकी गाड़ी अंग्रेजी ढाला के पास पहुंची, विपरीत दिशा से आ रही दूसरी तेज रफ्तार स्कॉर्पियो से उनकी सीधी भिड़ंत हो गई।
पुलिस के अनुसार, हादसे का शिकार हुई दूसरी स्कॉर्पियो गाड़ी में कुल छह लोग सवार थे। ये सभी लोग बखरी थाना क्षेत्र से विनोदपुर बारात जा रहे थे। इस गाड़ी में सवार विकास, राजा, प्रियांशु, लक्ष्मण, प्रिंस और ज्योतिष गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। बताया जा रहा है कि हादसे के वक्त दोनों गाड़ियों की रफ्तार 100 किलोमीटर प्रति घंटे से भी ज्यादा थी। टक्कर की आवाज इतनी जोरदार थी कि पूरा इलाका दहल उठा। घटना के बाद से मृतकों के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। मृतक हिमांशु के भाई प्रिंस कुमार ने सिसकते हुए बताया, "भाई और उसके दोस्त देर रात तक घर नहीं लौटे थे। जब रात के करीब 2 बजे मैंने भाई के मोबाइल पर फोन किया, तो किसी दूसरे व्यक्ति ने फोन उठाया। उसने बताया कि गाड़ी का एक्सीडेंट हो गया है और सब अस्पताल में हैं। जब हम वहां पहुंचे तो सब कुछ खत्म हो चुका था। इस हादसे में घायल हुए पोखरिया निवासी रूपेश कुमार, करण कुमार (जिसका जन्मदिन था) और रवि कुमार की स्थिति बेहद चिंताजनक बनी हुई है। डॉक्टर उन्हें बचाने का हरसंभव प्रयास कर रहे हैं। वहीं, हादसे के वक्त बाल-बाल बचे राहुल ने बताया, "लौटने के दौरान मैंने कहा था कि गाड़ी मैं चलाऊंगा, लेकिन दोस्तों ने मना कर दिया। इस वजह से मैं दूसरी गाड़ी से वापस आ गया। थोड़ी देर बाद ही मुझे फोन पर इस अनहोनी की सूचना मिली। भीषण टक्कर के बाद दोनों गाड़ियां आपस में बुरी तरह लॉक हो गई थीं और घायल अंदर ही फंसकर चीख रहे थे। आवाज सुनकर सिघौंल थाने की पुलिस और स्थानीय लोग तुरंत मौके पर पहुंचे। पुलिस बल ने स्थानीय लोगों की मदद से कड़ी मशक्कत के बाद गाड़ियों के हिस्सों को कटर से काटकर घायलों और शवों को बाहर निकाला। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सभी को अस्पताल पहुंचाया और तीनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पुलिस मामले की जांच में जुट गई है।