केरल के वायनाड में बारिश का कहर!मीनाक्षी पुल के समीप टनल परियोजना स्थल पर भीषण भूस्खलन, दो की मौत!कई लोगों के फंसे होने की आशंका,
केरल के वायनाड जिले से मंगलवार को दिल दहला देने वाली तस्वीरें सामने आईं, जहां कल्लाडी क्षेत्र में मीनाक्षी पुल के समीप निर्माणाधीन टनल रोड परियोजना स्थल पर अचानक हुए भीषण भूस्खलन ने भारी तबाही मचा दी। हादसे में अब तक दो लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि कई अन्य लोगों के मलबे में दबे होने की आशंका जताई जा रही है।
जानकारी के अनुसार, मलप्पुरम और वायनाड जिलों को जोड़ने वाली अनाक्कमपॉइल-मेप्पडी टनल रोड परियोजना पर कार्य जारी था। इसी दौरान पहाड़ी का एक बड़ा हिस्सा अचानक दरककर नीचे आ गिरा, जिससे कार्यस्थल पर मौजूद मजदूर और वाहन इसकी चपेट में आ गए। मजदूरों को लाने-ले जाने वाले कुछ वाहन भी मलबे में दबकर क्षतिग्रस्त हो गए।
घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। स्थानीय लोगों ने तत्काल राहत कार्य शुरू करते हुए कई लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला। प्रशासन का अनुमान है कि करीब 10 लोग अब भी मलबे के नीचे फंसे हो सकते हैं।
हादसे में घायल हुए छह लोगों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया है। चिकित्सकों के अनुसार सभी की हालत फिलहाल स्थिर बनी हुई है। घटनास्थल पर फायर ब्रिगेड, पुलिस और राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) की टीमें राहत एवं बचाव अभियान में जुटी हुई हैं।
राजस्व मंत्री एपी अनिल कुमार ने बताया कि वायनाड और कोझिकोड से एनडीआरएफ के लगभग 60 जवानों को मौके पर तैनात किया गया है और बचाव कार्य युद्धस्तर पर जारी है।
हादसे की सूचना मिलते ही राज्य सरकार हरकत में आ गई। मुख्यमंत्री ने वरिष्ठ अधिकारियों के साथ आपात बैठक कर राहत एवं बचाव कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। साथ ही संबंधित मंत्रियों को घटनास्थल पर पहुंचकर अभियान की निगरानी करने के लिए कहा गया है।
इस बीच, राज्य सरकार के कुछ मंत्रियों ने इस दुर्घटना को लेकर गंभीर सवाल भी उठाए हैं। उनका आरोप है कि संबंधित एजेंसियों को पहले ही भूस्खलन के संभावित खतरे के बारे में आगाह किया गया था, लेकिन आवश्यक एहतियाती कदम नहीं उठाए गए। कृषि मंत्री टी. सिद्दीकी ने इसे केवल प्राकृतिक आपदा नहीं, बल्कि संभावित मानवीय लापरवाही से जुड़ा मामला बताया है।
फिलहाल राहत और बचाव कार्य जारी है तथा प्रशासन मलबे में दबे लोगों की तलाश में जुटा हुआ है। भारी बारिश के कारण अभियान में कठिनाइयां आ रही हैं, लेकिन बचाव दल लगातार प्रयास कर रहे हैं।