बड़ी खबरः वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने संसद में पेश किया आर्थिक सर्वेक्षण! भारत की न्यू नॉर्मल ग्रोथ अब 7 प्रतिशत

Big news: Finance Minister Nirmala Sitharaman presented the Economic Survey in Parliament! India's new normal growth is now 7 percent.

नई दिल्ली। संसद का बजट सत्र बुधवार, 28 जनवरी से शुरू हो गया है। बजट सत्र के दूसरे दिन आज गुरूवार को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आर्थिक सर्वेक्षण पेश किया। सरकार ने अपनी इस रिपोर्ट कार्ड में बताया है कि आने वाले वित्त वर्ष (2026-27) में भारतीय अर्थव्यवस्था की रफ्तार थोड़ी धीमी पड़ सकती है। इकोनॉमिक सर्वे में कहा गया है कि आर्थिक सर्वेक्षण 2022-23 में भारत की मध्यम अवधि की संभावित विकास दर 6.5 प्रतिशत आंकी गई थी। अब पिछले कुछ वर्षों के सुधारों के बाद यह स्पष्ट है कि भारत की उत्पादन क्षमता मजबूत हुई है और विकास की यह संभावना अब 7 प्रतिशत के स्तर को छू रही है। यानी 7 फीसदी की विकास दर अब न्यू नॉर्मल है। सरकार ने आर्थिक सर्वे में कहा कि वित्त वर्ष 2025-26 (एफवाई26) बाहरी मोर्चे पर अर्थव्यवस्था के लिए काफी चुनौतीपूर्ण रहा। वैश्विक व्यापार में बढ़ती अनिश्चितता और भारी टैरिफ ने हमारे निर्यातकों और विनिर्माताओं पर दबाव डाला। लेकिन भारत ने इस संकट को एक अवसर में बदल दिया। सरकार ने कहा कि महंगाई दर का लक्ष्य अनुमान रेंज के अंदर है। सरकार ने कहा कि जीएसटी की दरें घटाने से डिमांड को सपोर्ट मिला और अगले वित्त वर्ष में घरेलू मांग, निवेश में मजबूती रहने का अनुमान लेकिन ग्लोबल ग्रोथ और स्थिरता को लेकर अनिश्चितता कायम है। आर्थिक सर्वे से पहले पीएम मोदी ने कहा कि देश का ध्यान स्वाभाविक रूप से बजट पर केंद्रित है। लेकिन इस सरकार की पहचान सुधार, क्रियान्वयन और परिवर्तन रही है। अब हमने सुधार एक्सप्रेस को तेजी से आगे बढ़ा दिया है। इस सुधार एक्सप्रेस को गति देने में सकारात्मक योगदान के लिए मैं सभी सांसदों का आभार व्यक्त करता हूं। परिणामस्वरूप सुधार एक्सप्रेस रफ्तार पकड़ रही है।